यह स्वतंत्र भारद्वाज है
शान से बता रहा है कि स्टूडेंट प्रोटेस्ट में प्रदर्शनकारी के पिता पर हमला किया - उन्हें 60 टांके लगे और वह मौत के कगार पर थे
307 के अंतर्गत हाफ मर्डर का मामला बनता था. लेकिन वह जेल नहीं गया - रात भर बेख़ौफ़ घूमता रहा
कपिल मिश्रा के एक फोन के बाद उसे राहत मिल गई
आगे बताता है कि कपिल मिश्रा, चिराग पासवान ही नहीं मोदी जी भी उसके “बड़े भाई” हैं, सबका समर्थन प्राप्त है
अगर पत्रकारों पर लाठी चलाने से फुर्सत मिल गई हो तो @DelhiPolice इस नफ़रती को तुरंत गिरफ्तार करो वरना इसके बयानों को लेकर आप भी सवालों के घेरे में आ रहे हैं!
क्यों चिराग पासवान जी @iChiragPaswan ,यह दो टके का चोट्टा आपका भाई है? और आपने इसे 307 से बचाया है? एक वीडियो में यह दावा तो यही कर रहा है।
अगर नहीं हैं तो इसके खिलाफ FIR कराइये या तो मान लिया जाए कि रामविलास जी के विपरीत आप मुस्लिम विरोधी हैं। मोदी के हनुमान तो पहले ही हो गए हैं।
If Swatantra Bharadwaj isn’t arrested after his own brazen admission, it will be a damning indictment of both the Delhi Police and the Union Home Ministry. Accountability cannot depend on who you are or whom you know. Shame on both.
Swatantra Bhardwaj का साथ दे रही है दिल्ली पुलिस? एक दलित का सिर फोड़ने के बाद भी ये खुलेआम धमकी दे रहा है और दावा कर रहा है कि दिल्ली पुलिस और बीजेपी के बड़े नेता उसके साथ हैं...
@vinay_sultan
मुझे आशा नहीं थी कि @RahulGandhi जी की सच में ट्वीट करेंगे अब मुझे राहुल गांधी जी जैसे बड़े नेता का साथ मिल चुका है अब मुझे न्याय मिल कर रहेगा और स्वतंत्र भारद्वाज जेल जाकर रहेंगे..
निशु, घबराने की ज़रूरत नहीं है। मैं तुम्हारे साथ हूँ।
साफ है कि तुम्हें इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि तुम अपने समुदाय और छात्रों के हक़ की आवाज़ उठाती हो।
अमित शाह की दिल्ली पुलिस एक तरफ़ छात्रों के साथ अमानवीय बर्बरता करती है। दूसरी तरफ़ एक दलित लड़की के पिता का सिर फोड़ने वाला अपराधी खुलेआम घूम रहा है।
@narendramodi जी, @AmitShah जी - ऐसे अपराधी को आपका और आपकी पार्टी के लोगों का संरक्षण क्यों है? अब भी कार्रवाई होगी या किसी को बचाते रहेंगे?
निशु, तुम्हारी लड़ाई अकेली नहीं है। हम तब तक नहीं रुकेंगे जब तक न्याय नहीं मिल जाता।
जय भीम। जय संविधान।
ये वीडियो आपको ज़रूर ज़रूर देखना चाहिए। आपका खून खौल उठेगा।
क्या भगत सिंह जैसे वीरों ने इसलिए कुर्बानी दी थी कि एक दिन देश को ऐसा प्रधान मंत्री मिलेगा जो सरे आम ऐसे गुंडों को बचाएगा?