जिन छात्रों ने वर्षों तक दिन-रात मेहनत करके अपनी सफलता हासिल की है, उनके सपनों और भविष्य की रक्षा करना सरकार की जिम्मेदारी भी है और हम सभी की उम्मीद भी। #Save_jharkhand_students_from_coaching_mafia
जिन छात्रों ने वर्षों तक दिन-रात मेहनत करके अपनी सफलता हासिल की है, उनके सपनों और भविष्य की रक्षा करना सरकार की जिम्मेदारी भी है और हम सभी की उम्मीद भी।#Save_jharkhand_students_from_coaching_mafia
छात्रों के आंदोलन को किसने बेचा?
साफ और स्पष्ट तौर पर साजिशें सामने आ चुकी हैं! @yourBabulal
छात्रों के नाम प्रोटेस्ट में भाजपा कार्यकर्ता...विधानसभा घेराव में भाजपा कार्यकर्ता...छात्रों के नाम पर गुंडई में करने भाजपा कार्यकर्ता... अब फिर सुप्रीमकोर्ट में याचिका दायर करने वाले व्यक्ति भी भाजपा गैंग के...ऐसे में सवाल उठता है क्या छात्रों को न्याय मिल सकेगा??
छात्रों को राजनीति साजिश का शिकार बनाया गया यह लड़ाई केवल और केवल सत्ता तक पहुंचने का एक साधन छात्रों के आंदोलन को बनाया गया!
राज्य में बाहरी छात्रों को रोकने के लिए राज्य में डोमिसाइल नीति भी भेंट चढ़ गई इसके मूल कारण कौन है?
ये वही लोग हैं वही पार्टी है जो बाहरियों के वोट बैंक पर जिंदा हैं वो कहेंगे हम छात्रहित में खड़े और आप मान लीजिएगा?
आज राज्य की अपनी डोमिसाइल नीति होती तो राज्य के युवाओं को ज्यादा अवसर मिलता!
इस राज्य में जनता के लिए छात्रोंहित और न्याय के लिए गर कोई खड़ा है तो वो है राज्य के माननीय मुख्यमंत्री श्री @HemantSorenJMM जी खड़े हैं।
इन्हीं की पिछले सरकार के शिक्षा मंत्री नीरा यादव जी का बयान था झारखंड में योग्य कैंडिडेट नहीं मिलने से बाहरियों को नौकरियां दी गई ये लोग डंके की चोट पर धांधली करते हैं मगर कोई बोल दे ये लोग ऐसे कार्य करेंगे एक सबूत तक नहीं छोड़ते विपक्षी पार्टी हल्ला करते रहे।
#JPSCprotest #jpsccgl
@JPSCreformanch@JmmJharkhand
एक गरीब परिवार के छात्र के लिए सरकारी नौकरी सिर्फ नौकरी नहीं होती। वह उसके माता-पिता के वर्षों के त्याग, उम्मीद और संघर्ष का परिणाम होती है। सरकार को इस दर्द को समझना चाहिए।
#Save_jharkhand_students_from_coaching_mafia
हमारी सफलता किसी की कृपा नहीं, हमारे संघर्ष, त्याग और ईमानदारी का परिणाम है।
मेहनती अभ्यर्थियों के सम्मान के साथ खिलवाड़ बंद करो #coachingmafia@JmmJharkhand@HemantSorenJMM
एक गरीब परिवार के छात्र के लिए सरकारी नौकरी सिर्फ नौकरी नहीं होती। वह उसके माता-पिता के वर्षों के त्याग, उम्मीद और संघर्ष का परिणाम होती है। सरकार को इस दर्द को समझना चाहिए।
देखिए, कैसे छात्रों के जायज़ आंदोलन को धीरे-धीरे राजनीतिक रंग देने की कोशिश की जाती है। छात्रों की मांग स्पष्ट है—निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कार्रवाई और मेहनती व चयनित छात्रों के भविष्य की सुरक्षा। छात्र हित को राजनीति से ऊपर रखा जाना चाहिए।
छात्रों के आंदोलन को किसने बेचा?
साफ और स्पष्ट तौर पर साजिशें सामने आ चुकी हैं! @yourBabulal
छात्रों के नाम प्रोटेस्ट में भाजपा कार्यकर्ता...विधानसभा घेराव में भाजपा कार्यकर्ता...छात्रों के नाम पर गुंडई में करने भाजपा कार्यकर्ता... अब फिर सुप्रीमकोर्ट में याचिका दायर करने वाले व्यक्ति भी भाजपा गैंग के...ऐसे में सवाल उठता है क्या छात्रों को न्याय मिल सकेगा??
छात्रों को राजनीति साजिश का शिकार बनाया गया यह लड़ाई केवल और केवल सत्ता तक पहुंचने का एक साधन छात्रों के आंदोलन को बनाया गया!
राज्य में बाहरी छात्रों को रोकने के लिए राज्य में डोमिसाइल नीति भी भेंट चढ़ गई इसके मूल कारण कौन है?
ये वही लोग हैं वही पार्टी है जो बाहरियों के वोट बैंक पर जिंदा हैं वो कहेंगे हम छात्रहित में खड़े और आप मान लीजिएगा?
आज राज्य की अपनी डोमिसाइल नीति होती तो राज्य के युवाओं को ज्यादा अवसर मिलता!
इस राज्य में जनता के लिए छात्रोंहित और न्याय के लिए गर कोई खड़ा है तो वो है राज्य के माननीय मुख्यमंत्री श्री @HemantSorenJMM जी खड़े हैं।
इन्हीं की पिछले सरकार के शिक्षा मंत्री नीरा यादव जी का बयान था झारखंड में योग्य कैंडिडेट नहीं मिलने से बाहरियों को नौकरियां दी गई ये लोग डंके की चोट पर धांधली करते हैं मगर कोई बोल दे ये लोग ऐसे कार्य करेंगे एक सबूत तक नहीं छोड़ते विपक्षी पार्टी हल्ला करते रहे।
#JPSCprotest #jpsccgl
@JPSCreformanch@JmmJharkhand
अबुआ सरकार पर पूरा भरोसा है—मेहनती छात्रों को उनकी मेहनत का फल मिलेगा, निर्दोषों का भविष्य सुरक्षित रहेगा और दोषियों को कानून के अनुसार सजा मिलेगी। यही न्याय है, यही उम्मीद है और यही छात्रों की आवाज है।
@JmmJharkhand@BJP4India@BJP4Jharkhand किसी भी राज्य में कोचिंग माफिया इतना निडर से छात्रों को नहीं भड़का रहा है जितना झारखण्ड में। पढ़ने वाले को रोड में लाके नेतागिरी सिखा रहा है जबकि उनके मां बाप को लगता है बेटा पढ़ रहा होगा। @JmmJharkhand
हमें विश्वास है कि अबुआ सरकार मेहनत, ईमानदारी और मेरिट के साथ खड़ी होगी। सही लोगों को उनका अधिकार मिलेगा और गलत करने वालों पर कार्रवाई होगी। @HemantSorenJMM@JMMKalpanaSoren@JmmJharkhand
#ExposeJharkhandCoachingMafia
कोचिंग माफिया भोले भाले छात्रों के साथ खेल रहा है। जबकि सरकार उनकी सारी बाते मान ली थी। ये सभी स्टूडेंट्स को समझा चाहिए ........
झारखंड विधानसभा घेराव जो मूलतः हमारे छात्रों द्वारा किया गया था, लेकिन उसमें भाजपा के उपद्रवियों ने घुसकर अपना एजेंडा और अराजकता फैलाने की पूरी कोशिश की परन्तु @JharkhandPolice और उपायुक्त @DC_Ranchi ने समय रहते संभाल लिया।
बाबजूद इसके भाजपा ने सरकार को बदनाम करने का भरसक प्रयास किया, लेकिन वे अपने मंसूबों में कामयाब न हो सके।
भाजपा का चाल-चरित्र उजागर हो रहा है।
@JmmJharkhand@BJP4Jharkhand
जब कोई छात्र ईमानदारी से परीक्षा पास करके चयनित होता है, तो उसके साथ उसके माता-पिता के वर्षों के त्याग और उम्मीदें भी जुड़ी होती हैं। चयन के बाद भी यदि उसे लगातार अनिश्चितता में रखा जाए, तो इसका सबसे बड़ा असर उसी परिवार पर पड़ता है।
कई छात्र गरीब और साधारण परिवारों से आते हैं। किसी ने खेत में काम करते हुए पढ़ाई की, किसी ने मजदूरी करके किताबें खरीदीं, तो किसी ने परिवार की जिम्मेदारियों के बीच अपने सपनों को जिंदा रखा। ऐसे छात्रों के दर्द को केवल आंकड़ों से नहीं समझा जा सकता।
देखिए, एक गरीब परिवार से चयनित बच्चे और उसके परिवार का दर्द—जिसने वर्षों की मेहनत, संघर्ष और उम्मीदों के बाद यह मुकाम हासिल किया है। यह दर्द शायद उन लोगों को कभी समझ नहीं आएगा, जो अपने स्वार्थ में हजारों मेहनती छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं।”
@HemantSorenJMM
कैमरे के सामने एक बुजुर्ग महिला (संजीत की माँ) चेहरे पर उम्र की लकीरें, लेकिन आंखों में आज भी उम्मीद। वहीं दूसरी ओर संजीत (ASO), जो अपने भविष्य और अपने अधिकारों को लेकर सवाल खड़े कर रहा है।
मैं आप लोगों से पूछना चाहता हूँ, क्या एक लड़का जिसके सिर से पिता का साया तक नहीं है। अपने परिवार को 10 वर्ष के उम्र से पाल रहा है, उसपर 35-40 लाख दे कर नौकरी पाना कितना सही कितना गलत।
अपनी राय कमेंट के जरिए साझा करें।
#exposejharkhandcoachingmafia
@HemantSorenJMM@Jhar_Voice@JharkhandCMO@JmmJharkhand@The_FollowUp@livelagata79748@ZeeBiharNews@aajtak@ndtv@ndtvindia@cnnbrk@BBCHindi
एक परीक्षा रद्द करने की मांग करना आसान है, लेकिन उसके पीछे बर्बाद होने वाले वर्षों की मेहनत और परिवारों की उम्मीदों का हिसाब कौन देगा? निर्दोष और मेहनती छात्रों के साथ न्याय होना चाहिए।
इन चयनित अभ्यर्थियों के साथ सिर्फ एक परीक्षा का परिणाम नहीं, बल्कि उनके माता-पिता की उम्मीदें और पूरे परिवार के सपने जुड़े हैं। उनके भविष्य को अधर में न छोड़ा जाए
हम किसी के खिलाफ नहीं, अपने हक और अपने भविष्य के लिए खड़े हैं। JSSC CGL के मेहनती छात्रों की वर्षों की तपस्या को राजनीति और स्वार्थ की बलि मत बनाओ—न्याय दीजिए, हमारा भविष्य मत छीनिए। #jssccgl#jssc#jpsc
एक परीक्षा रद्द करने की मांग करना आसान है, लेकिन उसके पीछे बर्बाद होने वाले वर्षों की मेहनत और परिवारों की उम्मीदों का हिसाब कौन देगा? निर्दोष और मेहनती छात्रों के साथ न्याय होना चाहिए।
#jssccgl#jssc#jpsc#jharkhand