भास्कर ने बसपा की पोल खोलने के लिए हिडन इनवेस्टिगेशन किया, जिसमें इनका पत्रकार बसपा के यूपी अध्यक्ष विश्वनाथ पाल से मायावती जी से मिलने की इच्छा ज़ाहिर की,
विश्वनाथ पाल ने कहा बहन जी से मिलना है तो 5 लाख रुपए लेकर चलना होगा, इसका कोई हिसाब क़िताब नहीं रहेगा, और टिकट चाहिए तो 3.5 करोड़ देने होंगे,
बसपा ग्राउंड से गायब है, जमीन पर कोई संघर्ष नहीं दिखता, यही वजह है कि लोग बसपा से दूर होते जा रहे हैं, बसपा के नेता भी AC बंगलो से बाहर नहीं निकलते,
जब घर बैठे करोड़ों रुपए मिल जाए तो मेहनत क्यों करना, बसपा अस्त हो गई है भारतीय राजनीति में 🔥🔥🔥
ये हॉस्पिटल है या हत्या का गिरोह?
जौनपुर के बदलापुर में दलित समाज की गर्भवती महिला शारदा देवी डिलीवरी हेतु "मां हॉस्पिटल" में भर्ती हुईं।
डॉक्टर प्रदीप यादव और हॉस्पिटल स्टाफ शुरू से ही अवैध वसूली के चक्कर में डिलीवरी में देरी करते रहे। इनके लूट एवं लापरवाही के चलते महिला की हालत गंभीर होती गई। डॉक्टर सुरक्षित रूप से डिलीवरी कराने में असमर्थ थे, लेकिन वे सिर्फ पैसा वसूलने के लिए हीलाहवाली करते रहे।
इधर शारदा देवी प्रसव पीड़ा से तड़पती रहीं, लेकिन डॉक्टरों को इससे कोई फर्क नहीं पड़ा। आखिरकार मजबूरी में डॉक्टर प्रदीप यादव महिला को अपने परिचित के दूसरे अस्पताल, ईशा हॉस्पिटल, ले गए, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। यह देखकर डॉक्टर प्रदीप यादव मरीज का शव छोड़कर भाग गया। इस तरह डॉक्टरों और हॉस्पिटल की लापरवाही तथा धन वसूली की प्रवृत्ति के चलते जच्चा-बच्चा दोनों की जान चली गई।
पीड़ित परिवार 3 दिन से न्याय के लिए लड़ रहा है, लेकिन प्रशासन ने अभी तक हॉस्पिटल को सील नहीं किया है और न ही डॉक्टर प्रदीप यादव को गिरफ्तार किया है। हॉस्पिटल किसी भी मानक को पूरा नहीं करता, फिर भी वह धड़ल्ले से चल रहा है। बेहद शर्म और पीड़ा की बात है कि आज शाम महिला का शव पोस्टमार्टम के बाद घर पहुंचा, लेकिन मौके पर न DM पहुंचे, न SDM, न SP, n CMO और न ही थानाध्यक्ष। सबने पीड़ित परिवार को तड़पने, रोने और बिलखने के लिए अकेला छोड़ रखा है।
हमारे मित्र रंजीत कुमार राजा घटनास्थल पर मौजूद हैं और परिजनों के न्याय की आवाज उठा रहे हैं। परिवार ने तय किया है कि जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलेगा, तब तक वे शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। परिवार की ओर से हमारी मांग है;
1) दोषी डॉक्टर प्रदीप यादव को तत्काल गिरफ्तार किया जाए।
2) बिना रजिस्ट्रेशन के अवैध रूप से संचालित मां हॉस्पिटल को तत्काल सील किया जाए तथा हॉस्पिटल मानकों के उल्लंघन के कारण उस पर वैधानिक कार्रवाई की जाए।
3) मुसीबत की इस घड़ी में जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक एवं अन्य सक्षम अधिकारी पीड़ित परिवार से तुरंत मिलें और उन्हें कम से कम 20 लाख रुपये की सरकारी आर्थिक सहायता प्रदान करें।
4) सूचना है कि बदलापुर एवं जौनपुर में ऐसे अनेक अस्पताल धड़ल्ले से चल रहे हैं, जो हॉस्पिटल रजिस्ट्रेशन के किसी भी मानक को पूरा नहीं करते और मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ करते हैं। जिलाधिकारी एवं CMO इस पर स्वतः संज्ञान लें, ऐसे सभी अस्पतालों को तत्काल सील करें तथा दोषी डॉक्टरों एवं मालिकों पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करें।
इस गरीब दलित महिला की मौत पर स्वास्थ्य मंत्री, मुख्यमंत्री, राष्ट्रीय महिला आयोग, अनुसूचित जाति आयोग एवं राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग को तत्काल संज्ञान लेना चाहिए।
@jaunpurpolice@IgRangeVaranasi@brajeshpathakup@UPGovt@Mayawati
उत्तराखंड के टिहरी जिले के लंबगांव थाना क्षेत्र अंतर्गत देवल गांव में 18 वर्षीय दलित युवक केतन लाल की जातीय घृणा से प्रेरित निर्मम हत्या पूरे देश और समाज के लिए शर्म और चिंता का विषय है।
परिजनों के अनुसार, केतन को प्रेम संबंध के कारण सुनियोजित तरीके से बुलाया गया, बंधक बनाया गया और पूरी रात लाठी-डंडों तथा बेल्ट से बेरहमी से पीटा गया। प्रेमिका के सामने ही उसे इतना प्रताड़ित किया गया कि अंततः उसकी मृत्यु हो गई। हत्यारोपियों के हौसले इतने बुलंद थे कि उन्होंने स्वयं परिजनों को फोन कर धमकी भरे अंदाज़ में कहा- 'अपने बेटे को यहां से उठाकर ले जाओ।यह घटना केवल एक हत्या नहीं, बल्कि संविधान, समानता और मानवता की हत्या है।
आज भी यदि किसी दलित युवक को केवल इसलिए मार दिया जाता है क्योंकि उसने तथाकथित सवर्ण जाति की लड़की से प्रेम करने का साहस किया, तो यह साबित करता है कि जातिवादी मानसिकता समाज और व्यवस्था दोनों के लिए गंभीर खतरा बनी हुई है।
हमारी संवेदनाएँ शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। प्रकृति उन्हें इस असीम दुःख को सहने की शक्ति दे।
हम @ukcmo से मांग करते हैं कि इस जघन्य हत्याकांड में शामिल सभी आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार किया जाए, उन पर हत्या, आपराधिक षड्यंत्र, अपहरण, बंधक बनाने तथा एससी/एसटी अत्याचार निवारण अधिनियम की कठोरतम धाराओं के तहत कार्रवाई की जाए। मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराकर दोषियों को जल्द से जल्द कड़ी सजा दिलाई जाए।
@pushkardhami
लालू यादव का जातिवादी मुखौटा।
RJD नेता शिवचंद्र राम पार्टी में अपमान और अनदेखी से आहत होकर आज सबके सामने फूट-फूटकर रो रहे हैं।
दूसरे दलों में जाकर अपना खून पसीना बहाने वाले दलित समुदाय के नेताओं का अंततः यही हश्र होता है। लालू-तेजस्वी का समाजवाद केवल उनकी जाति तक सीमित है।
दलित युवक की भयावह हत्या। 💔
उत्तराखंड के टिहरी में एक दलित लड़का और द्विज हिंदू
लड़की आपस में प्रेम करते थे। लड़की के घरवालों ने धोखे से घर बुलाया और फिर पीट-पीटकर हत्या कर दी।
लड़का भी हिंदू था। फिर भी जाति की वजह से उसे दोयम दर्जे का हिंदू समझा गया। अतः उसकी हत्या कर दी गई।
सपा के प्रवक्ता राजकुमार भाटी ने एक चैनल को दिए गए इंटरव्यू में आजाद समाज पार्टी को लेकर बेहद घमंड भरे लहजे में बात की है।
उन्होंने कहा कि चंद्रशेखर की सत्ता परिवर्तन रैली में मात्र 500-1000 लोग ही आ रहे हैं जबकि हमारी रैली की पूरे देश में चर्चा है।
आपकी क्या राय है इस बयान पर?
सत्ता परिवर्तन यात्रा के दौरान वैनिटी वैन से दहाड़े नगीना सांसद चंद्रशेखर आज़ाद! 🔥
2027 में इस जालिम हुकूमत को उखाड़ कर फेंकेंगे,
#SattaParivartanYatra@AzadSamajParty@ASP4UP
@journalist_syed@PRAMOD88INDIAN@Mayawati सर कोई प्रोग्राम कोई रैली कोई आगाज ,कुछ होगा या नहीं होगा ! 6 महीने है चुनाव को दलितों की हत्या पे बोल नहीं रहे है अब भी सिर्फ मीटिंग मीटिंग होगा तो हम समझेंगे कि हमे मूर्ख बनाया जा रहा है ।
पिछले कुछ समय में इस पार्टी के लोगों ने राजनीति के स्तर को जिस लेवल तक गिराया है वो शर्मनाक है👇🏼
यह इस बात का प्रमाण भी है कि अब इनके पास मुद्दे या जनता के लिए कोई एजेंडा या प्लानिंग नहीं है। ये लोग सिर्फ दूसरों को गालियां देकर, उल्टी-सीधी फोटो एडिट करके आदि माध्यमों से दूसरों को नीचे गिराने का प्रयास करते हैं
ये स्वयं अपनी कमजोरी को सार्वजनिक कर रहे हैं कि ये किस स्तर तक डरे हुए हैं
रही बात चन्द्रशेखर आजाद की, तो जितना जोर लगाना हो लगा लो। न तो अभी तक रोक पाए हो और न आगे रोक सकते हो...!!
मकानों की जनगणना व आने वाली जातिगत जनगणना मे अनुसुचित जातियो को ध्यान रखना चाहिए कि;
"आरक्षण का निर्धारण उनके प्रतिशत के आधार पर होता है"
1.जनसँख्या का प्रतिशत ज्यादा होने पर केंद्र व राज्य सरकार पर आरक्षण बढाने का दवाब बनाया जाता रहा है।
2.एससी/एसटी की जिम्मेदारी है कि वो सुनिश्चित करे कि जनगणना वाले ने उसकी सही सही जाति भरी है या नही।
3.गलत जानकारी राष्ट्रीय स्तर पर एससी प्रतिशत को नुकसान कर सकता है। जनगणना करने वाले का सही जानकारी भरने हेतू सहयोग करे। कोशिस करे कि स्वयं अपनी जनगणना के डेटा ऑनलाइन जाकर डाले। कोई जातिवादी जनगणना करने वाला ऐसा करते दिखे तो उंसकी डीएम को शिकायत करे।
इसके अलावा;
एससी अगर धर्म के कॉलम में ईसाई या मुस्लिम लिखवाता है तो भविष्य में उसका जाति प्रमाणपत्र चैलेंज हो सकता है। रद्द हो सकता है। इसका ध्यान रखे। एससी का आरक्षण केवल;
"बौद्ध, सिख, हिन्दू" धर्म को मानने वाले अनुसुचित जाति के व्यक्ति को ही मिलेगा।।
इसे गम्भीरता से ले। जनगणना विषय आपके मानव अधिकारों व प्राकृतिक अधिकारों जिसमे संसाधनों पर हिस्सेदारी से जुड़ा हुआ व काफी महत्वपूर्ण विषय है।
विकास कुमार जाटव
बिजनौर से सत्ता परिवर्तन यात्रा की शुरुआत।
यह यात्रा सिर्फ एक राजनीतिक अभियान नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय, संविधान और जनता की आवाज़ को मजबूत करने का संकल्प है।
बदलाव का कारवां निकल पड़ा है, अब जनता अपनी हिस्सेदारी और अधिकार की बात करेगी।✊
#सत्ता_परिवर्तन_यात्रा#चंद्रशेखर_आजाद
पूरे दिन प्रशासन से लड़ाई लड़ी, कई किलोमीटर पैदल यात्रा की और अब रात के सवा 12 बजे का समय हो रहा है फिर भी @BhimArmyChief चन्द्रशेखर आजाद अपने लोगों के बीच संघर्ष कर रहे हैं😳
और कुछ आलसी नेताओं को लगता है कि वो सालों साल एसी में पड़े मलाई चाटकर चुनाव के वक्त समाज के बीच आएंगे और समाज उन्हें स्वीकार कर लेगा, गलतफहमी मन से निकाल देना
चन्द्रशेखर आजाद अब बहुजन समाज का कोई विकल्प नहीं बल्कि प्राथमिकता हैं...!!
बिजनौर से आज , आज़ाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद ने सत्ता परिवर्तन यात्रा का आगाज़ किया ! इस दौरान कार्यकर्ता बेहद उत्साह से उनके साथ दिखाई दिए ! चंद्रशेखर को 2027 के विधानसभा चुनाव में नजरअंदाज करना कठिन होगा ! उनकी गति बढ़ती ही जा रही है।
@AzadSamajParty@BhimArmyChief
#chandrashekharazad