Three-Day Bank Strike has been deferred. But five-day week is a good idea for bank employees and bank balance sheets. Customers will not suffer in a digital economy, if planned with care. Win-win-win for all three. Latest #BankersTrust in @bsindia
#Opinion | Five-day banking: Is it time to end Saturday branch work?
Banks have observed holidays on the second and fourth Saturdays since 2015. With #digitalpayments now handling most transactions, @TamalBandyo makes the case for extending the holiday to all Saturdays.
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बैंक कर्मचारी हड़ताल पर हैं। कारण पूछने पर यही लगा कि जिस बैंक की नौकरी को अच्छी नौकरी में गिना जाता था, उसकी हालत बदतर हो गई है। टारगेट के नाम पर कर्मचारी देर शाम तक रोके जाते हैं, छुट्टी नहीं दी जाती है,
तनाव रोज़ का हिस्सा है। काम करने की जगह भी अच्छी नहीं है। ऐसा लगता है कि बैंकर को सज़ा दी जा रही है कि उन्होंने बैंक की नौकरी क्यों की। लोगों ने बताया कि अत्यधिक तनाव के कारण बीमारियाँ होने लगी हैं।
एक बैंकर ने यह भी बताया-
सुबह 8:00 बजे घर से निकलने वाला बैंकर रात को 8:00 या 9:00 बजे के बाद ही घर लौट पाता है, क्योंकि एनपीए (NPA - गैर-निष्पादित परिसंपत्ति) को रोकने का भारी दबाव होता है। हर खाते की मंथली ईएमआई (EMI) होती है, और यदि वह 90 दिनों तक जमा न हो, तो खाता एनपीए हो जाता है। ऐसे में रीजनल ऑफिस से ब्रांच हेड पर दबाव आता है कि यह खाता आज किसी भी हाल में एनपीए नहीं होना चाहिए। पहले केवल महीने की आखिरी तारीख को एनपीए रोकने का दबाव होता था, लेकिन अब हर सिंगल डे (प्रतिदिन) यह प्रेशर रहता है।
रात के 9:00 बज रहे होते हैं और रीजनल ऑफिस से फोन आता है कि "किसी भी तरह इस खाते को बचाइए।" थक-हारकर जब ब्रांच हेड को लगता है कि उसे अब घर जाना चाहिए, तो वह अपनी जेब से 2,000, 4,000 या 10,000 रुपये तक की ईएमआई खुद भर देता है। बाद में ग्राहक वह पैसा लौटाता नहीं है, जिससे बैंक मैनेजर के अपने पैसे डूब जाते हैं।
बैंक में दिनभर कई तरह के मानसिक तनाव झेलने पड़ते हैं। आपको रिकवरी के लिए फील्ड में निकलना होता है। वहाँ कोई ग्राहक आपको ब्लैकमेल करता है कि "मेरे घर मत आओ, नहीं तो मैं पैसा जमा नहीं करूँगा, सिर्फ़ फोन पर बात करो।" फोन पर बात करने के दौरान ग्राहक कभी-कभी अभद्र और गाली-गलौज वाली भाषा का प्रयोग करते हैं। उस तनाव में यदि मैनेजर के मुँह से गलती से भी कोई गलत बात निकल गई, तो ग्राहक उसकी कॉल रिकॉर्डिंग करके ब्लैकमेल करने लगता है।
कृपया बैंकर की बात सुनें । कोई रास्ता निकालें।
Give credit where it is due .
I am in banking industry since 1985 and I never seen 3 days strike happening across all public sector banks .
This is unprecedented and for this UFBU leadership deserve our appreciation.
Hi @Meghnamittal23 , As per your Report, Fin Ministry never agreed on 5 Days Work Week, Bipartite is signed document b/w both parties, Show Ur Sources this Doc & Ask 👇
@centralbank_in क्या आपका बैंक रोबोट द्वारा चल रहा है क्या? प्रबंधन भी 60 वर्ष आयु पूरी करते ही बाहर बैठेगा फिर बोलेगा कि बैंक में पेंशन कम है, नेता लोगों को हमारी बात उठानी चाहिए
@NCIBHQ तुम्हारी तकलीफ सिर्फ बैंक से ही क्यों है!
▶️RBI- 5days
▶️DFS - 5 days
▶️LIC - 5 days
▶️CVC - 5 days
▶️SEBI - 5 days
▶️BSE- 5 days
▶️NSE- 5 days
▶️NPCI - 5 days
▶️IRDAI- 5 days
▶️Ministry - 5 days
▶️State Govt - 5 days
▶️NABARD-5 days
कभी बैंक जाया करो, लिखने से पहले
कहानी यहीं खत्म नहीं होती.. आज देश की पाठशाला में सरकारी और प्राइवेट, दोनों बैंक्स में बैंक कर्मचारियों का क्या बुरा हाल हो रखा है उसका मुद्दा फिर उठाएंगे.. आप भी देखिए @News18India पर कि क्या ही गजब हो रखा है।