7 वर्षीय रागिनी के गांव पहुंचकर उससे मुलाकात की। पढ़ाई के जज्बे को देखते हुए ट्राईसाइकिल, किताबें, खिलौने, क्रच, टीएलएम किट व शैक्षिक सामग्री दी। पैर के ऑपरेशन हेतु CMO को जांच व उपचार के निर्देश दिए। शौचालय व सड़क मरम्मत की भी व्यवस्था के निर्देश दिए।
अभी जो सूचना है, उसके मुताबिक 60 हजार शिक्षकों की भर्ती का विज्ञापन अगले महीने आने वाला है।
एक अधिकारी का तो यह भी दावा है कि दिसंबर तक नियुक्ति दे देंगे।
हालांकि व्यवहारिक रूप से यह संभव नजर नहीं आता। लेकिन चुनाव क्या न करवा दे। बहुत सारे अप्रत्याशित फैसले देखे हैं।
किसी से प्रेम हो जाए तो उसे पाने की ज़िद मत करना, बस उसके होने से जो खुशी तुम्हारे भीतर खिली है, उसे खिलने देना क्योंकि हर प्रेम का मुक़ाम मिल जाना नहीं होता कुछ प्रेम सिर्फ़ हमें भीतर से सुंदर बनाने आते हैं.. उसके लिए उस व्यक्ति को धन्यवाद देना,जिसने तुम्हारे भीतर प्रेम जगाया...
- First to achieve 100 wickets in all the formats.
- 4 wickets in 4 balls in both ODIs and T20is.
- 5 hat-tricks in international cricket.
- 170 IPL wickets.
HAPPY BIRTHDAY TO THE GOAT FROM SRI LANKA - LASITH MALINGA. 🌟
पुराने जमाने में एक कहावत थी,
"जितने हाथ उतनी कमाई"
एक आदमी के 15 बच्चे हो जाते थे
फिर कहावत आई बच्चे हो चार,
सुखी रहेगा परिवार
तीसरी कहावत आई "हम दो हमारे दो"
अब जमाना हैं शेर का बच्चा एक ही अच्छा
अब आनने वाले समय में कहावत आएगी
“ना बच्चा, न बच्ची, नींद आये अच्छी।।
शिक्षक भर्ती कब आएगी?
यूपी के करीब 25 लाख युवाओं के मन में यह सवाल रोज आता है। रोज क्या कहें, हर पल आता है। ये वो युवा हैं जिन्होंने लाखों रुपए खर्च करके पढ़ाई की। कोचिंग की। अपने जीवन का सबसे कीमती वक्त दिया। लेकिन अब तक एक अदद मौका नहीं मिल सका।
इंतजार की भी तो एक इंतहा होती है न? बाकी किसी काम में लेटलतीफी नहीं होती फिर युवाओं के हिस्से ही यह लेटलतीफी क्यों आती है? सरकार के पास तो अपना पूरा सिस्टम है। अधिकारी हैं, पेपर बनाने वाले विद्वान हैं। वह सैलरी ले ही रहे फिर काम क्या कर रहे?
सरकार को तुलनात्मकता वाले खांचे से बाहर आना चाहिए। पुरानी सरकारों ने कितनी भर्ती की जैसे जवाबों का अब कोई औचित्य नहीं। अब सवाल यही है कि आपने युवाओं को कितना मौका दिया?
फिर से कह रहा हूं, 8 साल का वक्त बहुत ज्यादा होता है। शिक्षक भर्ती से जुड़ा युवा हताश, निराश और नाउम्मीदी से भर रहा, उसे बचा लीजिए।
आपको एक ही इंसान दोबारा नहीं मिलेगा, यहाँ तक कि उसी इंसान में भी नहीं। समय चुपचाप दिलों को बदल देता है, जहाँ शब्द काम नहीं आते, वहाँ सबक लिखे जाते हैं।
जो पहले था उसे मत ढूंढ़िए, बल्कि उस इंसान को समझिए जो समय के साथ वे बन गए हैं।
हर बदलाव किसी झेले हुए अनुभव से पैदा होता है, और हर नए रूप के पीछे एक कहानी होती है।