भारत में मुस्लिम विरोधी हिंसा पर रिपोर्ट ��ा बड़ा दावा, 2026 में अब तक 44 मौतें; मई-जुलाई में 25 मुसलमान मारे गए
South Asia Justice Campaign के India Persecution Tracker के मुताबिक, मई से जुलाई 2026 के बीच भारत में 25 मुसलमान मारे गए. इनमें 10 की मौत हिंदुत्ववादी हमलावरों के हाथों हुई. रिपोर्ट के अनुसार, 2026 में अब तक कुल 44 मुसलमानों की मौत दर्ज की गई है. आंकड़ों के मुताबिक, यह साल 2022 से अब तक मुस्लिम विरोधी हिंसा में सबसे घातक साल बन सकता है.
24-Year-Old Muslim Man Dies After Alleged Assault by Kanwariyas in UP, Booked For Attempted Murder of Auto Driver
@omar7rashid writes
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Hello PM @narendramodi, This is your Minority leader doing press conference and openly asking 120 crore Hindus to boycott Indian Muslims in Private Jobs and Govt jobs. Not one News Channel stopped her and called her out for spreading hate. That's how normalised it is to spread hate in India. Not just right wing associations, but BJP is openly giving out a press statement asking Hindus to economically and socially boycott Muslims and the media isn't bothered, instead, they are happy to amplify her.
मूत और हग दिया मेरिट ने —एक विधवा मां ने अपनी 14 साल की मानसिक रूप से अस्वस्थ बेटी के टूटे पैर के इलाज के लिए जिलाधिकारी से मुफ्त इलाज का आदेश कराया था।
इसके बावजूद जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने ₹25,000 की मांग की। ज�� मां सिर्फ ₹8,000 ही दे पाई, तो पैसे कम होने से नाराज आर्थोपेडिक सर्जन डॉ. पी. के. चतुर्वेदी ने जांच के बहाने बच्ची का पैर जबरन मोड़कर उसकी हड्डी दोबारा तोड़ दी।
डॉक्टरों ने संवेदनहीनता की हद पार करते हुए कहा कि “लड़की पागल है, मर भी गई तो क्या हुआ?” सरकारी तंत्र और डॉक्टरों की यह क्रूरता बेहद खौफनाक है। ऐसे दोषियों को तुरंत जेल भेजा जाना चाहिए।
HSI Omaha agents arrested Kavan Kumar Patel, an illegal alien from India, sentenced to 120 months in prison for sex trafficking of a minor. The conviction is part of a larger HSI sex trafficking investigation involving multiple defendants using hotels to sex traffic minors.
भयानक: राजस्थान के जैसलमेर में 500 गायों के शव कचरे की तरह सड़ने के लिए छोड़ दिए गए।
इस घटना के बाद लोगों ने सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। उनका कहना है कि देश में ���ाय के नाम पर मुस्लिम समुदाय के लोगों की मॉब लिंचिंग और हिंसा की घटनाएं सामने आती रहती हैं, लेकिन जब आवारा गायें सड़कों पर कूड़ा खाती दिखाई देती हैं या बड़ी संख्या में गायों के शव इस तरह सड़ने के लिए छोड़ दिए जाते हैं, तब अधिकांश हिंदू संगठन इसके खिलाफ सड़कों पर क्यों नहीं उतरते?
राजस्थान में जैसलमेर की कचरा डंपिंग साइट पर रविवार को करीब पांच सौ से ज्यादा की संख्या में गायों के सड़े हुए शव मिलने के वीडियो सामने आया है. डंपिंग यार्ड में नगरपरिषद के मृत पशुओं के अधिकृत हड्डी ठेकेदार द्वारा इन मरी हुई गायों के शवों के निस्तारण न करने से आमजन में नाराजगी का माहौल व्याप्त है.
उधर, ज��सलमेर जिला कलेक्टर अनुपमा जोरवाल ने इस संबंध में मामले को गंभीरता से लेते हुए फैक्चुअल रिपोर्ट मांगी है. इसके अलावा नगरपरिषद कमिश्नर लजपाल सिंह सोढा ने भी इस मामले में संज्ञान लेते हुए यार्ड के मृत पशुओं के ठेकेदार को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है. फिलहाल नगरपरिषद ने मृत पशुओं को डंपिंग यार्ड से हटाकर निस्तारण कर दिया है.
पूरी ख़बर: https://t.co/Na7xiAtI9r
#Rajasthan #Jaisalmer #AajtakSocial #ATCard
देश में कई क्षेत्रीय पार्टियाँ समय के साथ कमजोर हुई हैं।
कहीं गठबंधन की राजनीति ने नुकसान किया, कहीं नेतृत्व संकट ने, कहीं वोट बैंक खिसक गया।
हर हार का कारण सिर्फ एक पार्टी से हाथ मिलाना नहीं होता, राजनीति उससे कहीं ज्यादा जटिल है।
सवाल - अब गिरावट किसकी होगी, और अगला उभार किसका?
पंजाब में शिरमोणी अकाली दल - खत्म
बिहार में JDU(जनता दल यूनाइटेड ) - खत्म
महाराष्ट्र में शिवसेना ( उद्धव ) - खत्म
हरियाणा में जे जे पी (JJP ) - खत्म
उत्तर प्रदेश में बहुजन समा�� पार्टी - खत्म
जम्मू कश्मीर में पीडीपी ( महबूबा ) - खत्म
आंध्र प्रदेश में YSR कांग्रेस - खत्म
बिहार में LJP ( लोजपा ) लगभग खत्म
उत्तर प्रदेश में RLD ( लोक दल ) - खत्म
हरियाणा में INLD ( इनेलो ) - खत्म
कर्नाटक में JDS जनता दल सेक्युलर - खत्म
इन सभी पार्टियों में एक बात ही कॉमन है,
वो ये कि ये सब बीजेपी के साथ प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े हुए थे.
सब इस टाइम विलुप्त प्रजाति बन चुके हैँ
जिससे भी हाथ मि��ाया, उसको ही डुबाया.
आपके हिसाब से और कौन कौन सी पार्टियां इनके साथ जुड़ी हुईं हैँ जिनका सफाया निश्चित है.
बोलिये???
स्मार्ट मीटर से परेशान युवती ने तोड़ा मीटर
युवती का कहना है कि, जब से य��� मीटर लगा है बिजली बिल ज़्यादा आ रही है ।
लोग इतना विरोध कर रहे है लेकिन सरकार इस पर विचार करने का नाम ही नहीं ले रही है।
आम मानुष को इस मीटर के लगने से कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है।
@news24tvchannel It’s really shameful, I am surprised with sorrow that instead of visiting some poor Dalit colony to understand their plight and to make some way for their upliftment, he has opted to visit a parson who is spreading superstitious things amongst the people.
@WasimAkramTyagi@myogiadityanath अगर सवाल पुलिस से करना गुनाह है तो होगा क्योंकि राहुल का एनकाउंटर हो अब सोच कर देखिए अगर लड़की हिन्दू नाम वाली होती और लड़का मुस्लिम नाम वाले होते तो अब तक पुलिस उनके घर तोड़ कर एनकाउंटर कर देती पर पुलिस साख की बात अगर नही किया राहुल का घर बुल्डोज तो समझो कि पुलिस पक्षपात करती है