BPSC ASSISTANT ENGINEER विज्ञापन (संख्या 29/2025) अप्रैल 2025 में प्रकाशित हुआ था, जिसकी लिखित परीक्षा जुलाई 2025 में एकल चरण में सम्पन्न हुई। अंतिम उत्तर कुंजी एवं ओएमआर अपलोड सितंबर 2025 में पूर्ण हो चुका है, किंतु अद्यतन तक परिणाम प्रकाशित नहीं किया गया है। BPSC से निवेदन है कि जल्द से जल्द रिजल्ट जारी करे।@samrat4bjp
BPSC ASSISTANT ENGINEER विज्ञापन (संख्या 29/2025) अप्रैल 2025 में प्रकाशित हुआ था, जिसकी लिखित परीक्षा जुलाई 2025 में एकल चरण में सम्पन्न हुई। अंतिम उत्तर कुंजी एवं ओएमआर अपलोड सितंबर 2025 में पूर्ण हो चुका है, किंतु अद्यतन तक परिणाम प्रकाशित नहीं किया गया है। BPSC से निवेदन है कि जल्द से जल्द रिजल्ट जारी करे। @BPSCOffice@officecmbihar@samrat4bjp कृपया ��सपे ध्यान दीजिए।
बिहार प्रशासनिक फेरबदल: 2020 बैच के तेजतर्रार IAS कुमार निशांत विवेक बने नए प्राथमिक शिक्षा निदेशक, जानें IITian से अधिकारी बनने का सफर
पटना। बिहार सरकार ने प्रशासनिक महकमे में एक बड़ा फेरबदल करते हुए भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के युवा और तेजतर्रार अधिकारी कुमार निशांत विवेक को शिक्षा विभाग में एक बड़ी और अहम जिम्मेदारी सौंपी है। साल 2020 बैच के बिहार कैडर के आईएएस अधिकारी कुमार निशांत विवेक को राज्य का नया प्राथमिक शिक्षा निदेशक (Director, Primary Education) नियुक्त किया गया है। इससे पहले वह बिहार शरीफ नगर निगम में नगर आयुक्त (Municipal Commissioner) के पद पर तैनात थे।
माना जा रहा है कि शिक्षा विभाग में यह बदलाव राज्य के प्राथमिक और मध्य विद्यालयों की व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी, आधुनिक और सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से किया गया है।
मूल रूप से दरभंगा के रहने वाले हैं कुमार निशांत
कुमार निशांत विवेक मूल रूप से बिहार के दरभंगा जिले के हायाघाट प्रखंड के अंतर्गत आने वाले सहोड़ा गांव के रहने वाले हैं। उनका परिवार पहले से ही लोक सेवा से जुड़ा रहा है। उनके पिता रामसेवक बैठा जल संसाधन विभाग में बतौर इंजीनियर और माता इंदू कुमारी बाल विकास परियोजना अधिकारी (CDPO) के पद से सेवानिवृत्त हो चुकी हैं। माता-पिता के सेवाभाव को देखते हुए ही निशांत के मन में भी देश सेवा की भावना जगी।
IIT कानपुर से की पढ़ाई, पहले ही प्रयास में बने IAS
कुमार निशांत विवेक बचपन से ही पढ़ाई में बेहद मेधावी रहे हैं। उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा पूर्णिया के 'विद्या विहार आवासीय विद्यालय' से पूरी की। इसके बाद उन्होंने देश के सबसे प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग संस्थानों में से एक IIT कानपुर से क���प्यूटर साइंस में बी.टेक (https://t.co/eJM0bL3o1H) की डिग्री हासिल की। आईआईटी की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने कॉर्पोरेट सेक्टर की आकर्षक नौकरियों के बजाय सिविल सेवा को चुना और अपनी कड़ी मेहनत के दम पर पहले ही प्रयास में यूपीएससी (UPSC 2019) की परीक्षा पास कर ली। इस परीक्षा में उन्होंने ऑल इंडिया 404वीं रैंक हासिल की थी।
UPSC टॉपर शुभम कुमार के रह चुके हैं रूममेट
कुमार निशांत विवेक के जीवन का एक दिलचस्प पहलू यह ��ी है कि वह साल 2020 के यूपीएससी ऑल इंडिया टॉपर शुभम कुमार के बचपन के दोस्त हैं। दोनों ने पूर्णिया के स्कूल में 5 साल तक एक साथ पढ़ाई की और बाद में दिल्ली में रहकर जब सिविल सेवा की तैयारी शुरू की, तब भी दोनों एक ही कमरे में रूममेट के तौर पर रहते थे। आज दोनों ही दोस्त बिहार कैडर में आईएएस के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
शानदार रहा है अब तक का प्रशासनिक सफर
आईएएस बनने के बाद कुमार निशांत विवेक ने ���म सम��� में ही अपनी कार्यशैली से प्रशासनिक हलकों में एक खास पहचान बनाई है।
उन्होंने बिहार के ऊर्जा विभाग में विशेष कार्य पदाधिकारी (OSD) के रूप में अपने करियर की शुरुआत की।
इसके बाद उन्होंने जिला विकास आयुक्त (DDC) के पद पर रहते हुए ग्रामीण इलाकों के विकास और सरकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
हाल ही में वह बिहार शरीफ के नगर आयुक्त के रूप में शहर के विकास और नगर निगम क�� व्यवस्था को दुरुस्त करने का काम संभाल रहे थे।
सामने होंगी ये बड़ी चुनौतियाँ
प्राथमिक शिक्षा निदेशक के रूप में अब कुमार निशांत विवेक के कंधों पर एक बहुत बड़ी जिम्मेदारी होगी। बिहार के प्राथमिक और मध्य विद्यालयों में बुनियादी शिक्षा के स्तर को सुधारना, शिक्षकों के नियोजन और उनके प्रबंधन को पारदर्शी बनाना, तथा 'मिड-डे मील' व 'समग्र शिक्षा' जैसी अहम योजनाओं को भ्रष्टाचार मुक्त तरीके से ल��गू करना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल होगा। प्रशासनिक विशेषज्ञों का मानना है ��ि उनके तकनीकी बैकग्राउंड (IITian) और युवा ऊर्जा का लाभ बिहार के शिक्षा विभाग को निश्चित रूप से मिलेगा।
#stop_reuse_of_weightage_in_BPSC_AE
Exam ..
Dear sir @NitishKumar@samrat4bjp
Sarkar se yhi maang hai ki inka certificate 1 bar hi use ho job hone tak
Bar bar ye har exam me certificate use krke baki logo ka selection hone se rok rhe h
25 marks ke nam pe 133 marks mil rha h..
Dear Sir/Madam,
I would like to bring to your attention a need for mathematical or clerical corrections in the final answer key for BPSC AE Advertisement No. 29/2025 (Assistant Engineer - Civil), despite it being finalized by a committee of esteemed professors from renowned IITs/NITs.
Specifically, I have identified discrepancies in the following questions:
Civil Engineering:
* Paper - V, Booklet Series - I
* 1. Question No. 10
* 2. Question No. 46
* Paper - VI, Booklet Series - E
* 1. Question No. 48
I kindly request that you reconsider these questions and implement the necessary corrections in the final answer key. Your assistance in this matter would ensure fairness and provide justice to numerous deserving candidates.
Thank you for your time and consideration.
Yours sincerely
BPSC AE Aspirant
@NITPatna1@iitpatna@BPSCOffice@IITGuwahati
Examination और Education System की खामियों का बोझ देश का युवा उठा रहा है।
दिन-रात मेहनत करने वाले ये बच्चे नौकरी लेते ही अपने परिवार और समाज का भविष्य सँवारने का सपना देखते हैं।
लेकिन जब ये अपनी जायज़ माँगें रखते हैं, तो समाधान की जगह लाठीचार्ज मिलता है।
पटना में संविदा कर्मियों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया, कई कर्मचारी घायल हुए।
सोचिए, चाहे #संविदा_कर्मी हों या #tre4vacancy के छात्र, अगर चुनाव से पहले ही ��ुवाओं की आवाज़ दबाई जा सकती है, तो क्या यह नहीं दिखाता कि उनके मुद्दों को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा?
क्या जिम्मेदार लोग इनसे बैठकर बात नहीं कर सकते थे?
क्या इनकी माँगें ग़लत हैं, जब ये सिर्फ़ पारदर्शिता, हक और सम्मान चाहते हैं?
Story of bpsc Assistant engineer exam
Topper with 306/400 (76.5%) = Rejected 🚫
Candidate with 190/400 = Selected ✅ (Got “25 exp marks” = 133/400 boost)
👉 ये 25 नहीं, 133 मार्क्स का घोटाला है।
👉 Merit खत्म, सिर्फ अनुभव ही चयन का आधार।
#BPSC_AE_133MARKS_SCAM 🚨
#ssc_protest