@Nishantjdu81 "माननीय स्वास्थ्य मंत्री जी, निवेदन है कि एक अस्पताल की गंभीर लापरवाही के मामले में सख्त कार्रवाई की जाए। एक बच्चे को अस्पताल में भर्ती किया गया था, जहाँ 12:23 पर हुई ईसीजी (ECG) में कार्डियक अरेस्ट की पुष्टि होने के बावजूद उसे कोई प्रारंभिक उपचार नहीं दिया गया, जिससे 3:16 पर उसकी मृत्यु हो गई। अस्पताल के फर्जीवाड़े का आलम यह है कि पर्ची पर जिस कार्डियोलॉजिस्ट का नाम लिखा है, वे पुलिस की सीडीआर (CDR) रिपोर्ट के अनुसार उस दिन अस्पताल में मौजूद ही नहीं थे। आपसे विनम्र अनुरोध है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जाँच कराकर अस्पताल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें, ताकि भविष्य में किसी अन्य बच्चे की जान इस तरह न जाए।"
@Nishantjdu81 "माननीय स्वास्थ्य मंत्री जी, निवेदन है कि एक अस्पताल की गंभीर लापरवाही के मामले में सख्त कार्रवाई की जाए। एक बच्चे को अस्पताल में भर्ती किया गया था, जहाँ 12:23 पर हुई ईसीजी (ECG) में कार्डियक अरेस्ट की पुष्टि होने के बावजूद उसे कोई प्रारंभिक उपचार नहीं दिया गया, जिससे 3:16 पर उसकी मृत्यु हो गई। अस्पताल के फर्जीवाड़े का आलम यह है कि पर्ची पर जिस कार्डियोलॉजिस्ट का नाम लिखा है, वे पुलिस की सीडीआर (CDR) रिपोर्ट के अनुसार उस दिन अस्पताल में मौजूद ही नहीं थे। आपसे विनम्र अनुरोध है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जाँच कराकर अस्पताल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें, ताकि भविष्य में किसी अन्य बच्चे की जान इस तरह न जाए।"
@BiharCMQRT पूर्णियाँ के वार्ड 38 (गुलाबबाग) में "SH 06 लेन तिवारी कोल्ड स्टोरेज से वाया जवाहर गोदाम कालीघाट सड़क NH 31 बाईपास तक" पिछले 50 वर्षों से सड़क का निर्माण नहीं हुआ है।क्षेत्रवासियों की वर्षों पुरानी समस्या को देखते हुए कृपया सड़क निर्माण कार्य अविलंब प्रारंभ कराने की कृपा करें।
@Nishantjdu81 "माननीय स्वास्थ्य मंत्री जी, निवेदन है कि एक अस्पताल की गंभीर लापरवाही के मामले में सख्त कार्रवाई की जाए। एक बच्चे को अस्पताल में भर्ती किया गया था, जहाँ 12:23 पर हुई ईसीजी (ECG) में कार्डियक अरेस्ट की पुष्टि होने के बावजूद उसे कोई प्रारंभिक उपचार नहीं दिया गया, जिससे 3:16 पर उसकी मृत्यु हो गई। अस्पताल के फर्जीवाड़े का आलम यह है कि पर्ची पर जिस कार्डियोलॉजिस्ट का नाम लिखा है, वे पुलिस की सीडीआर (CDR) रिपोर्ट के अनुसार उस दिन अस्पताल में मौजूद ही नहीं थे। आपसे विनम्र अनुरोध है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जाँच कराकर अस्पताल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें, ताकि भविष्य में किसी अन्य बच्चे की जान इस तरह न जाए।"
@Nishantjdu81 "माननीय स्वास्थ्य मंत्री जी, निवेदन है कि एक अस्पताल की गंभीर लापरवाही के मामले में सख्त कार्रवाई की जाए। एक बच्चे को अस्पताल में भर्ती किया गया था, जहाँ 12:23 पर हुई ईसीजी (ECG) में कार्डियक अरेस्ट की पुष्टि होने के बावजूद उसे कोई प्रारंभिक उपचार नहीं दिया गया, जिससे 3:16 पर उसकी मृत्यु हो गई। अस्पताल के फर्जीवाड़े का आलम यह है कि पर्ची पर जिस कार्डियोलॉजिस्ट का नाम लिखा है, वे पुलिस की सीडीआर (CDR) रिपोर्ट के अनुसार उस दिन अस्पताल में मौजूद ही नहीं थे। आपसे विनम्र अनुरोध है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जाँच कराकर अस्पताल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें, ताकि भविष्य में किसी अन्य बच्चे की जान इस तरह न जाए।"
@BiharCMQRT पूर्णियाँ के वार्ड 38 (गुलाबबाग) में "SH 06 लेन तिवारी कोल्ड स्टोरेज से वाया जवाहर गोदाम कालीघाट सड़क NH 31 बाईपास तक" पिछले 50 वर्षों से सड़क का निर्माण नहीं हुआ है।क्षेत्रवासियों की वर्षों पुरानी समस्या को देखते हुए कृपया सड़क निर्माण कार्य अविलंब प्रारंभ कराने की कृपा करें।
@Nishantjdu81
"माननीय स्वास्थ्य मंत्री जी, निवेदन है कि एक अस्पताल की गंभीर लापरवाही के मामले में सख्त कार्रवाई की जाए। एक बच्चे को अस्पताल में भर्ती किया गया था, जहाँ 12:23 पर हुई ईसीजी (ECG) में कार्डियक अरेस्ट की पुष्टि होने के बावजूद उसे कोई प्रारंभिक उपचार नहीं दिया गया, जिससे 3:16 पर उसकी मृत्यु हो गई। अस्पताल के फर्जीवाड़े का आलम यह है कि पर्ची पर जिस कार्डियोलॉजिस्ट का नाम लिखा है, वे पुलिस की सीडीआर (CDR) रिपोर्ट के अनुसार उस दिन अस्पताल में मौजूद ही नहीं थे। आपसे विनम्र अनुरोध है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जाँच कराकर अस्पताल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें, ताकि भविष्य में किसी अन्य बच्चे की जान इस तरह न जाए।"
@Nishantjdu81
"माननीय स्वास्थ्य मंत्री जी, निवेदन है कि एक अस्पताल की गंभीर लापरवाही के मामले में सख्त कार्रवाई की जाए। एक बच्चे को अस्पताल में भर्ती किया गया था, जहाँ 12:23 पर हुई ईसीजी (ECG) में कार्डियक अरेस्ट की पुष्टि होने के बावजूद उसे कोई प्रारंभिक उपचार नहीं दिया गया, जिससे 3:16 पर उसकी मृत्यु हो गई। अस्पताल के फर्जीवाड़े का आलम यह है कि पर्ची पर जिस कार्डियोलॉजिस्ट का नाम लिखा है, वे पुलिस की सीडीआर (CDR) रिपोर्ट के अनुसार उस दिन अस्पताल में मौजूद ही नहीं थे। आपसे विनम्र अनुरोध है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जाँच कराकर अस्पताल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें, ताकि भविष्य में किसी अन्य बच्चे की जान इस तरह न जाए।"
कृपया समस्या की जांच करें और आवश्यक कार्रवाई करें @Drm_kir
हम आपसे अनुरोध करते हैं कि कृपया मोबाइल नंबर वैकल्पिक रूप से DM के माध्यम से हमारे साथ साझा करें। आप अपनी शिकायत सीधे https://t.co/5ciNTT26j2 पर भी शीघ्र निवारण के लिए रजिस्टर कर सकते हैं या शीघ्र निवारण के लिए 139 डायल कर सकते हैं।
https://t.co/xU20bSg7Rx
@RailwaySeva@RailMinIndia@drm_kir सर मॆ 22233 ट्रेन सॆ कटिहार सॆ पटना कॆ लियॆ यात्रा कर रहा हुं मॆ PNR NO - 6109142796 है पर प्लॆटफर्म न० चार पर कोई वासरुम की व्यवस्था नही है फ्लॆटफर्म पर कोई यात्री है तो वह कहां जायॆ ओर जो वासरुम है भी तो उसपर ताला लगा है
@makemytrip@makemytripcare Booked Country Inn Smart Stays, Patna (Booking ID: NH75163514547596). Faced power outages all night & AC wasn't working. Management asked me to repeatedly pull & re-insert the keycard for 20s. Complained at 1:30 AM, but no action taken! Need refund & resolution!
@Nishantjdu अस्पताल में एडमिट किया गया और 3:16 पर उसकी मृत्यु हो गई।• 12:23 पर हुई ECG में यह कंफर्म हो गया था कि उसे कार्डियो अटैक है, लेकिन इसके बावजूद उसे कोई प्रारंभिक उपचार नहीं दिया गया।• अस्पताल के फर्जीवाड़े का आलम यह है कि पर्ची पर जिन कार्डियोलॉजिस्ट डॉक्टर का नाम लिखा है, वे पुलिस की CDR रिपोर्ट के अनुसार उस दिन अस्पताल में मौजूद ही नहीं थे।आपसे विनम्र निवेदन है कि इस अस्पताल के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि किसी अन्य बच्चे की जान इस तरह न जाए।
@CmBih माननीय मुख्यमंत्री जी
MAX 7 हॉस्पिटल कसवा , पुर्णिया की लापरवाही सॆ मॆरॆ 24 साल कॆ पुत्र की मृत्यु हो गयी है उसॆ काडियॊ ऎटॆक आय था ओर होस्पीटल मॆं तीन धन्टॆ तक कोई काडियोलोजिस्ट नही था वह तडप तडप कर उसकी मृत्यु हो गयी आपसॆ निवॆदन है होस्पीटल पर कार्यवाही की जाय
24 साल का young & dynamic Amit Jain कॆ सपने थे,हौसले थे, पूरा जीवन सामने था, लेकिन अस्पताल की लापरवाही ने उसे मौत की नींद सुला दिया। आज न अस्पताल गलती मान रहा है, न सिस्टम जवाब दे रहा है।अगर आज चुप रहे, तो कल कोई और Amit होगा ये लड़ाई बदले की नहीं, इंसाफ और सिस्टम को जगाने की है।
सवाल सिर्फ मौत का नहीं है, वजह का है। क्या सही समय पर इलाज मिला?
क्या जरूरी जांचें समय पर हुईं?
क्या डॉक्टरों की लापरवाही को छुपाया जा रहा है?एक 24 साल के युवक अमीत की मौत को “routine case” बताकर दबाया नहीं जा सकता।हम न्याय चाहते हैं।दोषियों की सजा चाहते हैं।