मदर ऑफ डेमोक्रेसी में धार्मिक अल्पसंख्यकों की धार्मिक स्वतंत्रता की हालत! कोई तो @Uppolice से सवाल करे गिरफ्तारी किस कानून के तहत हुई है? इसी देश में सभी धर्मों के लोग अपने हाथों पर अपने-अपने धर्म के टैटू बनवाए रहते हैं। क्या उन सभी को गिरफ्तार किया जाएगा?
इसका नाम हरसू ठाकुर है।
बोल रही है एक भी कठमुल्ला यहां पर दिखना नहीं चाहिए। ये सनातनियों का त्यौहार है।
बिल्कुल उनके अगने में तुम्हारा क्या काम है।
नफ़रत चरम पर है अब तो बच्चे भी इफेक्ट हो रहे हैं।
बरेली में जिस तरह बूढ़े बच्चों को मारा जारहा और@bareillypolice पुलिस उन्हें मीडिया के सामने परेड करवा रही है,क्या यह कानून की श्रेणी में आता है,जब पुलिस ख़ुद क़ानून का मज़ाक़ बना रही तो,क्या क़ानून या संविधान से ऊपर @Uppolice है।
इंदौर में आदिल और और सुखविंदर पार्टनरशिप में दुकान चलाते हैं लेकिन आज दुकान खाली करनी पड़ रही है क्योंकि इंदौर के कपड़ा बाज़ार में मुस्लिम सेल्समैन और व्यापारियों को काम करने से मना कर दिया गया है।
यह कोई प्रशासनिक या सरकारी आदेश नहीं है बल्कि इंदौर-4 विधानसभा सीट से बीजेपी विधायक मालिनी गौड़ के बेटे एकलव्य सिंह गौड़ का 'फरमान' है.
इस फरमान के बाद 200 मुस्लिम कर्मचारियों की रोज़ी रोटी का संकट आ पहुंचा है। बच्चों की स्कूल की फीस, घर का राशन, लोन चुकाना ये बेसिक खर्चे हैं।
सब कैसे होगा,इससे किसी को मतलब नही है। पुलिस प्रशासन सब मौन है।
हेलो @siddharthnagpol डुमरियागंज का निवासी शैलेंद्र कुमार रावत हमारे पैगम्बर मोहम्मद के खिलाफ अभद्र टिप्पणी की है, इससे माहौल ख़राब हो सकता है, कृपया इसके खिलाफ उचित कार्रवाई करें।
गुजराज के गांधीनगर में सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर विवाद और फिर दो पक्षों में झड़प के बाद पुलिस ने करीब 60 लोगों को गिरफ्तार किया। दावा किया जा रहा है कि ये कार्रवाई मुस्लिम पक्ष पर हुई है। इन युवकों को बांधकर पुलिस ने उनका जुलूस भी निकाला जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। इस दौरान एक तबके के लोगों ने वहाँ ‘गुजरात पुलिस’ जिंदाबाद के नारे भी लगाए। मेरा एक सवाल है कि क्या किसी का जुर्म साबित हुए बिना आरोपी का इस प्रकार पुलिस द्वारा जुलूस निकालना सही है?
मौलाना भूल नहीं रहे… योगी आदित्यनाथ भूल रहे हैं!
उत्तर प्रदेश में शासक कोई भी हो, लेकिन इस देश में सबसे बड़ा संविधान है।
आज योगी मुख्यमंत्री हैं, कल नहीं रहेंगे — मगर संविधान कल भी था, आज भी है और कल भी रहेगा।
मौलाना शासन देखकर नहीं बल्कि संविधान देखकर काम कर रहे हैं।
उन्हें शांतिपूर्ण विरोध का हक़ संविधान देता है।
वही पुलिस जिसे सत्ता अपने फायदे के लिए इस्तेमाल कर रही है, कल सरकार बदलने पर इन्हीं को दौड़ा-दौड़ाकर मारेगी।
एक तरफ़ यूपी की सड़कों पर कांवड़ यात्रा निकलती है तो उन पर फूल बरसाए जाते हैं,
वहीं दूसरी तरफ़ नमाज़ पढ़ने वालों पर लाठियाँ बरसाई जाती हैं।
Where is the Constitution❓
Where is the Secularism❓
@aimim_national@AIMIMupdate@asadowaisi@warispathan@ProfNoorul @Umm_e_meerann
@TheIndMuslim@iamharunkhan@TheRFTeam@TheIndMuslim@TheMuslim786@MuslimMatters
इस्लाम और मुसलमानों को गाली देने वालों पर सरकार और प्रशासन क्यों चुप है?
क्या ऐसे दंगाईयों को खुली छूट मिली हुई है कि वे जो चाहे बोलें और करें?
आख़िर इस आदमी पर कार्रवाई क्यों नहीं हो रही?
@Uppolice कहां है?
@myogiadityanath कहां हैं?
क्या ये आदमी समाज में नफ़रत और दंगे फैलाने की कोशिश नहीं कर रहा?
यही अमित सिंह है, जो कई दिनों से मुस्लिम बहनों की AI तस्वीरें बनाकर उन्हें बदनाम कर रहा है।
"Ilm mein izafe ke liye deeni kitaabein zaroor padhiye" | Purani Haveli, Hyderabad mein 'Huda Islamic Book Fair 2025' ke iftetaahi program se AIMIM President Barrister @asadowaisi ka khitab.
Ye saza di jarahi hai Musalmanao ko sirf apne Nabi ke Namoos E Risalat ke lea.
Dosri qaom danga bhi karti hai to unki seva ki jaati hai.
#iLoveMuhammadﷺ