ग्रेटर नोएडा वेस्ट के टेक जोन 4 में स्थित रिवर व्यू और लेजर पार्क जैसी सोसाइटीज के साथ फ्रॉड और वादाखिलाफ़ी करने वाले @OfficialNBCC के अफसरों के ख़िलाफ़ रेजिडेंट्स को थक हार कर सड़क पर उतरना पड़ा और प्रोटेस्ट के ज़रिए अपनी आवाज़ उन तक पहुँचाने को मजबूर होना पड़ा!
ग्रेटर नोएडा वेस्ट की आम्रपाली रिवरव्यू सोसाइटी में पार्किंग संकट को लेकर आज निवासियों ने @OfficialNBCC के खिलाफ प्रदर्शन किया।
#AmrapaliRiverview#NBCC
इसका नकारात्मक असर चल रही परियोजनाओं पर पड़ेगा क्योंकि होम बायर्स से कुल कंस्ट्रक्शन कॉस्ट का एक तिहाई ही आना था.
13 साल से अपने घर का इंतजार कर रहे पीड़ित घर खरीदार सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से गुहार लगा रहे हैं कि तत्काल #Amrapali केस के लिए बेंच का गठन किया जाए.
और उस पर भी चाहे जस्टिस अजय रस्तोगी हो या फिर उससे पहले के मुख्य न्यायमूर्ति जस्टिस यू यू ललित, दोनों में से किन्ही ने भी FAR sell पर कोई ऑर्डर नहीं दिया और सेवानिवृत्त हो गए. यदि इसी तरह से FAR का मामला लटकता रहेगा और नई बेंच में केस की सुनवाई नहीं हुई ���ो
" तारीख पे तारीख,तारीख पे तारीख"
#AmrapaliHomeBuyers की सुप्रीम कोर्ट में अंतिम सुनवाई 26 अप्रैल 2023 को हुई थी उसके बाद आज तक नई बेंच नहीं बनने के कारण सुनवाई टलती जा रही है।
24 अप्रैल से लगभग डेढ़ साल पहले त��� सिर्फ FAR के मुद्दे को सुना गया . @rashtrapatibhvn @ANI @Mihirlawyer
जिला प्रशासन यह भूल रहा है कि आम्रपाली ग्रुप की सभी परियोजनाएं सुप्रीम कोर्ट के द्वारा मॉनिटर की जा रही है और इस तरह से काम को रोकना कहीं ना कहीं सुप्रीम कोर्ट की अवहेलना होगी. घर खरीदार कोर्ट में सुनवाई की तारीख ��ा इंतजार कर रहे हैं और इस मुद्दे को उठाया जाएगा @CP_Noida @UPGovt
आखिर इसमें निर्दोष #AmrapaliHomeBuyers की क्या गलती थी,���ो लगभग 13 साल से लंबित परियोजना में फंसे हुए हैं! जिला प्रशासन @dmgbnagar एवं मुख्यमंत्री जी से आग्रह है कि जांच को जल्द से जल्द पूरा कर परियोजना पर काम शुरू करने दिया जाए अन्यथा यह घर खरीदारों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ होगा.
आम्रपाली ड्रीम वैली में लिफ्ट हादसे के बाद पूरी परियोजना को सील करके काम ठप्प करवा दिया गया है। श्री @myogiadityanath जी, आखिर यह कैसी जांच चल रही है जो खत्म ही नही हो रही? हादसे की जगह को सील करने की जगह पूरे परियोजना बंद करना कहां तक न्यायोचित है? @Mihirlawyer@OfficialNBCC
उत्तर प्रदेश में क़ानून व्यवस्था राम भरोसे प्रमुख मुख्यमंत्री/प्रमुख सचिव गृह के स्पष्ट आदेशों को भी नही मानती, आदेश डीसीपी नोएडा ऑफिस पहुँचने के बाद उल्टा उत्पीड़न कर पीड़ित पर ही fir पीड़ित काट रहे मुख्यमंत्री कार्यालय के चक्कर@ChiefSecyUP@myogiadityanath@CP_Noida@DCP_Noida
देश भर के फंसे हुए ग्रुप हाउसिंग प्रोजेक्ट का कैसे पुनरुद्धार हो उसपर @OfficialNBCC के श्री KPM SWAMY जी के साथ विस्तृत चर्चा हुई. आम्रपाली की सभी परियोजनाएं इनके ही देख-रेख में बन रहा है. उन्होंने बताया कि कैसे सालों से लंबित इन परियोजनाओं को पूरा करने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए गए और किन-किन चुनौतियों का सामना उनके द्वारा किया गया और कर कर रहे हैं. बात करते करते श्री स्वामी अत्यंत भावुक भी हो गए.
आज से NBCC के CMD का कार्यभार यह सम्हालने वाले हैं, बहुत बहुत शुभकामनाएं 💐 @Mihirlawyer
एक जस्टिस अरुण मिश्रा थे जो की बायर्स के लिए हमेशा हितकारी फैसला लिए और हम सभी आम्रपाली होम बायर्स आजीवन उनके शुक्रगुजार ��हेंगे जिससे आज लोगों को घर मिल रहा और एक रिसीवर के कमेटी में इसी सरनेम के सदस्य हैं जो आए दिन घर खरीददार को ही परेशान कर रहे। @nefowaoffice @PMOIndia
परंतु पिछले त���न वर्षों में उनके द्वारा सिर्फ कुछ ही प्रॉपर्टी बेची जा पाई है और अब यह लोग रोज-रोज नए तरीके निकाल कर होम बायर्स को परेशान करने का ठेका लिया हुआ है। चाहे वह रजिस्ट्री के नाम पर हो या फिर डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन हो या फिर डिले पेनाल्टी ��वं अन्य चीजों के नाम पर!
घर खरीददार से कुल कंस्ट्रक्शन कॉस्ट जो लगभग 9000Cr है, का एक तिहाई रकम ही आना था. उसके बाद के बचे सभी रकम को जुटाने की जिम्मेदारी रिसीवर के ऊपर थी जो की उसी कमेटी के सदस्य द्वारा देखा जा रहा और वह रकम आम्रपाली की अटैच की गई अनस��ल्ड इन्वेंटरी एवं प्रॉपर्टी को बेचकर इकट्ठा होनी थी।
कोर्ट रिसीवर के अटॉर्नी जनरल बन जाने के बाद नीतिगत फैसला उनके द्वारा व्यक्तिगत तौर पर कमेटी में शामिल एक सदस्य ले रहा जो अपने खुद को शहंशाह समझकर बायर्स को ही चूसने पर लगा है। FAR बेच���े म��ं भी उसी सदस्य के द्वारा लिए फैसलों का घर खरीदारों ने सुप्रीम कोर्ट में विरोध किया था.
#AmrapaliHomeBuyers कोर्ट रिसीवर के तुगलकी फैसलों से परेशान हैं. सभी प्रोजेक्ट पहले से 10 साल से ज्यादा लेट है उसके बाद भी बायर्स को परेशान करने के लिए उनसे पेनाल्टी वसूला जा रहा है,जबकि @OfficialNBCC खुद अपने कंस्ट्रक्शन शेड्यूल में तीन बार बदलाव कर चुका @Mihirlawyer
आम्रपाली के निर्माणाधीन प्रोजेक्ट ड्रीम वैली में आज पैसेन्जर लिफ्ट के गिरने से तीन से चार लोगों के साथ हादसा होने की सूचना है।
हम लोग लगातार लिफ्ट एक्ट की मांग @myogiadityanath सरकार से करते आए हैं और जेवर विधायक श्री @DhirendraGBN जी ने हाल में ही विधानसभा के पटल पर इस मुद्दे को रखा भी था. आए दिन हो रहे इन हादसो को रोकने के लिए सरकार अबिलंब लिफ्ट एक्ट उत्तर प्रदेश में लागू करे जिससे इन हादसों पर लगाम लग सके तथा संबंधित एजेंसियों की जिम्मेदारी तय हो।
मीडिया में आ रही जानकारी के अनुसार पूरे ड्रीम वैली प्रोजेक्ट को सील किया जा रहा है और मजदू���ों को प्रोजेक्ट से बाहर निकाला जा रहा है.
नेफोवा जो कि सुप्रीम कोर्ट में आम्रपाली के केस को #AmrapaliHomeBuyers की तरफ से रिप्रेजें�� कर रही है का मानना है कि पूरे प्रोजेक्ट को सील करने से कहीं ना कहीं यह सालों से पीड़ित बायर्स के साथ अन्याय होगा।
@OfficialNBCC @Mihirlawyer
जिस जगह पर हादसा हुआ है वहां पर जांच की जानी चाहिए एवं सुरक्षा से संबंधित मानकों में जो भी खामी पाई जाती है उसको दुरुस्त करने का उपाय किया जाना चाहिए तथा लापरवाही बरतने वाले के ऊपर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए।
पूरे प्रोजेक्ट को सील करना गलत है और इसका नकारात्मक प्रभाव प��ियोजना के पूरा होने के समय पर पड़ेगा। हम लोग सोमवार की सुनवाई में इन सभी मुद्दों पर सुप्रीम कोर्ट में अपनी बात को रखेंगे. @tricitytoday
#Amrapali matter is listed for hearing before the Supreme Court on Monday
Issue of quality of material being used by @OfficialNBCC and supervision of the same will be raised as accountability must be fixed to ensure these sad incidents are not repeated again
@nefowaoffice