भाजपा सरकार ने ‘जनसेवा मित्र योजना’ के माध्यम से हजारों युवाओं को जोड़ा,चुनाव और प्रचार खत्म होते ही उन्हें बेरोजगारी की कतार में खड़ा कर दिया। यह सिर्फ योजना की विफलता नहीं, यह युवाओं के विश्वास के साथ धोखा है।
@UmangSinghar#जनसेवा_मित्रो_को_बहाल_करो
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@ChouhanShivraj@narendramodi अगर झूठ बोलने का कोई पुरस्कार होता तो उसका दावेदार भारत की राजनीति में माननीय शिवराज सिंह चौहान जी होते|
@ChouhanShivraj
लोग बंद कमरों में झूठ बोलते होंगे आप बड़े-बड़े मंचों से झूठ बोल दिया करते हैं😂🙏
आपको MP के बेरोजगार जनसेवा मित्र अच्छे से जानते हैं
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यह कैसा ब्रैक लगभग डेढ़ साल की सरकार में अभी तक ब्रेक से हांथ ही नहीं हटा ❓
मुख्यमंत्री @DrMohanYadav51 जी बेरोजगारों को रोजगार अगर दे नहीं सकते तो तो कम-से-कम किसी छीनिए तो मत।
जनसेवा मित्रों को बहाल कीजिए और उनके साथ न्याय कीजिए।
#जनसेवा_मित्रो_को_बहाल_करो
मध्यप्रदेश के युवाओं के साथ छलावा कब तक?
मध्यप्रदेश सरकार द्वारा युवाओं को सुनहरे सपने दिखाने और फिर उन्हें तोड़ने का सिलसिला जारी है। बेरोजगारों की उम्मीदें, सरकार की घोषणाओं के नीचे कुचल दी जाती हैं। चुनावी मौसम में बड़े-बड़े वादे किए गए, लेकिन अब सच्चाई कुछ और ही है।
1. मुख्यमंत्री यूथ इंटरशिप योजना – एक और चुनावी धोखा!
युवाओं को जनसेवा मित्र के रूप में 9,300 नौकरियों का लालच दिया गया था, लेकिन चुनाव खत्म होते ही बिना किसी पूर्व सूचना के उन्हें बाहर कर दिया गया। सरकार ने दावा किया था कि पहले साल 70% वेतन और दूसरे साल 100% वेतन मिलेगा, मगर अब तक इसका कोई अता-पता नहीं!
2. एक लाख सरकारी नौकरियों का झूठा वादा!
MP Police भर्ती 2023 और शिक्षक भर्ती 2018 जैसी परीक्षाएं अभी तक लटकी हुई हैं। TET 2023 के चयन की प्रक्रिया सीधे 2025 तक टाल दी गई, जिससे हजारों अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में लटक गया।
3. पुलिस विभाग में हजारों पद खाली, फिर भी भर्ती अटकी!
मध्यप्रदेश में 25,000 से अधिक पुलिस पद खाली हैं, लेकिन 2023 में शुरू की गई भर्ती प्रक्रिया 2025 में भी पूरी नहीं हो पाई। सवाल यह है कि जब पुलिस विभाग में इतनी भारी कमी है, तो फिर युवाओं को रोजगार क्यों नहीं दिया जा रहा? क्या सिर्फ कागजी दावों से ही कानून-व्यवस्था मजबूत हो जाएगी?
4. MPPSC उम्मीदवारों के साथ छलावा!
इंदौर में MPPSC उम्मीदवारों ने लगातार आंदोलन किया, मुख्यमंत्री ने उनसे वादे किए, लेकिन अब तक कोई मांग पूरी नहीं हुई। न तो पदों की संख्या बढ़ाई गई, न ही इंटरव्यू प्रक्रिया में सुधार किया गया।
5. शिक्षा और छात्रवृत्ति घोटाले – भविष्य के साथ खिलवाड़
स्कॉलरशिप में देरी और निजी कॉलेजों की मनमानी से हजारों छात्र परेशान हैं।
नर्सिंग कॉलेज घोटाला 75,000 से ज्यादा छात्रों के भविष्य पर सवाल खड़ा कर चुका है।
OBC आरक्षण – 27% लागू करने का दावा किया गया, लेकिन आज भी 13% पद खाली पड़े हैं।
ESB भर्ती केस खत्म हो चुका है, फिर भी सरकार रिजल्ट जारी नहीं कर रही।
सरकार को देना होगा जवाब!
हमने विधानसभा में युवाओं की आवाज उठाने में कोई कसर नहीं छोड़ी, लेकिन अब सरकार को जवाब देना होगा—कब मिलेगा युवाओं को न्याय?
#युवाओं_का_हक
#सरकारी_धोखा
#बेरोजगार_न्याय_मांगे
@INCMP@INCIndia@RahulGandhi@jitupatwari@TheSootr@digvijaya_28
यह जो बार बार कर्ज लिया जा रहा है आखिरकार किसके लिए ❓
लाड़ली बहनों को 3000 देने के लिए❓
जनसेवा मित्रों की बहाली के लिए ❓
नवनियुक्त कर्मचारियों को पूरा वेतन देने के लिए ❓
2018 की शिक्षक भर्ती पूरी करने के लिए ❓
#जनसेवा_मित्रों_को_बहाल_करो#मध्यप्रदेश_सौ_फीसदी_वेतन_दो