यह बेहद शर्मनाक और पत्रकारिता की आज़ादी पर हमला है। इस पूरे मामले की तत्काल निष्पक्ष जांच हो और दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
क्या इस देश में अब एक मुसलमान को पत्रकारिता करने की भी इजाज़त नहीं है? क्या एक मुस्लिम महिला पत्रकार रिपोर्टिंग नहीं कर सकती, मुख्यमंत्री से सवाल नहीं पूछ सकती?
We stand with Shaheen Khan and @4pmnews_network
नीतीश कुमार जी की एक घटिया हरकत का परिणाम ये हुआ है कि उस बहन ने नौकरी ना करने का फैसला किया है, नीतीश जी में अगर थोड़ी भी आत्मग्लानि बची हो तो उन्हें उस बहन को बुला कर अपनी घटिया हरकत के लिये देश भर की सभी महिलाओं से माफ़ी मॉंगनी चाहिए।
@ShayarImran
बिहार के मुख्यमंत्री नितीश कुमार द्वारा कल एक मुस्लिम महिला को नियुक्ति पत्र देते समय उनके चेहरे से नक़ाब खींचने की घटना अत्यंत दुःखद, निंदनीय और अस्वीकार्य है। किसी भी व्यक्ति के धर्म, आस्था, संस्कृति और सभ्यता के साथ इस प्रकार का व्यवहार न तो मानवीय है और न ही संवैधानिक मूल्यों के अनुरूप।
भारत का संविधान प्रत्येक नागरिक को सम्मान, गरिमा और धार्मिक स्वतंत्रता का अधिकार देता है। कोई भी व्यक्ति—चाहे वह कितने ही बड़े पद पर क्यों न हो—इन अधिकारों का उल्लंघन नहीं कर सकता।
भीम आर्मी-आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा करती है और माननीय मुख्यमंत्री @NitishKumar जी से मांग करती है कि वे मुस्लिम महिला के अपमान के लिए सार्वजनिक रूप से बिना शर्त माफी मांगें।
हम बिहार और पूरे देश के नागरिकों से अपील करते हैं कि वे अपने मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट हों और एक ऐसे भारत का निर्माण करें जो समानता, सम्मान और संवैधानिक मूल्यों पर आधारित हो।
@officecmbihar
कन्नौज (यूपी) मे एक इंटर कॉलेज के कार्यक्रम के दौरान मौजूद सब इंस्पेक्टर अफाक खान ने बेटियो की शिक्षा के संदर्भ मे पैगम्बर मोहम्मद (ﷺ) की तालीम का उल्लेख किया तो उनको लाइन-हाजिर कर दिया गया
वही अनुज चौधरी वर्दी मे धार्मिक यात्रा मे हाथ मे गदा उठाता है तो उसका प्रमोशन हो जाता है
नितीश कुमार द्वारा मुस्लिम महिला डॉक्टर का नकाब खींचन का मामला अब सियासी तौर पर भी चर्चा में आ चूका है। कल BJP के मंत्री संजय निषाद ने भी इस मामले में कहा था कि नकाब छू लिया, अगर कहीं और छू लेते तो। इस पर अब समाजवादी पार्टी कि नेता सुमैया राणा ने लिखित शिकायत दी है।
डॉक्टर्स के नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का हिजाब हटाना अब विवाद की शक्ल ले चुका है. एक महिला को नियुक्ति पत्र सौंपते समय नीतीश कुमार ने उसका हिजाब खींचा, जिसे लेकर बिहार से जम्मू कश्मीर तक सियासत गर्म हो गई है. पहले जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने इसे लेकर सीएम नीतीश कुमार पर हमला बोला, वहीं अब मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला का भी बयान आया है.
सीएम उमर अब्दुल्ला ने नीतीश कुमार के हिजाब हटाने की कोशिश से जुड़े वायरल वीडियो पर कहा है कि पहले नीतीश को एक सेक्युलर नेता माना जाता था. लेकिन अब उनका असली चेहरा सामने आ रहा है. उन्होंने कहा कि अगर मुख्यमंत्री नीतीश को हिजाब लगाए महिला को जॉइनिंग लेटर नहीं देना था, तो वह उसे एक तरफ कर देते. जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री ने कहा कि इस तरह से सार्वजनिक मंच पर किसी को अपमानित करना ठीक नहीं है.
पूरी खबर: https://t.co/wov6iAapAY
#Bihar #NitishKumar #HijabControversy #OmarAbdullah #ATCard
मुसलमानों के प्रति नफरत इतनी बढ़ गई है कि गर्भवती मुस्लिम महिला पर एक संघी ने हॉस्पिटल में लात मारी।
अकबरपुर मेडिकल कॉलेज में डेली चेकअप के लिए गई गर्भवती महिला रुख्सार के पेट पर वहीं के कर्मचारी रोहित यादव द्वारा लात मारने की घटना तूल पकड़ चुकी है. मामले की जानकारी मिलते ही उत्तर प्रदेश राज्य मंत्री प्रतिभा शुक्ला मौके पर पहुंचीं और पीड़िता से मुलाकात की. इस मामले की शिकायत के बाद पुलिस जांच में जुट गई है.
कन्नौज: हज़रत पैगंबर मोहम्मद (स.) की शिक्षाओं का जिक्र करने के मामले में ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर मोहम्मद आफ़ाक़ को किया निलंबित।
कन्नौज में ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर आफ़ाक़ ख़ान को लाइन हाजिर कर दिया गया है। सोशल मीडिया पर लाखों फॉलोअर्स रखने वाले आफ़ाक़ ख़ान अपनी रील्स में आमतौर पर यातायात जागरूकता से जुड़े संदेश देते रहे हैं।
हाल ही में एक कॉलेज कार्यक्रम के दौरान बेटियों की सुरक्षा पर बोलते हुए उन्होंने पैग़म्बर मोहम्मद साहब का उल्लेख करते हुए कहा था कि जिस घर में बेटी पैदा होती है, उस घर में रहमत बरसती है। इसके बाद बजरंग दल की ओर से शिकायत दर्ज कराई गई कि वर्दी में रहते हुए धार्मिक शिक्षा दी जा रही है। शिकायत के बाद कन्नौज एसपी ने कार्रवाई करते हुए आफ़ाक़ ख़ान को लाइन हाजिर कर दिया।
The chief minister of India's Bihar state has sparked outrage for pulling down a Muslim doctor’s face veil during a public event where newly-recruited alternative health practitioners were given their letters of appointment.
सपा नेता सुमैया राना ने नीतीश कुमार के खिलाफ दर्ज कराई शिकायत
◆ कहा-"समझ नहीं आ रहा है कि यह लोग महिलाओं के प्रति कैसी सोच रखते हैं"
#SumaiyaRana | Sumaiya Rana | #NitishKumar
في ولاية أوتار براديش، اعتدى وزير التعليم العالي ناتيش كومار على طبيبة مسلمة حديثة التعيين بشدّ حجابها أمام الملأ، في جريمة صريحة تنتهك الكرامة، والدين الإسلامي.
الفعل ليس تصرفًا فرديًّا، بل رسالة ترهيب للمرأة المسلمة، ولا يُقبل معه الصمت إذ يأتي في ظل تصاعد التضييق على مسلمي الهند من هذه الحكومة المتطرفة.
#جرائم_الهند
कन्नौज (यूपी) में एक इंटर कॉलेज के कार्यक्रम के दौरान दिए गए भाषण को लेकर विवाद खड़ा हो गया। कार्यक्रम में मौजूद ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर आफ़ाक़ खान ने बेटियों की शिक्षा के संदर्भ में पैगम्बर मोहम्मद (ﷺ) की तालीम का उल्लेख किया। इस दौरान वह वर्दी में थे, जिस पर हिंदूवादी संगठनों ने आपत्ति जताई।
विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल ने इस मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक से शिकायत दर्ज कराई और वर्दी में धर्म विशेष से जुड़ी बात कहने को संविधान और सेवा नियमों के खिलाफ बताया। कार्यक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला और तूल पकड़ गया।
विवाद बढ़ने के बाद पुलिस प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर आफ़ाक़ खान को लाइन हाजिर कर दिया है। मामले की विभागीय जांच की जा रही है।