उत्तराखंड के सितारगंज में सागर नामी युवक 13 वर्षीय नाबालिग बच्ची को बहला फुसलाकर अपने साथ ले गया। पीड़िता की मां का आरोप है कि वो पिछले दो महीने से सितारगंज थाने के चक्कर काट रही हैं। लेकिन सितारगंज कोतवाल अलग ही अपनी धुन में ही मग्न हैं। एक मां का दुख देखकर समाज के सभी मज़हब के लोग इकट्ठा हुए और थाने पहुंच गए। उत्तराखंड के चर्चित बॉडी बिल्डर मोहित चोपड़ा भी सितारगंज पहुंचे और नाबालिग बच्ची को बरामद करने की मांग की।
पीड़ित मां का आरोप है सितारगंज कोतवाल उनकी शिकायत सुनने के बजाए उन्हें डांट डपट कर भगा देते हैं। अगर @UdhamSNagarPol का यही रवैया रहा तो कोई बड़ी अनहोनी न हो जाए। @uttarakhandcops को मामले का संज्ञान लेना चाहिए, इससे पहले कुछ देर हो जाए।
अब सवाल उत्तराखंड मुख्यमंत्री @pushkardhami से है। आखिर उनकी सरकार में बच्चियां इतनी ही सुरक्षित हैं? @ukcmo यह भी बताए कि अगर यही अपराध ‘दूसरे’ ने किया होता तो अब तक क्या हो गया होता? क्या उस अपराधी का एनकाउंटर नहीं हो गया होता? क्या उस अपराधी का घर नहीं गिरा दिया होता? यही है न्याय का मापदंड?
उत्तराखंड के नैनीताल से भाजपा सांसद @AjaybhattBJP4UK के संसदीय क्षेत्र सितारगंज में हाइवे के गड्ढों को भरने की नयी टेक्नोलॉजी ईजाद हुई है। इस टेक्नोलॉजी की मदद से गीला कपड़ा गड्ढों में डालकर उसका पानी सुखाया जाता है। फिर गड्ढों को भरा जाता है। उत्सव मनाइए ये उत्तराखंड की डबल इंजन सरकार है।
महिला पत्रकारों का आरोप है कि उन्हें उनकी धार्मिक पहचान की वजह से निशाना बनाया गया है। अगर ये आरोप सही हैं, तो ऐसे पुलिसकर्मियों को तुरंत नौकरी से बर्खास्त किया जाए, ऐसे लोग इस देश में दीमक की तरह हैं। अगर पत्रकार सवाल नहीं करेगा तो कौन सवाल करेगा? सवाल पूछने पर पत्रकार को पीटना ना सिर्फ गैर कानूनी है, बल्कि लोकतंत्र विरोधी कृत्य भी है।
यह दूसरा मामला है, जिसमें हाईकोर्ट ने अवैध हिरासत के खिलाफ ऐसी सख्ती दिखाई है। कानून/संविधान के बजाय ‘ऊपरी’ आदेश से चल रहे ‘बड़े’ अधिकारियों के पास अभी भी वक्त है कि वो कानून का दुरुपयोग ना करें। वरना इसी अदालत में कोई ऐसा इंसाफ पसंद न्यायधीश उनकी नोकरी तो लेगा ही, साथ ही जेल भी भेज देगा। अभी तो सिर्फ जुर्माना ही लगा रहा है।
यह गुंडा तत्व, असामाजिक तत्व, अपराधी मुस्लिम बहन बेटियों पर बद नज़र रखे हुए है। मजाल भला कि @DelhiPolice इसके खिलाफ कोई सख्त कार्रावाई कर पाए। मजाल भला जो @CPDelhi इस पर UAPA लगा पाएं। अभी कोई ‘दूसरा’ व्यक्ति ‘दूसरों’ की बहन बेटियों पर ‘दूसरे’ समुदाय पर ऐसी ही वाह्यात टिप्पणी कर दे तो @HMOIndia इतना सक्रिय होगा कि उसे इसमें साजिश नज़र आएगी। उसके तार ISI और अलकायदा से जोड़े जाएंगे। लेकिन इस मामले में?
बसपा सुप्रीमो @Mayawati बार-बार अपने भतीजे @AnandAkash_BSP को अपमानित करके बसपा से निष्कासित करती रही हैं। आकाश आनंद को इस अपमान को खुद भी महसूस करना चाहिए, और उन लोगों के साथ हो जाना चाहिए जो वास्तव में कांशीराम और डॉ. भीम राव अंबेडकर के मिशन को आगे लेकर चल रहे हैं।
जयपुर स्थित प्राइवेट यूनिवर्सिटी @NimsUniversity एडमिनिस्ट्रेशन की बदतमीज़ी देखिए। कॉलेज की एक्स स्टूडेंट्स मुनीरा अपनी डिग्री अपलाई करने के लिए पटना से कई किलोमीटर का सफ़र तय करके अपने आठ महीने के बच्चे को लेकर जयपुर पहुंची। सुबह यूनिवर्सिटी एडमिनिस्ट्रेशन ने कहा कि आप फॉर्म भर कर ड्यूज क्लियर करा लीजिए। बेचारी महिला कड़ी धूप में अपने दूध पीते बच्चे को लेकर इधर उधर साइन कराने के लिए चक्कर काटती रहिए।
इस सबमें करीब सुबह 10 बजे से दोपहर हो गई। स्टूडेंट वेलफेयर डीन डॉक्टर दीक्षा के साइन कराने पहुंची तो उनके पीए ने छात्रा के साथ बहुत अभद्रता की। छात्रा ने बताया कि वो सिर्फ डिग्री के लिए बिहार से आईं हैं। लेकिन ऑफिस के बाहर खड़े पीए ने उन्हें कहा कि यहां से भाग जाओ और दो हफ्ते बाद आओ। हैरानी की बात है कि यूनिवर्सिटी एडमिनिस्ट्रेशन ने मुनीरा से डिग्री उनके पते पर पार्सल कराने के पैसे तक जमा करा लिए।
आप सोचिए कि प्राइवेट यूनिवर्सिटी में लाखों रुपए खर्च करने के बाद भी बच्चों को अपनी डिग्री हासिल करने के लिए कितना शोषण झेलना पड़ रहा है।
क्या यूनिवर्सिटी चेयरमैन तोमर साहब @nimschairman_ इस छात्रा की पुकार सुनकर यूनिवर्सिटी एडमिनिस्ट्रेशन की गलती मानकर डिग्री दिलवाएंगे या फिर मुनीरा जैसे हजारों छात्रों को डिग्री हासिल करने के लिए प्राइवेट यूनिवर्सिटी ऐसे ही चक्कर कटवाती रहेंगी। राजस्थान के माननीय शिक्षा मंत्री @madandilawar छात्राओं के लिए डिग्री हासिल करने की प्रक्रिया को आसान बनाना चाहिए।
@AjitSinghRathi 🚨 ब्रेकिंग न्यूज़
20 घंटे बाद खत्म हुआ सितारगंज तहसील का गतिरोध
सितारगंज। विजिलेंस कार्रवाई के विरोध में करीब 20 घंटे से जारी राजस्व कर्मियों का धरना-प्रदर्शन और अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार गुरुवार को समाप्त हो गया।
किच्छा क्षेत्र में बेनी नदी किनारे स्थित एक मजार पर शनिवार तड़के प्रशासन ने बुलडोजर चलाकर कार्रवाई की। बताया जा रहा है कि यह कदम प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाने के अभियान के तहत उठाया गया।
इससे पहले भी रुद्रपुर और शहदोरा क्षेत्र में इसी तरह की कार्रवाई की जा चुकी है,l
Rajpal bhai aap 30 yrs se kaam kar rahe ho aur hum sabne aapko repeat kiya hai baar baar kyunki aap apna kaam jante ho aur ek value laate ho , kaam toh aapko bohot milega aur issi dollar rate pe milega aur milte rahega . Hakikat yeh hai .
Aur yeh yaad rakhna ke kabhi kabhi flow mai kuch nikal aata hai ,dena hi hai toh dimag mai rakho dil se kaam karo , dollar upar ho ya neeche kya farak padta hai dena toh India mai hi hai @rajpalofficial
@krishan239088h बताओ कैसे कैसे अंधभक्त हैं। पूरा विमान गिरा दिया बचाव में आया हेलीकॉप्टर गिरा दिया एक पायलट को बचाने में कई अमेरिकी मारे गए और ये अंधभाग टेक्नोलॉजी की बाते कर रहा है