Our Choice
This short clip was created using Google's Flow Sessions (@FlowbyGoogle)—an artist program where Google collaborates directly with creators. We would like to know: what is the daily video creation limit for the membership program?
#flowbygoogle#aicinema
@RailwaySeva hi PNR 6360525675
जो गाड़ी अभी तक लेट चल रही है मुझे स्टेशन पर बैठा 13 घंटा हो चुका है कृपया बताएं मुझे यहां ओर कब तक बैठना पड़ेगा
फिलहाल अभी हम दीनदयाल उपाध्याय स्टेशन पर बैठा हुं ये कैसी लापरवाही है सुबह 3 बजे से बैठें हैं जब हम पूछताछ करते हैं तो सिर्फ एक बात बोलते है गाड़ी आएगी लेकिन कब आएगी वो पता नहीं, अगर गाड़ी आ भी गई तो मुझे लगभग यहां 10 घंटा और बैठना पड़ेगा कृपया मुझे दूसरे गाड़ी का मुझे ऑप्शन दीजिए या कोई उपाय बताएं यहां हम कब तक बैठे रहे
@drmddu@drmbct@RailMinIndia
"एक 34 साल का व्यक्ति जब जीवन में सबकुछ हार गया, उसका बिज़नेस डूब गया, कर्ज़दार हो गया तो वह अपने उन सभी दोस्तों से मुँह छिपाकर जिनसे उसने कर्ज़ लिया था, दूसरे शहर भागकर चला आया और थका हारा एक बगीचे में बैठ गया। वह बहुत रोया, सिसका और सिर घुटने के बल रखकर बैठ गया।
तभी उसके पास 74 साल का एक बूढ़ा व्यक्ति आया और उस बूढ़े व्यक्ति ने उससे पूछा कि क्यों निराश हो? तो उस 34 साल के व्यक्ति ने अपनी पूरी व्यथा सुनाई। बूढ़े व्यक्ति ने जब उसे बताया कि उसका नाम रिचर्ड स्मिथ है तो वह 34 साल का व्यक्ति चौंक गया क्योंकि रिचर्ड स्मिथ उस देश का सबसे अमीर व्यक्ति था और बड़े बड़े राजनीति वाले लोग उसके आगे झुकते थे।
रिचर्ड स्मिथ ने उससे कहा कि तुमपर कितना कर्ज़ है, उस व्यक्ति ने अपना कर्ज़ बताया। तब रिचर्ड स्मिथ ने अपनी जेब से एक बैंक चेक निकाला और उस चेक पर कर्ज से चौगुना Amount भरकर उसे दिया और कहा कि "तुम इस चेक को यूज़ करने से पहले अपनी तरफ से एक कोशिश और करना और अगर फिर भी असफल रहो तो ये चेक यूज़ कर लेना। लेकिन जबतक तुम असफल न हो तबतक इस चेक को देखना नहीं, बगैर देखे अपने पास रख लो।
आगे रिचर्ड स्मिथ ने उससे कहा कि " मुझे पैसे लौटाने की कोई जरूरत नहीं है।"
34 साल के व्यक्ति ने कहा कि " आप अपना पता दे दीजिए मैं Thank-you बोलने तो आपके पास आऊँगा।"
रिचर्ड स्मिथ ने कहा " मैं यहीं इसी पार्क ने इतने बजे रोज़ आता हूँ तुम यहीं मिल लेना।"
34 साल का वह व्यक्ति वापिस अपने शहर गया और उसने उस चेक को संभाल कर रख दिया और खुद से कहा मैं इस चेक को यूज करने से पहले एक आखिरी कोशिश खुद से करता हूँ।
उसने कोशिश शुरू की और धीरे-धीरे सफल हुआ और ठीक 5 साल बाद अपने शहर का सबसे सफल बिज़नेसमैन बना।
अब वह व्यक्ति रिचर्ड स्मिथ को धन्यवाद कहना चाहता था सो वो वही चेक लेकर उसी शहर के उसी बगीचे में गया, उसने 1 घण्टा इंतज़ार किया पर रिचर्ड स्मिथ नहीं आए।
जब वह जाने लगा तो उसने देखा बगीचे के दूसरे कोने में रिचर्ड स्मिथ किसी व्यक्ति से बतिया रहे हैं। वह व्यक्ति छिपकर उनकी बात सुनने लगा।
रिचर्ड स्मिथ उस दूसरे व्यक्ति को भी चेक काट दे रहे थे, तभी 4 लोग भागकर आए और रिचर्ड स्मिथ को जबरदस्ती पकड़कर ले जाने लगे तभी वह व्यक्ति जो सफल बिज़नेसमेन बन चुका था, वो भागकर गया और रिचर्ड स्मिथ को छुड़ाने लगा। उन चार लोगों ने उस व्यक्ति को बताया कि "यह कोई रिचर्ड स्मिथ नहीं है, ये एक पागल व्यक्ति है जो हर रोज़ हॉस्पिटल से मरीज़ों के नाम लिखने वाली डायरी लेकर इस बगीचे में भागकर आता है और सबको बोलता है कि मैं रिचर्ड स्मिथ हूँ ये लो चेक, ये लो चेक। ये रिचर्ड स्मिथ नहीं है ये हमारा मरीज है जो 20 सालों से पागल है।"
जब उस 34 साल के व्यक्ति ने अपनी कोट की जेब में हाथ डालकर वह चेक निकाला तो उसने पाया कि वह चेक नहीं मरीज़ों के नाम लिखने वाली पर्ची है।
एक पागल व्यक्ति के फ़र्ज़ी कागज़ ने उस व्यक्ति में इतनी आशा भरी कि वह उस फ़र्ज़ी कागज़ के भरोसे सुकून से रहा और उसे यूज़ करने से पहले उसने अपनी आखिरी कोशिश की और सफल रहा।
सेवानिवृत्त मेजर जनरल, जो चलने-फिरने में असमर्थ थे, उन्हें घर के एक कमरे में फर्श पर गद्दा बिछाकर रखा गया था। नौकर को कहा गया कि उनकी पूरी देखभाल करना, हमें कोई शिकायत नहीं मिलनी चाहिए। बेटों की अभी-अभी शादी हुई थी।
एक बेटा गर्मियों की छुट्टियाँ बिताने फ्रांस चला गया, दूसरा लंदन और तीसरा पेरिस।
नौकर को सख्त हिदायत दी गई थी कि — “हम तीन महीने बाद लौटेंगे, तब तक पिताजी का पूरा ध्यान रखना, उन्हें समय पर खाना देना।”
नौकर बोला — “ठीक है सर!”
सब चले गए।
वो बूढ़े पिता घर के कमरे में अकेले सांस लेते रहे — न वो चल सकते थे, न किसी को आवाज़ लगा सकते थे।
नौकर ने घर को ताला लगाया और बाज़ार से सामान लेने चला गया। रास्ते में उसका एक्सीडेंट हो गया। लोगों ने उसे अस्पताल पहुँचाया, जहाँ वह कोमा में चला गया और कभी होश में नहीं आया।
नौकर के पास उस कमरे की चाबी थी, जिसमें मेजर जनरल साहब थे, और बेटों ने घर की बाकी चाबियाँ अपने साथ ले ली थीं।
इसलिए वह कमरा ताला बंद रह गया।
अब वो वृद्ध मेजर जनरल उस कमरे में बंद थे — न उठ सकते थे, न किसी को बुला सकते थे, न फोन कर सकते थे।
तीन महीने बाद जब बेटे लौटे और ज़बरदस्ती ताला तोड़ा गया, तब जो दृश्य था — वो देखने लायक नहीं था।
उनकी लाश की हालत देखकर हर किसी का दिल कांप गया।
यह घटना हमें सिखाती है कि हम कैसे अपनी सारी उम्र, अपनी मेहनत, अपना शरीर, अपना पैसा — सब कुछ अपने बच्चों के भविष्य के लिए लगा देते हैं।
परंतु उन्हें मानसिक, भावनात्मक और नैतिक रूप से मज़बूत बनाना भूल जाते हैं।
हर व्यक्ति वही काटता है जो वह बोता है।
हमें भी सोचना चाहिए कि हम अपने बच्चों को कैसी शिक्षा और संस्कार दे रहे हैं।
क्या हमारी हालत भी कहीं ऐसी तो नहीं होने जा रही?
भगवान करे ऐसा दिन किसी को न देखना पड़े। 🙏😔
यह सच्ची घटना है — जो इंसानियत और रिश्तों दोनों को शर्मसार करती है। मन सचमुच रो पड़ता है, यह सब सुनकर और देखकर। 💔
@CMOGuj@GujaratPolice Urgent complaint regarding the rudeness and arrogance meted out to us - seeking justice.
Respected Sir/Madam,
I went to Geeta's shop to buy electronics on October 18th at 6:30 pm. Please provide some guidance and assistance so that I can get justice. https://t.co/RaCwRsdW1g
We can't move forward without making a beginning or leaving our comfort zone. Just as a journey requires starting somewhere, progress in life requires taking steps.
@RailwaySeva We complained that my bag was stolen between Madhupur & DinDayal Upadhyay
It contained 50k cash & medicines worth 10 k Rs and we are taking them to Surat for treatment but we have not received any reply yet. We hope that we will get our bag back or no one will listen
@RailMinIndia@drmadiwr PNR 6819176794 हमने कंप्लेन किया कि मधुपुर और दीनदयाल उपाध्याय के बीच मेरा बैग चोरी हो गया
जिसमें 50 हज़ार कैश और 10 हज़ार की दवाई थीं जो हम इलाज़ के लिए सूरत जा रहे हैं लेकिन अभी तक कोई जवाब नहीं मिला उम्मीद रखें हमारा बैग मिलेगा या कोई नहीं सुनेगा 🥹
@drmadiwr PNR 6819176794 train no19436
मधुपुर और दीनदयाल उपाध्याय के बीच मेरा बैग चोरी हो गया
जिसमें 50 हज़ार कैश और 10 हज़ार की दवाई थीं जो हम इलाज़ के लिए सूरत जा रहे है हमनें 139 पर कंप्लेन भी किया हमारे पास पुलिस भी आया कंप्लेन ले कर गया अभी तक कोई जवाब नहींमिला @RailwaySeva