माननीय श्री @myogiadityanath जी
आपको ये रोते बिलखते पंचायत सहायकों की चीख सुनाई नहीं दे रही होगी
ये पंचायत सहायक है, जो आपके द्वारा दी जाने वाली हर योजना का लाभ आमजन तक पहुंचाने का काम करते हैं।
आज वही पंचायत सहायक इस कदर रोने पर मजबूर है अभी तक इनकी बात नहीं सुनी गयी है
जनपद हापुड़ के ग्राम बदनौली में 4 सितंबर को दो पक्षों के बीच हुए विवाद पथराव एवं गोलीबारी की घटना में गंभीर रूप से घायल हमारे दलित समाज के 26 वर्षीय युवा दीपक जी की उपचार के दौरान दुखद मृत्यु हो गई थी।
आज मैं अपने साथियों के साथ पीड़ित परिवार से मिलने जा रहा था, लेकिन पुलिस प्रशासन ने हमें रास्ते में ही रोक दिया और पीड़ित परिवार से मिलने नहीं दिया।
यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है कि लोकतंत्र में विपक्ष के जनप्रतिनिधियों को अपनी आवाज उठाने और पीड़ित परिवार से मिलकर उनका दुःख साझा करने तक से रोका जा रहा है। सरकार द्वारा पुलिस-प्रशासन का इस प्रकार राजनीतिक इस्तेमाल लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
हालांकि, हमारी पीड़ित परिवार से वीडियो कॉल के माध्यम से बातचीत हुई है। हमने परिवार को हर संभव सहयोग देने और न्याय की इस लड़ाई में उनके साथ मजबूती से खड़े रहने का भरोसा दिलाया है।
परिस्थितियां सामान्य होते ही मैं स्वयं पीड़ित परिवार से मिलकर उनका दुःख साझा करूंगा और दीपक जी के परिवार को न्याय दिलाने की आवाज को पूरी मजबूती के साथ उठाऊंगा।
अजय राय तो गर्दे उड़ा रहे हैं।☠️
हम लोग बैठने वाले लोग नहीं हैँ,
चाहे लाठी चलेगी चाहे गोली चलेगी
हम लोग सामने छाती खोलकार खडे रहेंगे
@kashikirai Wildfire बने हुए हैं। 🔥
बकौल सरकार, अगर कलेक्ट्रेट परिसर की जमीन सरकारी होने के कारण वहां बनी मस्जिद को अवैध बताया गया और उसे बुलडोज़ कर दिया गया, तो हमारा सीधा सवाल है -
उसी कलेक्ट्रेट परिसर की जमीन पर मौजूद मंदिर को लेकर भी क्या यही नियम लागू होता है?
अगर मंदिर वैध है, तो किस आधार पर? और अगर मस्जिद अवैध थी, तो मंदिर की वैधता की जांच क्यों नहीं?
हमने यही सवाल उठाए तो मेरे खिलाफ मुकदमा दर्ज कर दिया गया!
रात के अंधेरे में एक मस्जिद को बुलडोज़ कर दिया जाता है। मस्जिद का जरूरी सामान - कुरान पाक, जानमाज़, तस्बीह आदि - मस्जिद से कई किलोमीटर दूर मलबे में पाया जाता है।
जब हम इस सच्चाई को Red Chilli Live के माध्यम से लोगों तक पहुंचाते हैं, तो हमारे खिलाफ मुकदमा ठोक दिया जाता है।
क्या सच दिखाना जुर्म है?
क्या सवाल पूछना जुर्म है?
क्या पत्रकारिता करना जुर्म है?
महिला पत्रकारों के खिलाफ बार-बार कार्रवाई और हमले की घटनाएं गंभीर चिंता का विषय हैं - कभी मुकदमों के जरिए तो कभी हिंसक तरीके से।
पत्रकारों पर हमला, लोकतंत्र की आवाज़ पर हमला है।
- पूजा माथुर
#SaharanpurMosque #Saharanpur #PoojaMathur #RedChilliLive
बहन @PoojaMathur01 आप उन पत्रकारों से लाख गुना बेहतर हो जो खुद को सेफ रखने के लिए सत्ता के दबाव में पत्रकारिता कर रहे हैं और सरकार के तलवे चाट रहे हैं,
सहारनपुर कलेक्ट्रेट वाली मस्जिद को लेकर के सच्चाई दिखाने पर आपके ऊपर दर्ज हुई एफआईआर सरकार के डर को दिखाती है।हम सब आपके साथ है
समाजवादी पार्टी, उत्तर प्रदेश
19, विक्रमादित्य मार्ग, लखनऊ
प्रकाशन/प्रसारण हेतु- दिनांकः 11.09.2026
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव से आज पंचायत सहायकों के प्रतिनिधिमंडल ने भेंट कर उन्हें अपना ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया है कि उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों के 58672 पंचायत सहायक 7 सितम्बर 2026 से इको गार्डन, लखनऊ में अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हुए हैं। सरकार की तरफ से उनकी मांगों का न कोई संज्ञान ले रहा है, न कोई प्रतिनिधि बात करने आया है।
श्री अखिलेश यादव ने पंचायत सहायकों के प्रति सहानुभूति जताते हुए भरोसा दिया कि सन् 2027 में समाजवादी सरकार बनने पर उनकी मांगों पर अमल किया जाएगा।
प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि धरना स्थल पर उन्हें परेशान करने के लिए पेयजल सुविधा नहीं मिल रही है। शौचालय में भी ताला डाल दिया गया है। पुलिस कभी भी बल प्रयोग कर उन्हें हटा सकती है। पंचायत सहायकों को अभी 6 हजार रूप का मानदेय दिया जा रहा है। जिसे बढ़वाने और नियमितीकरण की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरना जारी है। पंचायत सहायकों के प्रतिनिधि मंडल में सर्वश्री अभिषेक यादव, जिलाध्यक्ष, शिवम मिश्रा, आरफ खान, किरन देवी, वंदना देवी एवं पुष्पा देवी शामिल थी।
(राजेन्द्र चौधरी)
मुख्य प्रवक्ता
पंचायत सहायकों को महीने में 6 हज़ार सैलरी मिलती है, और काम कमर तोड़ लिया जाता है,
जिस दौर में चीनी सत्तर रूपये किलो और पेट्रोल 110 रूपये लीटर हो,
उस दौर में क्या 6 हज़ार में घर चलाना संभव है,
लेकिन मेन स्ट्रीम मीडिया को 57 हज़ार पंचायत सहायकों से कोई मतलब नहीं,
लेकिन जिसका कोई नहीं, उसका LEGEND है,
https://t.co/kmABUdQO5u
बार बार हमारी बातों को शासन द्वारा इग्नोर किया जा रहा है और अधिकारियों द्वारा केवल आश्वासन पे आश्वासन दिया जा रहभै कोई ठोस बात नहीं कि जा रही है जब तक हमारे हितों के लिएबात नहींहोगी हम इको गार्डन से हिलेंगे नहीं
पंचायत सहायक यूनियन जिंदाबाद
@UPGovt@mopr_goi@kpmaurya1@psunionup
कल 12 सितंबर शनिवार को और अधिक संख्या में पंचायत सहायक इको गार्डन लखनऊ पहुंचे।
अपनी दवाईयां,खाद्य सामग्री,तिरपाल, रेनकोट छाता लेकर आए।
#पंचायत_सहायक_का_मानदेय_बढ़ाओ
कल लखनऊ के ईको गार्डन में पंचायत सहायकों के बीच मिलते हैं।
बारिश हो या धूप, अपने हक़ की लड़ाई में हमारे भाइयों और बहन-बेटियों को अकेला नहीं छोड़ेंगे...
जय भीम! जय भारत! जय मंडल! जय संविधान!
#पंचायत_सहायक_का_मानदेय_बढ़ाओ#पंचायत_सहायक_नियमित_करो
Lucknow :
लखनऊ के ईको गार्डन में पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन उत्तर प्रदेश का धरना आज 5वें दिन भी जारी है।
प्रदेशभर से पहुंचे पंचायत सहायक ₹6,000 मानदेय बढ़ाकर ₹30,000 प्रतिमाह करने की मांग को लेकर डटे हुए हैं।
बड़ा सवाल पंचायत सहायकों की मांगों पर सरकार कब लेगी ठोस फैसला..?
🚨 BREAKING NEWS | पंचायत सहायकों का धरना जारी
लखनऊ के ईको गार्डन में पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन उत्तर प्रदेश का धरना आज 5वें दिन भी जारी है।
प्रदेशभर से पहुंचे पंचायत सहायक ₹6,000 मानदेय बढ़ाकर ₹30,000 प्रतिमाह करने की मांग को लेकर डटे हुए हैं।
पंचायत सहायकों की मांगों पर सरकार कब लेगी ठोस फैसला?
अब आश्वासन नहीं, सम्मानजनक मानदेय और ठोस निर्णय चाहिए!
@UPGovt@PSKUnionUP@uppanchayatiraj@UPOSKUnion@UPTakOfficial@kpmaurya1@brajeshpathakup@myogiadityanath
पंचायत सहायकों के संघर्ष को मेरा पूरा समर्थन है। लखनऊ ईको गार्डन में धरना दे रहे साथियों के बीच जल्द पहुंचकर उनका हौसला बढ़ाऊंगा और संबोधित करूंगा। हक और सम्मान की इस लड़ाई में किसान संगठन मजबूती से उनके साथ है।
@myogiadityanath@OfficialBKU@CMOfficeUP@UPGovt@RakeshTikaitBKU
🚨NYVAAN ने BJP के ₹1 लाख के वादे को चुनावी कर्ज बताकर घेरा
•मानक गुप्ता: AAP ने दिल्ली में कैश पॉलिटिक्स शुरू की और पंजाब में महिलाओं को पैसे देने में चार साल लगा दिए।
•NYVAAN 🔥: गलत। पंजाब में यह योजना जमीन पर पहले ही लागू हो चुकी है।
•मानक: पंजाब की योजना और यूपी के वादे में क्या अंतर है?
•NYVAAN: पंजाब ने ₹11,000 करोड़ जुटाए और ₹9,300 करोड़ वितरित किए। वहीं यूपी एक लोन को ₹1 लाख के चुनावी तोहफे के तौर पर पेश कर रहा है, लेकिन यह नहीं बता रहा कि इसके लिए पैसा आएगा कहाँ से।
•अनिला सिंह: यूपी का राजकोषीय घाटा पंजाब से कम है। आप बेनकाब हो गए।
•NYVAAN ⚡: पंजाब का घाटा घट रहा है, जबकि यूपी का बढ़ रहा है।
•अनिला: पंजाब की देनदारियां 46% हैं, जबकि यूपी की 23%। आपका मॉडल कहाँ है?
•NYVAAN 🎯: पंजाब को यह कर्ज विरासत में मिला था। हम उस कर्ज को चुका भी रहे हैं और साथ-साथ कल्याणकारी योजनाएं भी चला रहे हैं। 🔥
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी की सरकार पंचायत सहायकों की आवाज़ को अनसुना करना बंद करे।
लखनऊ के ईको गार्डन में प्रदेशभर से आए पंचायत सहायक अपने हक़, सम्मान और भविष्य की सुरक्षा के लिए संघर्ष कर रहे हैं। मानदेय बढ़ाने, सेवा संबंधी समस्याओं का समाधान, नौकरी की सुरक्षा और अपनी अन्य जायज़ मांगों को लेकर वे लगातार आंदोलनरत हैं।
सबसे दर्दनाक तस्वीर यह है कि भारी बारिश और तपती दोपहर में हमारी बहनें पेड़ों के नीचे तिरपाल के सहारे रहने को मजबूर हैं। रात होने के बाद भी उनका संघर्ष नहीं थमता। अपने हक़ की आवाज़ बुलंद करने के लिए उन्हें ईको गार्डन के अंदर कैंडल मार्च निकालना पड़ रहा है। दूसरी तरफ प्रशासन उनकी समस्याएँ सुनने के बजाय उन्हें वहाँ से हटाने पर आमादा है।
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी याद रखें, बारिश में भीगते हुए और अंधेरी रात में मोमबत्तियाँ लेकर न्याय मांग रहे पंचायत सहायकों की आवाज़ को दबाया नहीं जा सकता।
अगर जल्द ही पंचायत सहायकों की जायज़ मांगों पर ठोस और सम्मानजनक फैसला नहीं लिया गया, तो मैं स्वयं लखनऊ के ईको गार्डन पहुँचकर पंचायत सहायकों के बीच बैठूँगा। जरूरत पड़ी तो उनके साथ वहीं दिन-रात रहूंगा भी।
बारिश हो, तपती दोपहर हो या अंधेरी रात, अपने हक़ के लिए संघर्ष कर रही हमारी बहन-बेटियों को अकेला नहीं छोड़ेंगे।
@UPGovt आंदोलनकारियों को हटाने की कोशिश बंद करे, उनकी मांगें सुने और तत्काल समाधान निकाले।
जय भीम! जय भारत! जय मंडल! जय संविधान!
#पंचायत_सहायक_का_मानदेय_बढ़ाओ
#पंचायत_सहायक_नियमित_करो
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर सहारनपुर से सांसद इमरान मसूद ने अखिलेश यादव, सीट बंटवारे, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और असदुद्दीन ओवैसी पर खुलकर बात की.
सुनिए इमरान मसूद से हुई लल्लनटॉप की खास बातचीत.
Full Interview: https://t.co/tgkaTcKFth
@pankajjha_
जो इस बात का दंभ भरते हैं की यहाँ बाबा का राज है, बाबा के इजाज़त के बिना एक पत्ता नहीं हिलता उन्हें हम खुली चुनौती देते हैं कि आने वाले चुनाव में दिखा देंगे की बाबा का राज नहीं बल्कि बाबा साहेब का राज है।
:- नेहा बोरा
🚨 पंचायत सहायकों के संघर्ष में सांसद जी ने दिया समर्थन!
7 सितंबर से लखनऊ के ईको गार्डन में पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन उत्तर प्रदेश का धरना जारी है। प्रदेशभर से हजारों कर्मचारी ₹6,000 के मानदेय को बढ़ाकर ₹30,000 प्रतिमाह करने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं।
पूर्व लोकसभा सांसद @plpunia श्री पी.एल. पुनिया जी ने धरनास्थल पर पहुंचकर पंचायत सहायकों की मांगों का समर्थन किया और उनके संघर्ष में मजबूती से साथ खड़े होने का भरोसा दिलाया।
अब सरकार को भी पंचायत सहायकों की मांगों पर ठोस फैसला लेना चाहिए।