@AnilYadavmedia1 चंदा उगाही में ओबीसी समाज की भागीदारी अधिक है, चंदा देने में भी. हमें लगता है की चंदा का धंधा बंद होना चाहिए और पैस�� का सही उपयोग पढ़ाई, दवाई समाज देश के यथार्थ उन्नति में होना चाहिए।
ये सोचने का विषय है की जिस ईश्वर ने पूरी दुनिया बनाया उसे पैसे का क्या काम।
@samrat4bjp जय जय जय जय सम्राट।
सम्राट हैं तो सब संभव है।
आपके मुख्यमंत्री बनने से समाज में आत्मविश्वास जगा है।
आप से निवेदन है की बिहार के विकास दिन दूनी रात चौगुनी करें।
@PratikVoiceObc बहुत ही वहियात कि���्म के शिक्षा मंत्री है।
भारतीय संविधान वैज्ञानिक सोच की वकालत करता, ये झाड-फूँक करा रहा।
विश्व पटल पर जब विज्ञान लोगों को आश्चर्य में डाल रहा ये झाड-फूँक में मजे कर रहा।
बिहार में शिक्षा की हालत इन नमूनों ने क्या बना रखा है सर्वविदित है।
@Profdilipmandal बंडल देश को रोजी, रोटी, कपड़ा, मकान, शिक्षा, स्वास्थ की जरुरत है। भूखे के लिये भूख मिटाना ही उसका धर्म है।
अब हिन्दू में आने वाला ब्राह्मण मंडल सब को अपने यहाँ भोज खिलाएगा, मांगूर मछली।
@_KajalKushwaha हिन्दुओं के 36 कोटि देवी देवता।काल्पनिक ही हैं। अंध भक्ति अंध विश्वास।इस देश का मानव इ��ना दुख झेल रहा।देवता क्या केवल दर्शक हैं जो लोगों का दुख देख मजे कर रहें। बुद्ध,कबीर,फुले,बाबा साहेब को पढ़ो सब काल्पनिक ही हैं। आम जन में चेतना की कमी है।जिसका अनुचित लाभ पोंगा और नेता ले रहे।
@speak000000 ये मानसिक रूप से विक्षिप्त है। संत नहीं लंठ है।
शांति नहीं युद्ध की बात कर रहा। जातीय उन्माद बहुत है इसमें। इसे यूरेशिया भेजो। अंट संट बोलता है। इतना बड़ा योद्धा था तो इसके पूर्वज,मुग़ल,मुस्लिम,अंग्रेजों के गुलाम क्यों रहें।
@_KajalKushwaha तो क्या अंधभक्त हो जायें सब?
इस देश में जब संविधान नहीं था तब भी चार्वाक नामक नास्तिकों की परम्परा थी।
रावण के दस सर थे ये आश्चर्य है जिससे लोग भर्मित हो।
परिवर्त��� संसार का शाश्वत नियम है।
जिसके पास एक सर है वो भी राख में खाक होगा।
जिज्ञासु हैं सवाल उठाना हमारे रगो में है।
@yadavakhilesh सर् ��में भी एक लेपटॉप दे दीजिये जिसमे पढ़ने में सहूलियत हो।
हम भी PDA से हैं।
पैसे की कमी की वजह और बिहार सरकार की JP University की अनियमितताओं की वजह से पढ़ाई रुक गया।