🚨 गिरफ़्तारी से पहले Sonam Wangchuck का संदेश…
“मुझे जेल भेजना है तो भेज दो…
जेल में बैठा सोनम, बाहर वाले से ज़्यादा मुसीबत बनेगा”
3 महीने से ज़्यादा जेल में।
और देश जश्न में।
कड़वा सच -
हम सबने सोनम को निराश किया है 💔
बेटी की हिम्मत कबीले तारीफ है
चाकसू जयपुर मे बाइक सवार मनचले ने लड़किया को छेड़ा
ऊमीद करते है UP की तरह राजस्थान मे भी कारवाई होगी
@jaipur_police@PoliceRajasthan
पूंछ पर भारत का मीडिया खामोश है। इस खामोशी का मतलब समझ से परे हैं। अरे हिंदुस्तानी मरे हैं, सिखों और हिंदुओं की भी पाकिस्तानी सेलिंग से मौतें हुई हैं। लोगों के घर तबाह हुए हैं। चुप क्यों हो? बोलो।
• महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2019 से लेकर लोक सभा चुनाव 2024 के बीच महाराष्ट्र में 32 लाख मतदाता जोड़े गए
• वहीं लोक सभा चुनाव 2024 और महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 (5 महीने) के बीच 39 लाख मतदाता जोड़ दिए गए
• मतलब हिमाचल प्रदेश के मतदाताओं जितनी आबादी महाराष्ट्र में 5 महीने में जोड़ दी गई
👉ऐसे में सवाल है- जोड़े गए ये मतदाता कौन हैं और कहां से आए?
• महाराष्ट्र की व्यस्क जनसंख्या 9.54 करोड़ है, लेकिन चुनाव आयोग के मुताबिक महाराष्ट्र में 9.70 करोड़ मतदाता हैं
👉मतलब चुनाव आयोग के मुताबिक महाराष्ट्र में जनसंख्या से ज्यादा मतदाता हैं?
एक और उदाहरण
• कांग्रेस को लोकसभा चुनाव में कामठी में 1.36 लाख वोट मिले, ये चुनाव कांग्रेस जीत गई
• इसके बाद महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से पहले यहां 35 हजार नए वोटर जोड़े गए. ये सारे वोटर BJP के खाते में चले गए और BJP चुनाव जीत गई
• महाराष्ट्र में हमारा वोट कम नहीं हुआ है, BJP का वोट ज्यादा हुआ है
👉चुनाव आयोग हमें महाराष्ट्र की वोटर लिस्ट क्यों नहीं दे रहा है?
@RahulGandhi
चुनाव आयोग को राहुल गांधी जी के सवालों का जवाब देना चाहिए, लेकिन चुनाव आयोग इसका जवाब नहीं देगा, क्योंकि वह सरकार की गुलामी कर रहा है।
हमने महाराष्ट्र और दिल्ली के चुनाव आयोग में बार-बार शिकायत की, लेकिन उन्होंने कुछ नहीं किया।
दूसरी बात-
ये जो 39 लाख फर्जी वोट महाराष्ट्र में पड़े हैं, अब ये बिहार जाएंगे। ये फ्लोटिंग वोट हैं और जहां भी चुनाव होते हैं, वे घूमते रहते हैं। ये BJP का नया पैटर्न है, वे ऐसे ही चुनाव जीतते हैं।
इसलिए जो सवाल हमने उठाए हैं, वह देश के लिए काफी महत्वपूर्ण है। अगर देश में लोकतंत्र को जिंदा रखना है तो जनता को ये सवाल पूछना पड़ेगा।
: शिवसेना-UBT सांसद श्री @rautsanjay61
महाराष्ट्र चुनाव में गड़बड़ी हुई, राहुल गांधी ने महाराष्ट्र में निष्पक्ष चुनाव न होने का शक जताया और चुनाव आयोग से सवालों के जवाब मांगे।
5 महीने में 39 लाख वोटर कहाँ से आए?
मैं दिल्ली की जनता का हृदय से धन्यवाद करता हूँ, जिन्होंने मुझे 12 वर्षों तक उनकी सेवा करने का और बच्चों का भविष्य संवारने का अवसर दिया।
अगर शिक्षा प्रणाली में सुधार करना है, तो राजनीति ही उसका जरिया है। इसलिए मैंने अपना जीवन शिक्षा को समर्पित किया है और आगे भी इसके लिए काम करता रहूँगा।
जय हिन्द।
Harsh Treatment with Indians by America !!
Several indian deportees have reported being handcuffed and shackled while being transported back to India. These individuals, often economic migrants or asylum seekers, find themselves treated like criminals.
अब किसी का ख़ून नहीं खौल रहा?
अब किसी का राष्ट्रवाद नहीं जाग रहा है?
अब किसी को दिक़्क़त नहीं हो रही?
भारतीयों को चेनों में बाँध कर हथकड़ियाँ पहनाकर अमेरिका भेज रहा है, हमारे देश की महिलाओं तक को चेन में बांधा गया
एक नाकारी सरकार के साथ साथ वो सब लोग जो इसपर या तो चुप हैं, या आँखें मूँद ली हैं, या इसको सही ठहरा रहे हैं - आपका पाखंड और फ़र्ज़ी राष्ट्रप्रेम देखकर दुख नहीं होता गुस्सा आता है
देश प्रेम की बात करने वालों - अगर अपने साथी भारतीयों के साथ यह होता देखकर तुम ख़ुश हो रहे हो या सही ठहरा रहे हो तो ख़ाक प्यार करते हो तुम इस देश से
भारत माता की जय बोलने वालों - वो जय नदी नालों पेड़ पहाड़ों गाँव शहर से कहीं ज़्यादा हर एक भारतीय की है. क्रिकेट मैच में इंडिया इंडिया चीखने से, या जर्सी पहनना भर ही राष्ट्रप्रेम नहीं है - अपने मुल्क के लोगों के साथ अगर ग़लत हो तो उसके ख़िलाफ़ बोलना देशभक्ति है
किसी देश में अवैध रूप से जाना बिल्कुल ग़लत है, और हर देश उससे निपटने के लिए भी स्वतंत्र है
लेकिन पूरी दुनिया में डंका बजने का दावा करने वाले - अपने लोगों के साथ थोड़ी सी मानवता सुनिश्चित नहीं कर पाये?
हमसे छोटे देशों ने अपने नागरिकों को बेड़ियां पहनाने का विरोध किया और हमारी सरकार से एक चूँ तक ना निकला
यह इज़्ज़त है 140 करोड़ भारतीयों की? यह तूती बोल रही है हमारी की हमारे लोगों के साथ जानवरों जैसा व्यवहार हो?
यह इसलिए लिख रही हूँ क्योंकि एक बार सोचिएगा - अगर अपना बच्चा गलती करे तो आप उसको डाँटेंगे, शायद थप्पड़ भी जड़ दें लेकिन अगर कोई बाहरी व्यक्ति ऐसा करेगा तो आप कमर कस के लड़ने के लिए तैयार हो जाएँगे
तो हमारे लोगों के साथ अमेरिका ने इस बदसलूकी की सोची भी कैसे? अमेरिका ने हमारे देश के 104 लोगों को भेड़–बकरी की तरह जंजीरों से बांधकर खदेड़ दिया. भेजने से पहले डिटेंशन सेंटर में रखा, फिर 40 घंटे प्रताड़ित किया
आप जुमलों की बारिश करते रहे और हमारा देश बेइज़्ज़ती होता रहा. और नाकामी को सही कहने वालों की आत्मा तो कबकी मर चुकी है - अब दिखावा भी ख़त्म हो गया
क्योंकि जो भी हो, यह हैं तो अपने लोग ही. और मेरा राष्ट्रवाद इनके साथ हुई अमानवीयता को किसी क़ीमत पर ठीक नहीं ठहरा सकता - अगर आपका ठहरा रहा है तो लानत है आप पर!