@ANI@BansuriSwaraj Aap elected representative ho ke bhi Malviya Nagar fire site pe nahi gayi, lekin Ayappa temple mein Amit Shah ji se pehle gayin hai.
*Priorities*
@AmitShah@PMOIndia aise jan-pratinidhi party aur sarkar dono ki chhavi dhumil karte hain.
@ajeetbharti
@bharatsuraj01 सवाल है कि 5 मंजिला इमारत बनी कैसे? NCR को छोड़ दीजिए, और जरा सोचिए दिल्ली शहर में इस तरीके से अवैध फ्लोर की परमिशन है क्या? अगर इस वक्त ये जरूरी सवाल मीडिया नहीं उठा रही, तो समझ लीजिए आने वाले वक्त में ऐसी घटनाएं और बढ़ेंगी।
@OpIndia_in@pujaranaa इस संस्थान के प्रिंसिपल और गवर्निंग बॉडी चेयरपर्सन बनकर बैठे बिशप को यह एहसास दिलाना बहुत जरूरी है कि माइनॉरिटी राइट्स की आड़ में ये गंदा खेल खेलने का अधिकार आपको कतई नहीं है। न्यायपसंद लोगों से अपील है कि सेंट स्टीफेंस की मनमानी के खिलाफ एकजुटता से आगे आएं।
@RajatSharmaLive
@SachdevaAmita
Please raise your voice against this issue also. Many deserving and long serving candidates have been displaced to bring in mostly undeserving Christian candidates. All the displaced candidates are Hindus.
दिल्ली के सेंट स्टीफेन्स कॉलेज पर गंभीर आरोप लग रहे हैं। कमाल की बात यह है कि, देश की राजधानी में यह कॉलेज इस तरह की मनमानी कर रहा है और उस पर कोई नियन्त्रण, नियमन नहीं हो पा रहा है। नियुक्तियों में जिस तरह से हिन्दू अध्यापकों को विद्यालय से बेदखल करने के आरोप हैं, बेहद गंभीर हैं। अल्पसंख्यक दर्जा वाले विद्यालयों की ऐसी मनमानी का समाचार पहली बार नहीं आया है।
दिल्ली के सेंट स्टीफेन्स कॉलेज पर गंभीर आरोप लग रहे हैं। कमाल की बात यह है कि, देश की राजधानी में यह कॉलेज इस तरह की मनमानी कर रहा है और उस पर कोई नियन्त्रण, नियमन नहीं हो पा रहा है। नियुक्तियों में जिस तरह से हिन्दू अध्यापकों को विद्यालय से बेदखल करने के आरोप हैं, बेहद गंभीर हैं। अल्पसंख्यक दर्जा वाले विद्यालयों की ऐसी मनमानी का समाचार पहली बार नहीं आया है।
@Vishnu_Jain1 सेंट स्टीफेंस कॉलेज में हो रहे अन्याय पर आवाज उठाइए। हाई कोर्ट के आदेश के बावजूद चर्च के बिशप और कॉलेज के प्रिंसिपल का एडहॉक शिक्षकों पर अत्याचार जारी है।
https://t.co/Nmx4wGlvYo
Minority - Majority Division must be abolished immediately
Otherwise Minority must be defined
Unit of Minority can be Hundred, Thousand or Lac but cannot be Crore
Any Group which is more than 1% of total population, can’t be considered as a Minority
@PMOIndia@narendramodi
Minority - Majority Division must be abolished immediately
Otherwise Minority must be defined
Unit of Minority can be Hundred, Thousand or Lac but cannot be Crore
Any Group which is more than 1% of total population, can’t be considered as a Minority
@PMOIndia@narendramodi
@Profdilipmandal क्या है शिक्षा के सामाजिक विभाजन का क्रिश्चियन मिशनरी फार्मूला? आप सेंट स्टीफेंस का मुद्दा उठाइए प्लीज़।
#StStephensClg#NEET#NTA
https://t.co/Nmx4wGlvYo
Minority - Majority Division must be abolished immediately
Otherwise Minority must be defined
Unit of Minority can be Hundred, Thousand or Lac but cannot be Crore
Any Group which is more than 1% of total population, can’t be considered as a Minority
@PMOIndia@narendramodi
@Profdilipmandal सरकार के बाहर रहकर अपने सेंट स्टीफेंस कॉलेज पर कई सवाल उठाया। अब बारी है सरकार का ध्यान अन्दर से दिलाने की। उम्मीद है सरकार के एक महत्वपूर्ण मंत्रालय के सलाहकार होने के नाते सेंट स्टीफेंस में वर्षों से कार्यरत प्रोफेसरों के साथ हो रहे अन्याय पर आप सरकार का ध्यान दिलाएंगे।
दिल्ली के सेंट स्टीफेन्स कॉलेज पर गंभीर आरोप लग रहे हैं। कमाल की बात यह है कि, देश की राजधानी में यह कॉलेज इस तरह की मनमानी कर रहा है और उस पर कोई नियन्त्रण, नियमन नहीं हो पा रहा है। नियुक्तियों में जिस तरह से हिन्दू अध्यापकों को विद्यालय से बेदखल करने के आरोप हैं, बेहद गंभीर हैं। अल्पसंख्यक दर्जा वाले विद्यालयों की ऐसी मनमानी का समाचार पहली बार नहीं आया है।
दिल्ली के St. Stephen's College पर लग रहे आरोप बेहद गंभीर और चिंताजनक हैं।
देश की राजधानी में स्थित एक प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान पर यदि नियुक्तियों में भेदभाव और मनमानी के आरोप लगते हैं, तो यह केवल एक कॉलेज का मुद्दा नहीं रह जाता — यह शिक्षा व्यवस्था की निष्पक्षता और संवैधानिक मूल्यों पर भी सवाल खड़े करता है।
आरोप हैं कि नियुक्ति प्रक्रिया में कुछ समुदायों के शिक्षकों को व्यवस्थित रूप से बाहर किया जा रहा है। यदि इसमें सच्चाई है, तो इसकी निष्पक्ष और पारदर्शी जांच होनी ही चाहिए।
अल्पसंख्यक दर्जा किसी भी संस्थान को जवाबदेही से ऊपर नहीं बना सकता।
शिक्षा संस्थानों का आधार योग्यता, समान अवसर और न्याय होना चाहिए — न कि पक्षपात।
सरकार और नियामक संस्थाओं को इस विषय पर स्पष्ट और निष्पक्ष कार्रवाई करनी चाहिए ताकि देश के छात्रों और शिक्षकों का विश्वास बना रहे।
#StStephensCollege #EducationSystem #Delhi #Teachers #EqualOpportunity #India