हम मेरठ के डॉक्टर लोगों का मुफ्त इलाज भी करते है और अपनी जेब से खर्चा करके भी लोगों की मदद करते हैं।
हम किसी राजनैतिज्ञ की तरह ढिंढोरा नहीं पीटते। हमने अपनी सुरक्षा की गुहार सरकार @UPGovt से लगाई है @BJP4UP से नहीं।
डॉ. तरुण गोयल
सचिव
आईएमए, मेरठ
@myogiadityanath@dgpup
@DrKumarVishwas मीडिया के मित्रों के कारण ही आपकी करतूत भी दब गई।
धन्य है "अन्ना"के सच के सिपाही।
एक डॉक्टर को अपने सुरक्षाकर्मियों से कुटवा भी दिए,
फिर खुद को ही पीड़ित दिखाने लगे😠
अईसे-कईसे चलेगा ,
केवल कहने गाने से नहीं होगा "अपने अपने राम"
कुमार विश्वास ने ओवरटेक के लिये पास न देने पर एक डाक्टर जो कि OT dress में थे तथा इमरजेंसी केस के लिए जा रहे थे को अपने सुरक्षा कर्मियों से पिटवाया।
प्रधानमंत्री जी -आप VIP कल्चर के विरूद्ध हैं ।कृपया इस घटना का संज्ञान ले।@PMOIndia ,@myogioffice ,@dgpup ,@DrKumarVishwas
@deveshmaurya128@PMOIndia@myogioffice@dgpup@DrKumarVishwas जिस प्रकार से रावण को ज्ञानी होने के बावजूद उसके अहंकार ने खत्म कर दिया उसी प्रकार इस अहंकारी,सत्ता व शक्ति के मद मे चूर विश्वास का सर्वनाश होना तय है
कुमार विश्वास है तो रामकथा वाचक पर प्रभु राम से कुछ नही सीखा सिर्फ दूसरो को ज्ञान देता है।एक निर्दोष डा को पिटवाना इसे भारी पडेगा
डॉ कुमार विश्वास “जी” और डॉ. पल्लव वाजपेयी!!
पुलिस के “पुलिस” होने और “ठुल्ला” होने में बस इस “जी” का फ़र्क़ है।
PHD डॉ. को जी से संबोधित करना क्योंकि वो अमीर है और असली डॉ. को बिना जी संबोधित करना क्योंकि वो रसूखदार नहीं है,यही गुण पुलिस को ठुल्ला बनाती है🙏
@ghaziabadpolice
ग़ाज़ियाबाद पुलिस ने डॉ. पल्लव बाजपेई की तहरीर पर दर्ज की अज्ञात लोगों के ख़िलाफ़ FIR
उम्मीद ही नहीं “विश्वास” है कि अज्ञात नाम जल्द ही ज्ञात हमलावरों के रूप सामने आयेंगे।
#AVishwas
@DrKumarVishwas@AbsolutoTDS आपसे काफी कुछ सीखा, आपकी कविता पढ़ी, सुनी लेकिन कल से जो सोशल मीडिया पर आपको लेकर बाते हो रही है थोड़ा सोचने पर मजबूर हो गया। एक सवाल पूछना चाहूंगा कि राम का नाम लेकर लोगों तक पहुँचने वाले, डॉ. कुमार विश्वास का कृत्य और दंभ तो रावण जैसा नहीं है?
जब देश में पत्रकार, साहित्यकार , कवि और लेखक सुरक्षाकर्मियों के साथ चलने लगे तो मारपीट कौन सी बड़ी बात है .. जब कलम के सिपाहियों को सुरक्षा की ज़रूरत पड़ जाए तो फिर सत्ता का अहंकार चरम पर होगा
ये डॉक्टर बाजपेयी हैं,
एक नुक्कड़ छाप कवि हैं, जो खुद के नाम के साथ डॉक्टर लगाते हैं, उनके सुरक्षाकर्मियों ने इनका ये हाल किया है।
अब दो सवाल हैं:
1. UP पुलिस इस मामले में क्या कारवाई कर रही है, किसी का दबाव तो नहीं?
2. दीवाने-पागल को Y सिक्योरिटी Why?
@ravishranjanshu इधर एक कांस्टेबल मिल जाए तो सड़क और इलाका बाप का हो जाता है, यहां तो गाड़ी भर के थे! दिमाग खराब तो अपने आप ही होना है! ये ही हैं बस सुरक्षा वाले बाकी सड़क पर चलने वाले तो कीड़े मकोड़े हैं जी😡😡😡
@ravishranjanshu कविवर को समय मिले तो उनको अपने ट्वीट पे मिले कॉमेंट को पढ़ना चाहिए की उनके कहानी पे एक भी व्यक्ति सहमत नही है ।
बड़े कवि है लेकिन जनता बेवकूफ नहीं है ये घटना उनको लोकप्रियता और भरी भरकम फीस को कम देगी
ट्वीट उस राज्य से है जहा से 2 घंटे कार्यकम का 64 लाख लिए थे
CHHATTISGARH