Once you visit random cities in China and come back to Indian streets, you realize how much you’ve been scammed by your local MLAs, MPs, IAS and the whole system.
सांसद @irameshawasthi जी,
जब आप कानपुर के विकास के लिए इतनी मेहनत कर ही रहे हैं, तो लगे हाथ कानपुर सेंट्रल से नौबस्ता तक तैयार मेट्रो कॉरिडोर को जनता के लिए शुरू करवाने की पहल भी कर दीजिए।
आप सांसद हैं, सरकार तक आपकी सीधी पहुंच है
@narendramodi को फोन तो कर ही सकते हैं। 🙂
मैं सांसद होता तो मेट्रो का काम पूरा होते ही उसके संचालन के लिए प्रयास करता, चुनाव या किसी बड़े कार्यक्रम का इंतजार नहीं करता।
क्योंकि जब काम जनता के हित में होगा, तो जनता भी साथ खड़ी होगी और पार्टी भी।
कानपुर को इंतजार नहीं, सुविधाओं की जरूरत है। 🚇 :::
#kanpur
झांसी के आकाश पांडेय SC/ST Act में 7 साल बाद बाईज्जत बरी । 💥💥
आकाश पांडेय को जब पुलिस ने SC/ST Act में गिरफ्तार किया तब वह ITI की पढाई कर रहा था ।
माता-पिता ने अपने बच्चे को बचाने के लिए मुकदमा लडा ।
7 साल में घर-मकान, जमीन-जायदाद, जेवर सब कुछ बेच दिया । 🤷🤷
आकाश पांडेय के माता-पिता की मृत्यु भी गई । 😥😥
अब 7 साल बाद आकाश निर्दोष सिद्ध हुआ,
लेकिन उसके पास बचा क्या ❓
माता-पिता, जमीन-जायदाद और पढाई सबकुछ समाप्त। 🤷🤷
पूरा जीवन नीरस और निरर्थक, 7 साल जेल में बिताया गया दुखद और कष्टप्रद जीवन । 😭😭
इसका जिम्मेदार कौन ❓
झूठा मुकदमा दर्ज करने वाले/कराने वाले अपने घर पर मजे लूटते रहें ।
निर्दोष लोग इस SC/ST Act की बलि चढ़ते रहे ।
@narendramodi जी इसका जिम्मेदार कौन ❓
SC/ST Act लगते ही पहले गिरफ्तारी, बाद में जांच, यह कैसा न्यायतंत्र ❓
@PMOIndia@HMOIndia@AmitShah@AshwiniUpadhyay@ARanganathan72@Vishnu_Jain1
सवर्ण समाज ने जैसे ही BJP से दूरी बनाई,उसी समय से भाजपा के वर्तमान और भविष्य पर जबरदस्त संकट के बादल मंडराने लगे हैं।
सोशल मीडिया पर और समाज मे BJP के पक्ष में नैरेटिव बनाने का काम सवर्ण समाज आज तक बखूबी कर रहा था।
सवर्ण समाज ने अब BJP को डिफेंड करना बंद कर दिया है। नतीजा यह हुआ है कि अब चोर उचक्के गुंडे बदमाश और लफंगे देश द्रोही कभी मोदी का, कभी ज्ञानेश कुमार का और कभी प्रधान का इस्तीफा मांगकर सरकार की मुश्किलों को लगातार बढ़ा रहे हैं।
नैरेटिव बनाने के मामले में BJP IT Cell आज भी उतना ही नाकारा है, जितना पहले था- BJP का सारा Narrative Management सवर्ण समाज के बल बूते पर ही चल रहा था।
अब कोई भी ऐरा गैरा नत्थू खैरा ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांगकर खुले आम देश द्रोह को अंजाम दे रहा है और सरकार उस देशद्रोही गुंडे को फांसी पर भी लटकाने में भी संकोच कर रही है।
सवर्ण सपोर्ट के बल पर जो भाजपा 2047 तक सत्ता में बने रहने का सपना देख रही थी, उसे अब 2029 तक का समय निकालना भी मुश्किल लग रहा है।
अब अगर भाजपा को सवर्ण समाज का सपोर्ट चाहिए तो उसे बिना किसी देरी के आरक्षण, Modi Act और UGC Notification को हटाने की घोषणा करनी होगी।
@narendramodi@AmitShah
Has BJP gone mad? 🚨😵
Pitru Paksha is not a time for disco celebrations, partying or worldly enjoyment.
It is a sacred period to connect with our Pitrus, introspect, reflect, remember & give back to honour those who have left this world & are believed to reside in Pitru Lok.
But in BJP ruled Bihar, this sacred space is being turned into a DISCO with blinding lights & a nightclub like atmosphere.
As a Hindu,I am genuinely speechless at this brazen desecration of our rituals, traditions & sacred spaces.
It is a grotesque mockery of a sacred Hindu ritual.
No party has mocked Hindu rituals & religious sentiments more shamelessly than the BJP!!
What’s worse is the pin drop silence by so called RW stalwarts who never tire of calling Congress anti Hindu
Utterly shameless.
पिता BITS Pilani में Phy के हेड, Sci. के डीन थे! संस्कृत, फ्रेंच, जर्मन का ज्ञान था, PhD. #Neils_Boher के मार्गदर्शन में की थी पर अपना कोई घर नहीं था! रिटायर होने पर उन्होंने घर का सारा सामान बाँट दिया! किसी ने पुछा आपका गुजारा? बोले में ब्राह्मण हूँ, काशी के घाट पर कथा कहूँगा!🙏
आपका मुँह कभी यूजीसी पर नहीं खुला। आने वाली पीढियां आपके जैसे लोगों को समाजद्रोही, कुलद्रोही और संतानद्रोही कहेगी। भाजपा में जितने भी स्वर्ण नेता हैं विशेष तौर पर ब्राह्मण, वो वैचारिक रूप से नपुंसक हो चुके हैं। चाल, चरित्र और चेहरा की बात करने वाली पार्टी का आज चाल वामपंथियों का, चरित्र "हीन" और चेहरा अंबेडकरवाद का हो गया है।
हे कुलहंता कुछ तो शर्म करो।
यूजीसी लाया ही गया था समाज को तोड़ने के लिए, ताकि उस पर राजनीति की फसल तैयार की जा सके। सरकार में बैठे मैकाले की वैचारिक औलादों को लगा था कि सामान्य वर्ग हमेशा की तरह इसे भी बर्दाश्त कर लेगा। सरकार को प्रेस कॉन्फ़्रेंस करके देश के सामान्य वर्ग से क्षमा-याचना करनी चाहिए और उसके साथ-साथ यूजीसी को रोल बैक करने का ऐलान करना चाहिए। हो सकता है, सामान्य वर्ग इसके बाद पुनः विचार करे कि उसे सरकार के साथ रहना है या अपनी एक अलग धारा निकालने की आवश्यकता है। बाक़ी आप लोग अब कुछ भी सुझाव देते रहिए उसका कोई मतलब नहीं है। नदी में बहुत पानी बह चुकी है।
People who oppose caste-based policies are "casteists".
People who want caste-based reservation, caste-based fees, caste-based scholarships, caste-based hostels, caste-based foreign trips, caste-based teachers/leaders/doctors/engineers, are all "anti-caste hindu warriors".
Logic of party bhakts 👌🙏😂
बद्रीनाथ धाम में संगीत समारोह ( DJ concert) को अनुमति प्रदान करना ना केवल सांस्कृतिक मर्यादाओं का उन्लंघन है अपितु धाम की पवित्रता पर भी सीधा आघात है। आदि गुरु शंकराचार्य महाराज जी द्वारा इस धाम की स्थापना हिमालयी पर्यावरण मे शांतिपूर्ण तरीके से भगवत भजन के लिए की थी उल्लेखनीय है की इस स्थान पर शंख बजाना भी मना है परंतु हम उसे भूलकर शोर शराबे वाले संगीत कार्यक्रमों का आयोजन कर भारतीय आध्यात्मिक, सांस्कृतिक, पर्यावरणीय मूल्यों की घोर उपेक्षा तो कर ही रहे है साँथ में इतनी ऊचाई पर हजारों लोगो के नाचने से उनके स्वास्थ पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों की भी उपेक्षा कर रहे है। यह इस बात का प्रतीक है कि अब देवभूमि को बाजारू संस्कृती के रूप में परिणीत किया जा रहा है।
मैं भारतीय संस्कृति के अनुयायीयों तथा विशेषकर पूजनीय शंकराचार्यों तथा महात्माओं से यह अनुरोध करता हूँ कि वह संस्कृति के इस क्षरण को रोकने के लिए प्रभावी आवाज उठाये, मैं केंद्र एवं राज्य सरकार से भी आग्रह करूँगा कि वह ऐसे आयोजनों पर प्रतिबंध लगा कर देवभूमि की मर्यादा को बनाये रखें,
हिमालय देवात्मा है भगवान शंकर का निवास माँ गंगा का उद्गम है इसे नाच ग्रह बनाना करोड़ो भारतीयों की आस्था पर गहरा आघात है।
जम्मू-कश्मीर विधानसभा में बानी के MLA रामेश्वर सिंह की ललकार🔥
“ये कानून कोई माँग नहीं था। भारत सरकार ने जबरदस्ती थोपा है। मैं इसे काला कानून कहूँगा।
UGC का ये नियम लागू नहीं होना चाहिए। इसे वापस लिया जाए।
ये देश विरोधी कानून है। ये लोगों पर केस बनाने वाला कानून है। मैं इसके कड़े शब्दों में विरोध और निंदा करता हूँ।”
किसी ने डिमांड नहीं की, फिर भी थोप दिया गया। अब सदन में भी आवाज़ उठ रही है — UGC वापस लो।
ये दोनों बच्चियां पिछले 7 दिनों से लापता है।
स्थान: प्रयागराज, उत्तर प्रदेश
थाना: सराय ममरेज
पोस्ट: जंघई बाजार
नाम: निधि पाण्डेय, उम्र 13 वर्ष
नाम: अनन्या पाण्डेय, उम्र 9 वर्ष
कृपया इस पोस्ट को ज्यादा से ज्यादा शेयर करें, ताकि बच्चियों की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच सके और उन्हें जल्द खोजने में मदद मिल सके।
आपका एक शेयर इन बच्चियों को खोजने में मददगार हो सकता है। यदि किसी को इसके बारे में कोई जानकारी मिले, तो कृपया तुरंत स्थानीय पुलिस को सूचित करें।
जांच पूरी से पहले किसी निर्दोष को SC ST ACT में जेल भेज दो तो जायज हैं।
लेकिन जांच पूरी होने से पहले साहिल का नकल करते हुए वीडियो जारी कर दिया तो जुर्म हो गया।
मै लिख के देता हु ये कभी न्यायवादी नहीं हो सकते।
दूध का दूध
और
पानी का पानी
कानपुर नगर निगम की लेट लतीफ़ी और प्रशासन का ढीलापन, कब्जे वाले CM Grid फुटपाथ और बाकी स्थिति आपकी आँखों के सामने है...
#kanpur@nagarnigamknp
जाति आधारित कानून योजनाएं लाभ सब संविधान की मूल भावना के खिलाफ है
राजनीतिक मजबूरी के नाम पर भेदभाव बढाया जा रहा है हकीकत मे यह काल्पनिक मजबूरी है
आज से लगभग 40 साल पहले स्कूल कॉलेज यूनिवर्सिटी में पढा हूं कोई जातिगत भेदभाव का मामला नहीं देखा अब तो समाज पहले से बहुत बदल गया कुंभ मे करोडो लोग आए सब एक
लेकिन राजनीतिक लाभ हेतु झूठे नरैटिवो द्वारा जातिगत कानूनों द्वारा काल्पनिक भेदभाव मिटाने के नाम पर असली भेदभाव किया जा रहा है जो जातिगत भेदभाव (विवाह आदि) है वो जातिगत कानून नहीं समाप्त कर सकते एससी एसटी की आपस में भी है
कानून संविधान की नजरों मे सब समान होंगे तो यह भेदभाव स्वत: ओर कम होगा
राजनीतिक समझ नफा नुकसान वाली होती है
में राजनीतिक व्यक्ति नहीं जो सत्य है वह लिख दिया
धीरे धीरे इस ओर बढना चाहिए जबकि हो उलटा रहा है रास्ता कठिन महसूस हो सकता है लेकिन स्थायी समाधान
What is wrong with the Modi government and how easy it is to fix:-
1. Did well on infrastructure, roads, railways, and airports but ruined urban civic amenities.
2. Improved tax system but burdened taxpayers with heavy taxes.
3. Gave a free hand to the armed forces on Pakistan and equipment imports but harmed them with Agnivir and political interference at higher levels.
4. Improved fiscal health but wasted resources on excessive freebies.
5. Stopped appeasing Muslims and took action against homegrown terror but worsened caste divisions.
6. Did well in foreign affairs but faltered when facing US pressure.
7. Uncontrolled corruption in bureaucracy and judiciary. Online measures completely failed to stop corruption.
8. Not a single BJP-ruled state can be called better governed than opposition-ruled states.
There is much more to write. The more I write, the more BJP resembles a poorer version of Congress.
-Scholarships based on caste,
-Admissions based on caste,
-Promotions based on caste,
-Jobs based on caste,
-Election tickets based on caste,
and even party positions based on caste.
When nine out of ten things in this country are being decided on the basis of caste, then how did caste suddenly become a "STIGMA"?
सांगा भैया की माता जी की खाली सीट पर, सांगा जी के भैया उम्मीदवार घोषित
नगर पंचायत अध्य्क्ष की सीट घर की घर में रहेंगी
घर का पैसा घर में ही रहेगा
चेले रैली निकाले झुनझुना हिलाये 🥲
#kanpur