अभी एक वीडियो वायरल हो रही है नेहा राठौर जी की जिसमें एंकर महिला पूछ रही है कि भारत देश में सबसे अच्छा मुख्यमंत्री कौन रहा है। महिला एंकर नाम बता रही है कि योगी आदित्यनाथ या फिर अखिलेश यादव।
नेहा राठौर जी ने प्रश्न का उत्तर देते हुए कहा था कि मायावती जी अब यह बात हमारे लोगों को कब समझ आएगी क्योंकि उन्हें मालूम है कि जब एक साधारण से परिवार से उठी हुई महिला मुख्यमंत्री बनकर पूरे उत्तर प्रदेश जैसे राज्य में परिवर्तन कर दिया।
उनको पता जब जमीन स्तर पर से जो व्यक्ति उच्च स्तर पर जाता है तो उसे भारत की जमीनी हकीकत भी पता होता है इसलिए आयरन लेडी आदरणीया सुश्री बहन कुमारी मायावती जी को भारत की राजनीति बहुत अच्छी तरह से जानती हैं।
इसलिए बीजेपी, कांग्रेस, समाजवादी पार्टी जैसे दल सब मिलकर बसपा को सत्ता में आने से रोकना चाहते हैं अगर बहन जी सत्ता में आती है तो परमानेंट इनकी दुकानदारी बंद हो जाती है। बहन जी का लाइन ऑर्डर जैसा किसी की भी सरकार में नहीं रहा।
एक बार पुनः आदरणीया सुश्री बहन कुमारी मायावती जी को उत्तर प्रदेश का पांचवीं बार मुख्यमंत्री बनने का जनता अवसर प्रदान कर रही हैं।
@Mayawati@nehafolksinger
नीच लोगों से सावधान रहिए। 😡
RSS से जुड़े गिरीश चंद्र पांडेय और उसके गंवार गुर्गों ने कार्यक्रम स्थल का सिर्फ इसलिए "शुद्धिकरण" किया क्योंकि वहां खरगे जी ने सभा को संबोधित किया था।
अब दोषियों को बचाने के लिए कुछ दलितों से बयान दिलवा रहे हैं। सभी लफंगों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
टाइम्स नाउ की नाविका कुमार ने घोषणा कर दी है कि नेशनल सर्वे आ गया है अब कोटा में सुधार चाहिए।
कुल 17 लोगों ने जवाब दिया है, 14 ने ये कह दिया है।
गोदी एंकर ने 14-17 लोगों का देश बना लिया है।
ये 14-17 भी ऑर्गेनिक थे या अपने स्टूडियो से ही करवाया गया है?
एक बार फिर केंद्रीय मंत्री और सांसद चिराग पासवान ने आरक्षण विरोधियों को करारा जवाब देते हुए कहा है “आरक्षण था आरक्षण है और आगे भी रहेगा” और आरक्षण सामाजिक न्याय की लड़ाई को सशक्त बनाने की सोच है।ये कतई किसी को राहत या खैरात की सोच से नहीं बनाया गया है।
चिराग पासवान जिस तरीके से समाज को सर्वोपरि मानते हुए उनके हकों के लिए दमदार तरीके से आरक्षण के मुद्दे पर मुखर होकर आवाज बुलंद कर रहे हैं इससे उन्होंने साबित कर दिया कि समाज के स्वाभिमान से समझौता नहीं किया जाएगा।
चिराग पासवान भी अपने पिता की तरह दिलेर नेता हैं जो भी बात रखते हैं डंके की चोट पर रखते हैं।
सभी दलाल एंकरों को सूचित करना चाहते हैं हम चीनी ही खाना बंद कर रहे हैं मगर चीनी के दाम वापस कम करवाओ।
देश में 100 करोड़ से ज्यादा लोगों को एनर्जी कैलोरी मिठास की बहुत ज्यादा जरूरत है।
हमारी तुम्हारी तरह उनके लिए ये ज़हर नहीं जरूरत है, स्वाद का तो अमृत है।
देश के tax का पैसा जो देश में शिक्षा, हेल्थ, रोजगार,सुरक्षा पर खर्च ना करके अपने उद्योग पति दोस्तों की तिजोरी में डाल रही है.पुरा सिस्टम देश को खोखला कर रहा है.सरकारी स्कूलों की बिल्डिंग जर्जर हो गयी गरीब बच्चों वजीफा खत्म किया.गरीबों की थाली की रोटी छीन कर अमीरों को खिला रही है.
यह जातिवादी के साथ साइको भी हैं
प्रबल अंबेडकर ने बोला राम मंदिर चंदा चाय पर बोलो
तो सुनो कैसे मनुस्मृति का बीज अजीत भारती बौखला गया और माँ बहन की गाली देते हुए
अभद्र टिप्पणी करने लगा।
यह अपनी बहन के साथ वो सब करता हैं जो वीडियो में कह रहा हैं।
इसके जैसे वहशी आदमी का जेल में होना बहुत जरूरी हैं।
दूसरा राम रहीम है ये
So doing a Jaliawallah Bagh on fellow citizens?
This new BJP IT Cell team will ensure that whatever little support Modi has left, it will disappear soon also
खबर है कि आजमगढ़-गोरखपुर की मुख्य मंडल प्रभारी एवं लालगंज से सांसद प्रत्याशी डॉ इंदु चौधरी जी देवीपाटन मंडल की मुख्य प्रभारी बनाई गई हैं।
कुछ लोग कहते हैं कि बहनजी कभी अपने अलावा किसी अन्य महिला को पार्टी में आगे बढ़ाने का काम नहीं करती हैं और ना ही उन्हें बड़ी ज़िम्मेदारी देती हैं, देखिए आज इंदु चौधरी की कार्यशैली को देखते हुए उनका पार्टी में और बड़ा ओहदा ऊँचा किया है।
बहनजी ने हर पार्टी के उस कार्यकर्ता को आगे बढ़ाया है जिसने समर्पित भाव से काम किया हो लेकिन शर्त है कि जब आप शिखर पर पहुंच जाएं तब आपका पार्टी के प्रति भाव ना बदले और ना ईमान।
दिल्ली जंतर मंतर पर चले “आरक्षण हटाओ” आंदोलन में एक महिला ऑन कैमरा कैसे जातिवादी मानसिकता का परिचय देते हुए जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल कर रही हैं और कह रही हैं कि “पहले मोमडन से दबकर रहे अब ये “चूड़े चमारों” (जाटव-वाल्मीकि) से दबके रहेंगे तो कैसे हमारे बच्चे जियेंगे।
इस महिला कुंठित मानसिकता को देखकर एक कहावत याद आ गई कि “उल्टा चोर कोतवाल को डाटे” जातिगत टिप्पणी, उत्पीड़न शोषण और अत्याचार दलितों के साथ होता है और देखिए कैसे ख़ुद शोषित बता रही वो जातिगत टिप्पणी करते हुए।
ऐसे लोग कभी जातिवाद को खत्म नहीं कर सकते हैं बल्कि और बढ़ावा देते हैं जब ये महिला ऑन कैमरा जातिगत शब्दों का इस्तेमाल कर रही हैं तो सोचिए ये अपने घर या आस पास कितना जातिगत शब्दों का इस्तेमाल करती होगी।
डरपोक मत बनो, मनुवादियों।
आरक्षण हटाओ आंदोलन के नाम पर क्रांति शुरू की थी, अब डरकर आरक्षण सुधार की बात करने लगे।
तुम तो खुद को शूरवीर बताते हो। शस्त्र और शास्त्र से पूरा ब्रह्मांड हिला सकते हो, फिर कायरों की तरह समझौता क्यों कर रहे हो? अपनी मांगों से हरगिज पीछे मत हटो। ठीक है?
भाई मेरी लोकसभा है, तो कद्दावर कितने है ये हमें पता है।
इनको जितना वोट मिला वो सिर्फ़ और सिर्फ बसपा का वोट मिला, पूरी लोकसभा में 10000 वोट नहीं जोड़ पाएंगे अपने दम पर आपके कद्दावर साहब।