अन्ना की पोती 15 महीने की है मोदीजी की पूजा करती है।
एक्चुअली ऐसा करके अपने नाना/दादा जी का करियर सेट करना चाहती है।
अजय अक्षय रणवीर सबको कुछ न कुछ मिल रहा है ये वंचित रह गए थे।
मोदीजी एकबार पूछ लीजिए- अन्ना इतनी चापलूसी क्यों। बताओ क्या चाहिए।
📍 मोहाली, पंजाब | 22 जून
भीड़ द्वारा नाज़िर अहमद की पीट-पीटकर हत्या के मामले में उम्रकैद की सज़ा पाए 14 दोषियों की रिहाई की मांग को लेकर गौ रक्षा परिषद ने प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान फैसला सुनाने वाली जज तबस्सुम खान का पुतला जलाया गया, "तबस्सुम बेगम मुर्दाबाद" के नारे लगाए गए और 14 दोषियों की रिहाई की मांग की गई।
जब हत्यारों के समर्थन में भीड़ सड़कों पर उतरे, न्याय देने वाले जज का पुतला जलाया जाए, उन्हें उनकी धार्मिक पहचान से निशाना बनाकर "मुल्ली" कहा जाए और खुलेआम डराने-धमकाने की कोशिश की जाए, तो यह सिर्फ एक विरोध नहीं, बल्कि न्यायपालिका और कानून के राज को खुली चुनौती है।
क्या ऐसा किसी और लोकतंत्र में संभव है, या सिर्फ भारत में ही न्याय देने वाले जजों को इस तरह निशाना बनाया जाता है?
गाजियाबाद मे आफताब को चाकू मारकर हत्या कर दी गई न्याय के लिए मुस्लिम समाज के लोग सड़क पे उतरे तो पुलिस महोदय गंदी गंदी गालियां दे सबको भगाने लगे
वहीं हमने हिंदुवादी संगठनो के लोगों को न्याय के लिए थाने का घेराव करते देखा है हनुमान चालीसा पढ़ते देखा है पुलिस को सियार बनते देखा है
सड़क पर नमाज पढ़ना मुद्दा होना ही नहीं चाहिए, कोई क्यों भला चाहेगा कि वह ईद की नमाज सड़क पर पढ़े, वह तो इसलिए हो रहा क्योंकि मस्जिद में जगह नहीं है।
फिर यह तो एक दिन की बात होती है, हमारे देश में ज्यादातर धार्मिक आयोजन तो सड़क पर होते हैं, मैं प्रयागराज से हूं, यहां सावन में प्रयागराज से बनारस जाने वाले हाईवे का एक हिस्सा पूरे महीने कांवड़िओं के लिए रिजर्व कर दिया जाता है, नवरात्रि में पूरे प्रदेश में कई जगहों पर सड़क लाक हो जाती है।
मेरी बेटी ने मुझसे बोला कि पापा हमें कॉलेज वाले छावा मूवी दिखाने के लिए लेकर जायेंगे..
मैंने मना कर दिया....
क्योंकि मैं अपने बच्चों को ऎसी कोई प्रॉपगेंडा मूवी नहीं देखने दूंगा जो गलत तथ्य के साथ सिर्फ मुसलमानो से नफ़रत करना सिखाती हो..
सही किया ना मैंने..????
90 लाख भारतीय मध्य पूर्व में काम करते हैं, जिनमें से अधिकांश खाड़ी देशों में रहते हैं.
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) : में लगभग 35.54 लाख भारतीयों काम करते हैं.
सऊदी अरब : लगभग 25.9 लाख भारतीयों के साथ दूसरा सबसे लोकप्रिय गंतव्य है.
कुवैत : यहां करीब 10.2 लाख भारतीय हैं.
कतर: यहां करीब 7.4 लाख भारतीय हैं.
ओमान: यहां करीब 7.7 लाख भारतीय हैं.
बहरीन: यहां करीब 3.2 लाख भारतीय हैं.
भारत में करोड़ परिवारों की रोजी रोटी सऊदी दुबई क़तर आदि मिडिल ईस्ट देशों के कमाई के सहारे चलती है.
अगर इन देशों के शेख हर भारतीय को काम देने या वेतन देने पर जबरन अल्लाह हूँ अकबर बोलने को मजबूर करेंगे तब कैसे लगेगा ?
मुंबई के टाटा कैंसर अस्पताल के बाहर 20 रुपए का खाना बाटने पर एक शख्स गरीब मुस्लिम को खाना देने के बदले जय श्रीराम बोलने को मजबूर कर रहा था.
इस विषय पर मित्रों आप लोगों को क्या मत है ?
@JaikyYadav16 इस देश में क्या जातिवाद मुसलमानों ने फैलाया..?
छुवाछूत को बढ़ावा क्या मुसलमानों ने दिया...?
मंडल कमीशन का विरोध क्या मुसलमानों ने किया...?
किसी मुसलमानों के संगठन ने ऐसा कभी कहा कि हम संविधान नही मानते हम तिरंगा नही लगाएंगे...?
कुछ घंटों में प्रशासन ने इस आलीशान कोठी और गाड़ियों को इसलिए मलबे में बदल दिया क्योंकि मालिक मुसलमान था, कोर्ट के होने से कुछ नही होता यदि वाकई कोर्ट है तो नफऱत का शिकार बनाने वाली बुलडोज़र कार्रवाई पर तुरंत स्वतः संज्ञान लेना चाहिए ,जब तक आला अधिकारियों से मकानों और अन्य प्रोपर्टी की रक़म की वसूली नही होगी तब तक अधिकारी नेताओं के आदेशों को मान लोगों को बेघर करते रहेंगे, नागरिकों को सड़क पर लाते रहेंगे, नेताओं के दबाव में काम करने वालों को ऐसी हाय लगेगी कि सिर छुपाने के लिए आसमान और जिस्म छुपाने के लिए दो ग़ज़ ज़मीं भी ना मिलेगी!
@Iproud108@aajtak Han to us ke nam se kya farq padta hai...... is ko bhi or har ek balatkari ko saza dilwao..... hum konsa balatkariyon k swagat me mala le kar khade hain.....