🚨 आज के समय में वरिष्ठ पत्रकार संदीप चौधरी अभी भी उन लोगों में से है जिन्ह��ने इस देश में पत्रकारिता को जिंदा रखा हुआ है।🔥
पत्रकार संदीप जी ने बाकी मीडिया चैनलों को धुलाई कर दिया...
काला शूट ग़ुलाबी अख़बार वाले ये सवाल नहीं उठाएगा।🔥✊
'NEET पेपर लीक में 'बड़े लोगों' को बचाया जा रहा है.'
- ये बात BJP नेता दिनेश बिंवाल कह रहा है, जिसे पेपर लीक करने के लिए गिरफ्तार किया गया
सवाल है 👇
• ये 'बड़े लोग' कौन हैं?
• मोदी स��कार इन 'बड़े लोगों' को बचा क्यों रही है?
• क्या इसमें कोई मंत्री या BJP का बड़ा नेता शामिल है?
इस बयान के बाद सवाल कई हैं, लेकिन उम्मीद नहीं कि मोदी सरकार जवाब देगी.
सरकार 'फर्जी जांच' के जरिए प्यादों को गिरफ्तार करवाकर, पेपर लीक के वजीर को बचाने में लगी है.
क्योंकि NEET पेपर लीक के तार सरकार के मंत्रियों-अधिकारियों तक जुड़ सकते हैं.
कई बच्चे कर्ज लेकर NEET परीक्षा दिए, जिनके लिए 500 रुपए बहुत मायने रख��ा है. वो फिर से कैसे परीक्षा देंगे.
लड़के फेल हो जाएं तो उन्हें दुबारा मौका मिलता है, लड़कियों की शादी करा दी जाती है. कई लड़कियों को घर से कह दिया गया होगा- अब पढ़ाई नहीं करनी है.
NTA ये दर्द नहीं समझ सकता.
NEET पेपर लीक और परीक्षा कैंसिल होने पर पूरी पूरी रात पढ़ने वाले बच्चों के ऊपर क्या बीत रही होगी
इस बच्ची की बात सुनिए, इसके आँसू 22 लाख बच्चों का दर्द बयां कर रहे हैं 💔
लेकिन हुक्मरानों के चेहरे पर एक शिकन नहीं है
जब नेहरू प्रधानमंत्री बने, तब भारत के पास कुछ नहीं था
हम खाने के लिए संघर्ष कर रहे थे
हमारा बजट केवल 500 करोड़ रुपये का था
फिर भी उन्होंने AIIMS, ISRO, IIT, IIM बनाया और पूरे भारत को शून्य से खड़ा किया।
अब इस देश में दूसरा नेहरू नहीं प��दा हो सकता है।
— मेजर जनरल CS धवन
जब 2014 में आए तो पाँच साल में सुख चैन की ज़िंदगी देने का वादा कर रहे थे। 2016 में नोटबंदी क़रके पचास दिन माँग रहे थे। जैसे जैसे देश को गड्ढे में धकेल रहे हैं वैसे वैसे और समय माँग रहे हैं। अब कह रहे हैं कि 2047 तक भारत को प्रगतिशील बना देंगे!
दिल्ली में एक महिला के साथ चलती बस में गैंगरेप की घटना ने पूरे देश को शर्मसार कर दिया है।
ये शर्मनाक घटना रानी बाग इलाके से सामने आई है। पीड़िता के मुताबिक- वह फैक्ट्री से काम कर घर लौट रही थी और उसने रास्ते में एक बस कंडक्टर से टाइम पूछा।
इसी दौरान कंडक्टर ने महिला को बस में खींच लिया, जहां महिला के साथ दो घंटे तक आरोपियों ने दरिंदगी को अंजाम दिया।
चलती बस में महिला मदद के लिए चिल्लाती रही, जान की भीख मांगती रही लेकिन ��रोपियों ने उसकी एक न सुनी, उल्टा बेरहमी से मारपीट भी की। आखिर में आरोपियों ने महिला को गंभीर हालत में सड़क पर फेंक दिया।
ये घटना देश की राजधानी में ध्वस्त कानून व्यवस्था के साथ महिला सुरक्षा के दावों की भी पोल खोलती है।
दिल्ली में 'डबल इंजन' की सरकार है, लेकिन BJP महिलाओं को सुरक्षा देने में नाकाम साबित हो रही है।
शर्मनाक!!
खोज लीजिए अब ऐसे प्रधानमंत्री
जिन्होंने
240 रुपये में यूरिया,
450 रुपये में अमोनिया,
600 रुपये में डीएपी,
350 रुपये में गैस का सिलेंडर,
60 रुपये में पेट्रोल,
55 रुपये में डीजल दिया।
RTI Act, Right to Education Act, FRA 2006, Food Security Bill, आधार कार्ड, मनरेगा जैसी योजनाएँ — जो आम आदमी को सीधे छूती हैं, उन महत्वपूर्ण कामों को बिना किसी फोकट के फर्जीवाड़े या भ्रष्टाचार के पूरा किया।
देश के करोड़ों किसानों के कर्ज माफ कर दिए, कपास और मूंगफली के रिकॉर्ड तोड़ भाव दिए। जब ��ूरी दुनिया महामंदी के चंगुल में फँसी थी, तब भी भारत जैसे देश पर उसकी मार नहीं पड़ने दी।
RTI Act जैसे कानून लागू करके अपनी ही सरकार के भ्रष्टाचारियों को जेल भिजवाया।
जब जरूरत पड़ी तो मीडिया के सामने सीधा संबोधन किया और प्रेस कॉन्फ्रेंस की। कम बोले, लेकिन सख्त बोले।
किसी से डरे बिना विदेश में जवाब दिए और देश का अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर अपना स्टैंड साफ किया।
ऐसे महामानव का ऋण हम कभी नहीं चुका स���ते।
हमेशा याद रहेंगे — सरदार मनमोहन सिंह 🙏
आधे घंटे से तड़प रहे थे.."कई नर्सों से बोला किसी ने नहीं सुना..एक आए थे घूम फिर के चले गए"..अब
मेरे Papa चले गए"...!
UP की स्वास्थ्य व्यवस्था वेंटिलेटर पर है..."पिता के शव के पास रोती बिलखती बिटिया स्वास्थ्य महकमे को कोस रही है"...!
जौनपुर में Satish Gupta चार दिन पहले जिला अस्पताल में भर्ती हुए थे इलाज के नाम पर 2 बोतल Glucose लगा कर किस्मत पर ��ोड़ दिया गया..!
दवाइयां इंजेक्शन सब बाहर से मंगवाए गए...हालात बिगड़ने कर बच्ची नर्स को बुलाती रही लेकिन कोई मरीज को देखने नहीं आया..अंततः Satish Gupta की मौत हो गई...!
बेचारी मासूम बच्ची अब System को कोस रही है..बिटिया को सुनिए..👇👇👇
इनसे मिलिए- ये हैं IAS सुबोध कुमार सिंह।
जब 2024 में NEET का पेपर लीक हुआ था, लाखों बच्चों की मेहनत बर्बाद हुई थी, तब सुबोध कुमार सिंह NTA के DG थे।
लोगों के गुस्से को शांत करने के लिए मोदी सरकार ने चाल चली और इन्हें पद से हटा दिया।
लेकिन जैसे ही लोगों का गुस्सा शांत हुआ, इन्हें स्टील मिनिस्ट्री में पोस्टिंग दे दी और अब ये छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री के Principal Secretary हैं।
BJP सरकार में इसी तरह छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों को इनाम दिया जाता है, उन्हें बड़े-बड़े पदों पर बैठाया जाता है।
कारण साफ है- पेपर लीक के इस गोरखधंधे में BJP सरकार खुद ही साझेदार है, जिसका खामियाजा देश के मेहनती छात्रों को चुकाना पड़ रहा है।
BJP का फंडा साफ है- जितनी बड़ी चोरी, उतना बड़ा इनाम
NEET देने वाले हज़ारों स्टूडेंट्स अपने परिवारों के साथ भयंकर गर्मी में सड़क पर हैं और नरेंद्र मोदी चुप-चाप तमाशा देख रहे हैं।
उन्हें भरोसा दिलाता हूं कि इस संघर्ष में सड़क से लेकर संसद तक INDIA आपके साथ है।
परीक्षार्थियों से चर्चा का पूरा वीडिय��� देखें:
#WATCH | Noida, UP: On the cancellation of the NEET-UG 2026 exam, Educator Khan Sir says, "This is nothing short of playing games with the lives of lakhs of students. Their confidence is being shattered, and the most unfortunate part of this whole situation is that just two years ago, in 2024, the exact same incidents occurred. A CBI inquiry was conducted, yet it yielded absolutely no results. The most astonishing thing is that no government agency detected or reported this paper leak; rather, it was the students themselves who were the first to alert the government to the situation..."
देखिये शायद पलकें नम हो जायें।
महाराष्ट्र सरकार का अतिक्रमण विरोधी बुलडोज़र विकलांग महिला ‘अर्चना पारखे’ क�� मिट्टी के बर्तन की दूकान पर चल रहा है।
अर्चना सड़क किनारे मिट्टी के बर्तन बेंचकर अपना घर चलाती हैं, धन्नासेठों को हज़ारों एकड़ ज़मीन कौड़ियों के भाव देने वाली सरकारों को इन ग़रीबों से इतनी नफ़रत है कि बुलडोज़र लेकर उसकी दूकान तोड़ने पँहुच गये।
सरकार का विकास अगर इतना क्रूर है तो लानत है एैसे विकास पर।
कल हमारे साथी इस बहन के यथासंभव मदद लेकर पँहुचेंगे।
@Dev_Fadnavis जी थोड़ी भी इंसानियत बची हो तो दोषियों पर कार्यवाही करिये और इस महिला को सरकारी नौकरी दीजिये।