प्रदेश के युवाओं के भविष्य को सँवारने का संकल्प।
हमारी सरकार ने प्रदेश के 2621 बीएड अर्हताधारी सहायक शिक्षकों की मेहनत और लगन को सम्मान देकर, पूरी संवेदनशीलता के साथ सहायक शिक्षक (प्रयोगशाला) के पद पर उन्हें समायोजित करने का निर्णय लिया है।
आज रायपुर निवास में सीधी भर्ती 2023 के तहत सेवा समाप्त किये गए बी.एड. अर्हताधारी सहायक शिक्षकों ने मुलाकात कर आभार व्यक्त किया। माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी के नेतृत्व में हमारी सरकार ने सभी सहायक शिक्षकों को सहायक शिक्षक विज्ञान (प्रयोगशाला) पद पर समायोजित करने का निर्णय लिया है।
@vishnudsai
@vishnudsai 2018 के भारत सरकार के राजपत्र में बीएड को शामिल किया गया सुप्रीम कोर्ट में ncte अपना पक्ष नहीं रखती तो हमारी क्या गलती? आप हमे न्याय दिला सकते है सरकार आपकी है। माननीय जी हम2900 बीएड धारी सहायक शिक्षकों की ओर देखिए हमे न्याय दिलाए हम सदा आपके आभारी रहेंगे।
इस देश के हुक्मरानों की आँखों का पानी मर गया है। अब यह जनता की उदासी में उदास नहीं होते, उनके ग़म में शरीक नहीं होते ।
छत्तीसगढ़ के तीन हज़ार शिक्षकों के घर में पिछले एक महीने से चूल्हा नहीं जला है, इनके घरों में अंधेरा है इनके चेहरे पर मुर्दांगी छाई हुई है। क्या मजाल भाजपा या कांग्रेस का कोई सांसद इनका मामला संसद में उठा दे।
शिक्षक भी थक रहे हैं मैं भी थक रहा हूँ। रंजीत रंजन छत्तीसगढ़ से राज्यसभा सांसद हैं, इनके तीन फ़ोन नम्बर मेरे पास हैं लेकिन इनके सारे फ़ोन इनके ड्राइवर और पीए उठाते है। इनको छत्तीसगढ़ की आदिवासी महिला शिक्षकों से कोई मतलब नहीं। यह किसी का फ़ोन नहीं उठातीं। यही हाल अन्य सांसदों का है।
भाजपा के मुख्यमंत्री ने कमेटी तो बना दी लेकिन क्या मजाल शिक्षकों के समायोजन की दिशा में कुछ ठोस करें।पूरी रिपोर्ट का लिंक कमेंट बॉक्स में -