पहले कागज पर मेरा अस्तित्व समाप्त किया गया,गांव को शहर घोषित करके अब भूतल से नामों निशान मिटने को है कौन सुनेगा मेरी और मेरे निवासियों की - रन्हेरा कि पुकार
@ceoup@CMOfficeUP@CommissionerMe3@dmgbnagar@DhirendraGBN मैं गाँव रन्हेरा (Ranhera) का निवासी हूँ, जिसकी सही स्पेलिंग Ranhera है जबकि सभी सरकार�� पोर्टल्स पर Ranhara आता है जो कि ग़लत है कृपया संज्ञान ले, और हमारे गाँव की सही स्पेलिंग “Ranhera ” को सभी पोर्टल्स पर मेंशन किया जाए ।
और गांव को शहर बनाकर मुआवजा तो आधा कर ही दिया गया है अब गांव के नाम को भी मिटा देना चाहते हो वैसे ही विस्थापन के बाद पहचान का संकट तो आना ही है कम से कम कागजों में तो गांव का नाम बना रहने दो
स���प्रीम कोर्ट के फैसले के अनुसार, य��ि कोई OBC (अन्य पिछड़ा वर्ग) उम्मीदवार सामान्य वर्ग (General Category) के कट-ऑफ से ज़्यादा अंक प्राप्त करता है, तो उसे सामान्य वर्ग की सीट पर समायोजित (adjust) किया जाता है, जिससे वह अपनी OBC सीट किसी अन्य OBC उम्मीदवार के लिए छोड़ देता है, बशर्ते भर्ती नियमों में कोई रोक न हो और वह सामान्य वर्ग के मानदंडों को पूरा करता हो। यह योग्यता (merit) के आधार पर होता है, जिससे OBC उम्मीदवारों को आरक्षण का वास्तविक लाभ मिलता है और सामा��्य सीटों पर अधिक मेरिट वाले उम्मीदवार को जगह मिलती है।
राहत की बात है कि दिल्ली में यमुना जी के जलस्तर में तेजी से कमी आ रही है।आज फिर हमने बाढ़ पीड़ितों की सुविधाओं देखभाल का जायजा लिया.. पिछले 11 वर्षों में पहले बार बाढ़ पीड़ित दिल्ली सरकार की सुविधाओं से संतुष्ट दिखे। धन्यवाद मुख्यमंत्री @gupta_rekha जी..
विधायक अजय महावर जी DM नार्�� ईस्ट दिल्ली अजय जी भी दौरे में साथ रहे ।
जिलाध्यक्ष यू के चौधरी जी बल्लन जी पार्षद रेखा रानी जी, विजेंद्र चौधरी, मंडल अध्यक्ष राजेश पाल, पूर्वांचल मोर्चा प्रदेश मंत्री संजीव चौधरी, विपिन,रामनरेश पाराशर जी भुवनेश सिंघल जी आदि कई साथी साथ रहे..
#yamunaflood2025
आख़िर शासन प्रशासन क्यों अंधा बहरा हो रहा है क्या उसको ये सब नहीं दिख रहा या देखने की देखने की कोशिश नहीं कर रहे अगर अधिकारी ये समझते है कि ये चंद लोग हैं तो वो इस ग़लत फ़हमी को निकाल दे और किसानों की सुने @DhirendraGBN@dr_maheshsharma@dmgbnagar@myogiadityanath@Baliyan_x
Momnathal village of Sector 150 completely inundated with flooded Yamuna. Villagers here allege that no one from admin nor any public representative has visited them or offered help!
देश में जब जब आपदा आती है किसान ही मदद के लिए सबसे पहले सामने आता है।
-पंजाब में बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए ग्रेटर नोएडा से भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता ने राहत सामग्री भेजी। सभी को मदद के लिए आगे आना चाहिए।
@RakeshTikaitBKU