तस्वीर में गिरफ्तार व्यक्ति पत्रकार प्रिंस कुमार यादव है।
इनका गुनाह ये है कि इन्होने 200 लोगों को राशन नहीं मिल रहा था उसकी खबर दिखा दी थी।
अब फर्जी SCSTAct के केस में जेल भेज दिया गया है।
अखिलेश , तेजस्वी और मोदी कब इनकी आवाज उठाएंगे ? प्रिंस भी PDA का हिस्सा है। सुनो👇
BJP पार्षद ने गोरखपुर के BJP सांसद रवि किशन से इलाके में भयंकर जलभराव की शिकायत की।
इस पर सांसद जी भड़क गए और बोले: "सपा जॉइन कर लिए हो क्या?"
जरा सोचिए- जो लोग अपनी ही पार्टी के पार्षद की नहीं सुन रहे, वो आम जनता को क्या समझते होंगे!
यही BJP की घटिया मानसिकता है।
इन्हें जनता की तो रत्ती भर परवाह है नहीं, लेकिन अगर कोई सवाल पूछ ले तो ऐसी ओछी बातों पर उतर आते हैं।
शर्म आनी चाहिए।
पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त एस वाई कुरैशी ने 'साम दाम दंड भेद' में बताया कि SIR क्यों नहीं होना चाहिए
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खबर यह नहीं कि चुनाव आयोग के तीनों आयुक्तों में समझौता हो गया। खबर यह है कि अब तक उठ रहे गंभीर सवालों की पुष्टि खुद आयोग के दस्तावेज़ में हो गई है।
इस प्रेस रिलीज़ के बाद स्पष्ट है कि एक नहीं, तीनों मुख्य चुनाव ‘अभियुक्त’ हैं। तीनों का इस्तीफ़ा होना चाहिए।
#ElectionCommission #PressRelease
Harsh reality of BLOs condition. BLO grievance is just and bonafide.
@ECISVEEP Please look into it. They are serving the Nation. #ECI must take care of them.
दिल्ली पुलिस ने नेहा बोरा समेत योगेंद्र यादव , दीपांकर भट्टाचार्य और अंजलि भारद्वाज समेत कई प्रदर्शनकारियों को डिटेन कर लिया है .इनका जुर्म ये है कि ये सब ज्ञानेश कुमार के ख़िलाफ़ प्रदर्शन करने जंतर मंतर गए थे .
पिछले 2 घंटे से दिल्ली पुलिस हिरासत में लिए गए साथियों को बस में लेकर दिल्ली की सड़कों पर घुमा रही है।
वोट चोरों को अब जवाब देना होगा!
#SIR#VoteChori#ElectionCommission
कहा जाता है कि देश का भविष्य कक्षाओं में लिखा जाता है. लेकिन नूंह के सरकारी स्कूलों में बच्चे नंगे फर्श पर बैठने, बिना पानी के शौचालयों का सामना करने और घटिया मिड-डे मील खाने को मजबूर हैं.
देखिए मेवात के स्कूलों का पूरा सच @jaisl_khushi की इस रिपोर्ट में
https://t.co/p86o1VTmjO
बात कड़वी है, लेकिन सच्चाई यही है।
विपक्षी दलों के नेता अक्सर मंचों से कहते हैं कि आज यूट्यूबर्स ही जनता के असली मुद्दे उठा रहे हैं, जबकि मेनस्ट्रीम मीडिया सत्ताधारी दल का एजेंडा चलाने में व्यस्त है। वे अपने प्रवक्ताओं को यह सलाह भी देते हैं कि नफ़रत फैलाने वाले चैनलों पर न जाएँ और स्वतंत्र पत्रकारों व डिजिटल मीडिया को महत्व दें।
लेकिन विडंबना यह है कि ज़मीनी हक़ीक़त कई बार इन दावों से बिल्कुल अलग दिखाई देती है। यही नेता यूट्यूबर्स की भूमिका को स्वीकार तो करते हैं, लेकिन उन्हें बराबरी का सम्मान देने में अक्सर पीछे रह जाते हैं।
आज यूथ कांग्रेस का एक विरोध-प्रदर्शन था, जिसे कवर करने के लिए हमारे कई साथी मौके पर पहुँचे थे। वहाँ कांग्रेस के कुछ युवा नेताओं ने उनसे कहा, आप लोग साइड हो जाइए, मेनस्ट्रीम मीडिया को आगे आने दीजिए। आप लोग अच्छी वीडियो नहीं बना पाते। उसके बाद यह कहते हुए यूट्यूबर्स को साइड कर दिया गया।
यह बात केवल अपमानजनक नहीं थी, बल्कि उन तमाम स्वतंत्र पत्रकारों और यूट्यूबर्स के काम को कमतर आँकने वाली भी थी, जो सीमित संसाधनों के बावजूद लगातार जनता के मुद्दों को सामने लाने का काम कर रहे हैं।
इसके विरोध में वहाँ मौजूद सभी यूट्यूबर्स ने कार्यक्रम का बहिष्कार किया और एक तरफ खड़े हो गए।
सवाल यह है कि जब आपको यूट्यूबर्स और स्वतंत्र मीडिया की ज़रूरत महसूस होती है, तब आप उनकी भूमिका को स्वीकार करते हैं। लेकिन जब उन्हें सम्मान और बराबरी देने की बात आती है, तो वही यूट्यूबर्स आपको छोटे और गैर-महत्वपूर्ण क्यों लगने लगते हैं?
DELHI DELETED is LIVE on @TheRedMike
Alive people marked “DEAD.”
Voters marked “NON-TRACEABLE.”
Entire booths deleted after JJ clusters were demolished.
33 lakh voters served “Logical Discrepancy” notices.
VIP names handled at home while ordinary voters stand in queues.
Muslim voters fear being branded “Bangladeshi” if their names aren’t restored.
And blatant misuse of Form 6
Millions. One voter list. A question of democratic identity.
🎥 DELHI DELETED — Watch the full investigation on @TheRedMike YouTube.
यह तो वाकई सोने पर सुहागा है 🔥
CEC ज्ञानेश: राहुल गांधी को देश से माफी मांगनी होगी
राहुल गांधी: मेरा नाम राहुल सावरकर नहीं है; मेरा नाम राहुल गांधी है। मैं माफी नहीं मांगूंगा
यह वीडियो निश्चित रूप से CEC और ECI तक पहुंचना चाहिए
Indian Express की रिपोर्ट सिर्फ़ SIR को लेकर चुनाव आयोग के भीतर मतभेद की खबर नहीं है।
यह पाँच गंभीर खुलासे करती है - चुनाव आयोग के फैसलों की वैधानिकता, Form 6 में बदलाव, बंगाल में हुई पूरी प्रक्रिया, अधिकारियों पर कार्रवाई और खुद चुनाव आयोग के काम करने के तरीके को लेकर।
इन पाँचों को अलग-अलग समझना होगा। तभी समझ आएगा कि चुनावी घपला कितना बड़ा है और आयोग के भीतर क्या चल रहा है।
#SIR #ElectionCommission #GyaneshKumar