बाबू वीर कुंवर सिंह जी की तरह
स्वाभिमान
शेरशाह सूरी जी के जैसा सुशासन
भोला पासवान शास्त्री जी जैसी ईमानदारी
पूर्णिया में पप्पू यादव की राजनीति का दर्शन है
पूर्णिया मेरी मां है, उनका ज़बरदस्त स्नेह आशीर्वाद मिल रहा है! इससे चिढ़ो नहीं मेरे भाई!
पूर्णिया लोकसभा क्षेत्र का यह उमंग, उत्साह
उन्हें नकारा सांसद से मुक्ति दिलाकर रहेगा।
कितन��� नफ़रत ईर्ष्या है पूर्णिया से
कितना डर है पूर्णिया के बेटे से
पहले मेरी राजनीतिक हत्या करने की
कोशिश की, पूर्णिया की जनता ने मुझे बचाया
तो बदहवासी में निजी हमला कर रहे हैं
दावा बीजेपी से लड़ने का करते हैं
लेकिन उसके ख़िलाफ़ एक शब्द नहीं बोले
महोदय, आप क्या राहुल गांधी जी की
मदद करेंगे? आप भाजपा से डर रहे हैं
राहुल गांधी जी भाजपा से लड़ रहे हैं।
पप्पू यादव नेता नहीं, पूर्णिया का बेटा है
बड़े बुजुर्गों, युवाओं, मां-बहनों का यह
उमंग, उत्साह, आशीर्वाद ही मेरी ताक़त
ज़िंदाबाद पूर्णिया, जांबाज़ बेमिसाल पूर्णिया
पूर्णिया से पप्पू यादव ने निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर अपना नामांकन किया । नामांकन करने के बाद पप्पू यादव ने सीधे तौर पर कहा कि, गरीबी मिटना ही मेरा संकल्प है... पढ़े लिखे बेटी-बेटियों के लिए रोजगार के अवसर खड़ा करना ही मेरा मकसद है ।
#Bihar#Purnia@pappuyadavjapl
#LokSabhaElection2024
'सब उनकी मां बने और वो (पप्पू यादव) बेटा बनकर सेवा करें।'
पूर्णियाँ से चुनाव लड़ने पर अड़े पप्पू यादव की मां शांति प्रिया से न्यूज 18 ने की खास बातचीत।
बिहार में कब तक आयातित और बैसाखी की राजनीति चलती रहेगी... ? चुनाव आते ही दूसरे दलों से नेताओं को आयात करके पार्टी में शामिल कराना और हाथ के हाथ टिकट देकर पुरष्कृत करना, प्रदेश में अब पुराना रिवाज हो गया है। प्रदेश का वर्तमान नेतृत्व उसी रिवाज को आगे बढ़ा रहा है...👇
हा��� ही में पप्पू यादव और अजय निषाद को शामिल करवाया गया। दोनो चुनाव लड़ने वाले हैं। खबर है की अब छेदी पासवान और अरुण कुमार सिंह भी शामिल होने के कतार में लगे हैं।
ऐसे में मूल प्रश्न ये है की क्या बिहार कांग्रेस में 9 ऐसे नेता नही बचे हैं जो इस गठबंधन में भी चुनाव जीत सकते हैं? या फिर सुनियोजित तरीके से साजिशन प्रदेश के खांटी कांग्रेसी नेताओं का हक मारके अपने निहित स्वार्थ में आयातित लोगों को बुलाकर टिकट दिया जा रहा है...?
सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश
इसका स्वतः संज्ञान लें! उनके
दिशा-निर्देश में निष्पक्ष जांच हो।
कई दिन से वह आरोप लगा रहे थे
उन्हें धीमा ज़हर दिया जा रहा है
उनके सांसद भाई ने भी यह आरोप
लगाया गया था। देश की संवैधानिक
व्यवस्था के लि�� अमिट कलंक!