The Deep State is frustrated over failing to spark a Gen Z-led violent protest and regime change in India.
They are disappointed that Gen Z in India doesn’t want to throw their future down the toilet, as their Bangladeshi counterparts have.
तथ्य-
१- अंकिता भंडारी मामले में दुष्यंत गौतम का नाम अधिकारिक तौर पर कहीं नहीं आया है
२- न किसी जांच में और न ही किसी गवाह के द्वारा
३- एक भाजपा नेता की पत्नी होने का दावा करने वाली महिला ने आरोप लगाया था। जिस क्लिप के आधार पर यह दावा किया गया, भाजपा नेता ने उसे #AI से बना बताया
४- दुष्यंत गौतम ने मानहानि का दावा दायर कर दिया है
५- दुष्यंत गौतम का दावा है कि, अंकिता भंडारी का दिल दहलाने वाला घटनाक्रम जब हुआ, उस दौरान वो उत्तराखंड में नहीं थे, उत्तराखंड पुलिस ने भी इसकी पुष्टि की
६- नैनीताल उच्च न्यायालय ने उत्तराखंड की धामी सरकार की जांच पर किसी भी तरह के पक्षपात के आरोप को खारिज किया
७- अंकिता भंडारी के गांव जाकर धामी ने आर्थिक सहायता का चेक दिया
८- अंकिता के परिवार की मांग पर तीन बार सरकारी वकील बदला गया
९- अंकिता के पिता और भाई को उत्तराखंड सरकार ने नौकरी दी
१०- अंकिता के परिवार की मांग पर धामी सरकार ने #CBI जांच की संस्तुति की
अब #तथ्य से परे राजनीतिक नैतिकता की बात
दुष्यंत गौतम को सीबीआई जांच पूरी होने तक राज्यपाल नहीं बनाना था और अभी भी दुष्यंत गौतम जांच पूरी होने तक राज्यपाल का पद ग्रहण करने से मना करने का नैतिक साहस दिखा सकते हैं, लेकिन आज के समय में नैतिक साहस न्यूनतम रह गया है।
अब बात काँग्रेस की। कांग्रेस के सांसद और जेएनयू प्रोफेसर के ऊपर ११ छात्राओं ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है। #JNU की आंतरिक समिति ने कांग्रेसी सांसद को दोषी पाया है, लेकिन राहुल गांधी उसे बचाने में लगे हैं।
This photo is from Khajuraho’s Javari Temple in Madhya Pradesh.
In 2025, a man filed a petition in Supreme Court seeking the restoration of a beheaded idol of Lord Vishnu at this temple. However, the then CJI BR Gavai declined the petition.
He could have simply said that the matter fell under the jurisdiction of Archaeological Survey of India (ASI). But the CJI went on to say "Go and ask the deity itself to do something now. You say you are a staunch devotee of Lord Vishnu. So go and pray now".
Now, one year later, in 2026, the ASI has found the missing head of the idol and initiated the restoration process.
ये सलीमा टेटे है।
भारतीय महिला हॉकी टीम की कैप्टन।
बड़की छप्पर, सिमडेगा, झारखंड की रहने वाली है।
इस बार भारतीय महिला टीम ने एशियन गेम्स में 44 साल बाद फाइनल में चीन को हरा कर गोल्ड मेडल जीता है। इस विजयी टीम की कप्तान सलीमा टेटे थी।
सलीमा टेटे एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीतने के बाद अपने गाँव आई तो कुछ इस प्रकार से इनका स्वागत हुआ।
स्वागत और आजू-बाजू के स्थिति देख कर आप अपने विचारों को कमेंट बॉक्स में शब्द दे सकते है।
इससे आगे बढ़ कर और एक बात बतानी है जो इनकी और पूरे गांव की समस्या है।
इनके गांव में आज तक मोबाइल नेटवर्क की सुविधा नहीं है। भारत जैसे विशाल देश के राष्ट्रीय खेल के टीम की नेतृत्व करने वाली सलीमा के गांव की ये स्थिति है। ये कितनी बार ये समस्या को संबंधित अधिकारियों तक पहुंचा चुकी है इसके बाद भी आज तक एक मोबाइल टॉवर नहीं बैठ पाया है इनके गांव में, जबकि इसके लिए इनके पिता जी अपनी जमीन देने के लिए तैयार है।
पिछले ढाई सालों से ये टीम की कैप्टन है और जब भी गांव आती है तो गांव में घुसने से पहले अपने टीम मैनेजमेंट को मैसेज कर देती है अब मुझसे मोबाइल के थ्रू कोई कॉन्टेक्ट नहीं होगा क्योंकि मैं अब नो नेटवर्क ज़ोन में जा रही हूं। इतनी अहम पद पे होते हुए ऐसी स्थिति है। ये रोज सुबह उठ कर बहुत दूर पैदल जाती है जहाँ थोड़ा-मोड़ा नेटवर्क आता है। वहां ये जरूरी मैसेज और मेल देखती है। घर में बैठ कर संभव नहीं। कोई बहुत जरूरी बात हो तो ये दूसरे गांव के परिचित का नम्बर इमरजेंसी के तौर पे दे रखी है। टीम मैनेजमेंट से कोई ऐसी बात रही तो वो परिचित इसके गांव आता है संदेश पहुँचाने को कि आपका इमोपोर्टेंट कॉल आया हुआ है। तब सलीमा उक्त परिचित के यहां जा कर बात करती है।
कई बार इनके बहुत जरूरी मेल छूट जाते है।
इस बार गोल्ड मेडल जीत कर कल पुनः सिमडेगा की डिप्टी कमिश्नर को एक पत्र सौंप कर अपने गांव के लिए मोबाइल कनेक्टिविटी और पीने के पानी की सुविधा के लिए मांग की है।
आश्चर्य है कि ढाई साल से कप्तान होते हुए और कई पत्र सौंप कर भी आज भी बस पत्र ही सौंप रही है। इसके बाबत न केंद्र और न राज्य सरकार ही कुछ कर पाई है।
हां अगर ये क्रिकेट की कोई प्लेयर होती तो कुछ तो हो सकता था।
MP पुलिस का अरबपति कांस्टेबल फ़िरोज़ खान,
गरीबों का खून चूस कर बन बैठा 30 करोड़ रुपयों का मालिक,
हिन्दू महिला मित्र भी आ रही सामने जिसके नाम की बेनामी सम्पत्तियाँ,
अभी भी जारी है लोकायुक्त की जांच जिसमें सामने आएंगे और भी कई पाप,
इंदौर के पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में हैं तैनाती..
#MP #MadhyaPradesh @MPPoliceDeptt@CMMadhyaPradesh
आज के फर्जीवाड़े के समय में #FactCheck का बहुत महत्व हो जाता है। कुछ एजेंडाबाज फैक्ट चेकर हैं, लेकिन @vishalPosts जैसे बेहतर काम करने वाले भी हैं। विशाल की पोस्ट पर नजर रखिए। आपको सच का पता चलता रहेगा।
India just turned the tables at the UN.
After the UN Human Rights Office raised concerns over protests in India, India asked a simple question: When will the UN release a report on Pakistan’s human rights violations in PoK?
Chad move 🔥